शनिवार , दिसम्बर 05 2020 | 10:47:21 AM
Breaking News
Home / राज्य / उत्तरप्रदेश / निलंबित विधायकों अखिलेश से मिल मायावती पर लगाया पैसों की लालची होने का आरोप

निलंबित विधायकों अखिलेश से मिल मायावती पर लगाया पैसों की लालची होने का आरोप

लखनऊ (मा.स.स.). बसपा से निलंबित किए गए कुछ विधायकों ने सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव से फिर मुलाकात की। माना जा रहा है कि बसपा के कुछ और विधायक सपा अध्यक्ष से मिल सकते हैं। वहीं बसपा सुप्रीमो मायावती ने सपा से लोकसभा चुनाव में गठबंधन और गेस्ट हाउस कांड का मुकदमा वापस लेने को बड़ी गलती बताते हुए कहा कि चुनाव बाद कई बार अखिलेश यादव को फोन किया, लेकिन उन्होंने जवाब नहीं दिया। इसके बाद मजबूरी में सपा से अलग चलने का फैसला करना पड़ा।

दोपहर में अखिलेश से मिलने पहुंचे विधायकों ने कहा कि बसपा में को-ऑर्डिनेटर कुर्क अमीन की तरह हैं। उनका काम सिर्फ पैसा जमा कराना है। वर्ष 2022 के चुनाव के लिए अभी से कलेक्शन शुरू हो गया है। कभी संगठन के नाम पर वसूली होती है तो कभी किसी दूसरे बहाने से। 15 जनवरी को मायावती के जन्मदिन का लक्ष्य अलग है। भिनगा (श्रावस्ती) के विधायक असलम राइनी व धौलाना (हापुड़) के विधायक असलम अली चौधरी ने खासतौर पर बसपा की रीति-नीति की जानकारी दी।

मायावती ने ये भी कहा कि पार्टी प्रत्याशी रामजी गौतम का प्रस्तावक होने से इनकार करने वाले 4 विधायकों समेत 7 विधायकों पर कार्रवाई करते हुए कहा कि इन्हें अब पार्टी के किसी भी कार्यक्रम में नहीं बुलाया जाएगा। इनके खिलाफ दलबदल कानून के तहत कार्रवाई की जाएगी और भविष्य में कोई चुनाव नहीं लड़ाया जाएगा। इन निलंबित विधायकों के स्थान पर इन्हीं की जाति, धर्म व समाज के लोगों को टिकट दिया जाएगा। मुस्लिम समाज व अन्य को बढ़ावा मिलता रहेगा।

मित्रों,
मातृभूमि समाचार का उद्देश्य मीडिया जगत का ऐसा उपकरण बनाना है, जिसके माध्यम से हम व्यवसायिक मीडिया जगत और पत्रकारिता के सिद्धांतों में समन्वय स्थापित कर सकें। इस उद्देश्य की पूर्ति के लिए हमें आपका सहयोग चाहिए है। कृपया इस हेतु हमें दान देकर सहयोग प्रदान करने की कृपा करें। हमें दान करने के लिए निम्न लिंक पर क्लिक करें -- Click Here


* 1 माह के लिए Rs 1000.00 / 1 वर्ष के लिए Rs 10,000.00

Contact us

Check Also

पश्चिम उत्तर प्रदेश में भी नहीं दिख रहा किसान आंदोलन का असर

लखनऊ (मा.स.स.). कृषि कानूनों के विरोध में दिल्ली सीमा पर किसान जमे हैं और किसान …

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *