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मायावती को फिर याद आया उ.प्र. में अखिलेश यादव का राज

लखनऊ (मा.स.स.). उत्तर प्रदेश में ब्लॉक प्रमुख चुनाव में हुई हिंसा को लेकर राजनीति गर्म हो गई है। पूर्व सांसद पप्पू यादव ने अखिलेश यादव पर हमला बोला है, पप्पू यादव के बाद मायावती ने भी अखिलेश यादव और भाजपा पर हमला बोला है। शुक्रवार को बसपा सुप्रीमो मायावती ने कहा है कि पंचायत चुनाव में भाजपा द्वारा जिला पंचायत अध्यक्ष, ब्लॉक प्रमुख के चुनाव के दौरान सत्ता व धनबल का दुरुपयोग किया। हिंसा हुई जो सपा शासन की ऐसी अनेक यादें ताजा करती है इसलिए बसपा ने इन दोनों अप्रत्यक्ष चुनावों को नहीं लड़ने का फैसला लिया।

अब यूपी विधानसभा का चुनाव निकट है तब भाजपा सरकार के खिलाफ सपा जो जुबानी विरोध में आक्रामकता दिखा रही है वह घोर छलावा है। अविश्वसनीय है। सपा के भी ऐसे ही शासनकाल को जनता नहीं भूली है। उन्होंने कहा कि बात बात पर हल्ला बोल के तेवर वाली सपा यहां के गरीबों, किसानों में बेरोजगार आदि के अधिकारों तथा दलितों पिछड़ों व मुस्लिम समाज के ऊपर हो रहे अत्याचारों, हिंसा आदि पर क्यों निष्क्रिय रही है यह भी सोचने की बात है। गौरतलब है कि उत्तर प्रदेश में ब्लॉक प्रमुख चुनाव में हुई हिंसा को लेकर पूर्व सांसद पप्पू यादव ने ट्वीट कर कहा कि ‘बाबू अखिलेश यादव जी, आप से न हो पाएगा, सड़क पर संघर्ष। इतनी बड़ी पार्टी, इतना संसाधन हो तो बीजेपी वालों की गुंडई और ढोंगी के दु:शासन का होश ठिकाने लगा देता। एक बहन का बीच सड़क पर चीरहरण और आप आराम से बैठे हो। जेल से निकलता हूं, संघर्ष के लिए पार्टी आउटसोर्स कर दीजिएगा। फिर दिखाता हूं।

गौरतलब है कि लखीमपुर में ब्लॉक परिसर में नामांकन के दौरान गुरुवार को सपा समर्थित महिला प्रत्याशी रितु सिंह और उनकी प्रस्तावक से पुलिस के सामने बदसलूकी की गई। रितु ने भाजपा कार्यकर्ताओं पर आरओ के कक्ष में नामांकन पत्र फाड़ने का आरोप लगाया है। उनका कहना है कि भाजपा की सांसद रेखा वर्मा और पुलिस की मौजूदगी में उन दोनों के कपड़े तक फाड़ दिए गए। घटना के बाद डीएम और एसपी मौके पर पहुंचे और मुआयना किया। डीएम ने इस मामले में संयुक्त जांच के आदेश दिए हैं। पसगवां ब्लॉक में गुरुवार को तीन प्रत्याशी नामांकन पत्र दाखिल करने पहुंचे, जिनमें भाजपा सांसद रेखा वर्मा की करीबी व पार्टी की प्रत्याशी कु. शिखा सिंह और सांसद रेखा वर्मा की मां व निवर्तमान प्रमुख उर्मिला ने पर्चा दाखिल किया। जब सपा समर्थित प्रत्याशी रितु सिंह नामांकन कराने पहुंचीं तो गेट के बाहर ही खड़े लोगों ने रितु सिंह की प्रस्तावक अनीता यादव का हाथ पकड़कर उनसे बदसलूकी करते हुए उन्हें रोक लिया। इस बीच रितु सिंह के साथ में मौजूद सपा नेता क्रांति सिंह को कुछ लोग पकड़कर बाहर खींच ले गए, जबकि तमाम अन्य लोग ब्लॉक परिसर में मौजूद थे। सपा समर्थित प्रत्याशी रितु सिंह को नामांकन कक्ष में जाने से रोकने के लिए उनसे मारपीट और छीना झपटी की गई।

सेमरा जानीपुर थाना पसगवां की रहने वाली रितु सिंह ने एसपी को तहरीर देते हुए कहा है कि वे गुरुवार को जब नामांकन कराने जा रही थीं तो भाजपा समर्थकों ने उन्हें और उनकी प्रस्तावक अनीता यादव को रोकते हुए उन दोनों की साड़ी खींची और दुर्व्यवहार किया। इस दौरान दोनों के कपड़े तक फट गए। रितु सिंह ने आरोप लगाया है कि उनका बैग भाजपा कार्यकर्ता बृज सिंह निवासी जेबी गंज व यश वर्मा निवासी मकसूदपुर ने छीन लिया, जिसमें 7500 रुपये और जेवर थे। छीना छपटी में उनके कान के झाले आरोपियों ने नोच लिए।

रितु सिंह का कहना है कि किसी तरह वह और प्रस्तावक वहां से बचकर नामांकन कक्ष में दाखिल हुईं और अपना पर्चा जमा किया। आरोप है कि आरओ से नामांकन पत्र छीनकर भाजपा कार्यकर्ताओं ने उसे फाड़ दिया और उन्हें नामांकन नहीं करने दिया गया। बताया कि जब उनका हाल जानने एमएलसी शशांक यादव, डॉ. आरए उस्मानी और डॉ. जुबेर आदि मौके पर पहुंचे तो उन्हें बीच रास्ते में ही रोक कर भाजपा कार्यकर्ता हिंसा पर आमादा हो गए। मौके पर पुलिस प्रशासन के अधिकारी और भाजपा सांसद व राष्ट्रीय उपाध्यक्ष रेखा वर्मा तथा मोहम्मदी विधायक लोकेंद्र प्रताप सिंह मौजूद थे, लेकिन पुलिस ने उनकी कोई मदद नहीं की।

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