शुक्रवार , सितम्बर 24 2021 | 03:16:58 PM
Breaking News
Home / राष्ट्रीय / गांव और किसानों पर प्रश्नों के उत्तर देने के लिए तो सदन चलने दो : नरेंद्र सिंह तोमर

गांव और किसानों पर प्रश्नों के उत्तर देने के लिए तो सदन चलने दो : नरेंद्र सिंह तोमर

नई दिल्ली (मा.स.स.). प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के निर्देशों का लोकसभा में बीजेपी सांसदों पर असर आज साफ-साफ दिखा जब कृषि मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर ने हंगामा कर रहे विपक्षी नेताओं से कहा कि उनकी हरकतों को जनता देख रही है। उधर, लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने भी विपक्ष को समझाने के दौरान कहा कि जनता सबकुछ देख रही है। पीएम मोदी ने संसद में विपक्ष के रवैये पर मायूसी जताते हुए बीजेपी सांसदों को जनता के बीच विपक्ष के कारनामों को उजागर करने की निर्देश दिया है। पीएम ने कहा कि विपक्ष न बातचीत के टेबल पर आ रहा है और न ही सदन ही चलने देता है। यह बात जनता को जाननी चाहिए। पीएम ने ये बातें संसद भवन में बीजेपी संसदीय दल की मीटिंग में कहीं।

इसके बाद लोकसभा की कार्यवाही के दौरान केंद्रीय कृषि मंत्री नरेंद्र तोमर बोलने के लिए खड़े हुए तो भी विपक्षी सांसदों का हंगामा नहीं रुका। इस पर तोमर विपक्षी सांसदों को किसानों और जनता का वास्ता देते दिखाई दिए। उन्होंने कहा, ‘मैं विपक्षी सदस्यों को कहना चाहता हूं कि आज की कार्यसूची में गांव और किसान से संबंधित 15 से अधिक प्रश्न चर्चा के लिए हैं।’ तोमर ने आगे कहा, ‘विपक्षी सदस्य अगर किसानों के बारे में थोड़ा सा भी दर्द रखते हैं, थोड़ी सी वफादारी रखते हैं, तो उन्हें शांति बनाकर अपने स्थान पर रहना चाहिए। इन प्रश्नों के माध्यम से अपना विषय रखना चाहिए। सरकार का जवाब सुनना चाहिए। इस प्रकार का हो हल्ला जो हो रहा है, इससे सदन की गरिमा भी नष्ट हो रही है। जनता का भी नुकसान हो रहा है। विपक्षी दलाों का किसानों के प्रति जो चरित्र है, वह भी दृष्टिगोचर हो रहा है।’

उधर, स्पीकर ओम बिरला भी यह कहते हुए सुने गए, ‘माननीय सदस्यगण सदन में नारेबाजी के लिए कॉम्पिटिशन मत करो। जनता की समस्याओं में बोलने के लिए कॉम्पिटिशन करो। आप नारेबाजी में कॉम्पिटिशन कर रहे हैं। जनता देख रही है। आप जनता की समस्याओं और अभाव के समर्थन में कॉम्पिटिशन करो।’ केंद्रीय मंत्री अर्जुनराम मेघवाल ने बताया कि आज प्रधानमंत्री ने अपने भाषण में आजादी के 75 साल पर कहा कि इस अवसर पर जनता ने हमें आशीर्वाद दिया है। जन-जन के दिल में और दिमाग में यह भाव उत्पन्न करने का अवसर है कि मैं देश के लिए कुछ करूं। उन्होंने कहा, ‘2047 में आजादी के 100 साल पूरे होंगे तब देश कहां पहुंच सकता है, इसके बारे में जनता से विचार लें। हर विधानसभा क्षेत्र में 2 कार्यकर्ताओं की जोड़ी बने जो 75 गांवों का दौरा करके एक कैप्सूल तैयार करे कि डिजिटल लिटरेसी से देश कहां तक पहुंचा और कहां तक पहुंच सकता है।’

वहीं, सरकार का कहना है कि वो हर मुद्दे पर बातचीत को तैयार है, बशर्ते विपक्ष संसदीय नियमों और प्रक्रियाओं का पालन करे। केंद्रीय अल्पसंख्यक कल्याण मंत्री और राज्यसभा में बीजेपी के उप नेता मुख्तार अब्बास नकवी ने कहा, ‘हमने विपक्षी नेताओं से बातचती की थी और कहा था कि हम उनके हर मुद्दे पर बातचीत को तैयार हैं। उम्मीद है कि विपक्ष नोटिस देकर उसपर सभापति और अध्यक्ष को विचार करने देगा कि किस नियम के तहत, कब चर्चा करवानी है।’

मित्रों,
मातृभूमि समाचार का उद्देश्य मीडिया जगत का ऐसा उपकरण बनाना है, जिसके माध्यम से हम व्यवसायिक मीडिया जगत और पत्रकारिता के सिद्धांतों में समन्वय स्थापित कर सकें। इस उद्देश्य की पूर्ति के लिए हमें आपका सहयोग चाहिए है। कृपया इस हेतु हमें दान देकर सहयोग प्रदान करने की कृपा करें। हमें दान करने के लिए निम्न लिंक पर क्लिक करें -- Click Here


* 1 माह के लिए Rs 1000.00 / 1 वर्ष के लिए Rs 10,000.00

Contact us

Check Also

भारत सरकार के दबाव में ब्रिटेन ने कोविशील्ड वैक्सीन को दी मान्यता, लेकिन अभी दिक्कत बाकी

नई दिल्ली (मा.स.स.). भारत की ओर से बनाया दबाव काम कर गया है। ब्रिटेन ने …

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *