शनिवार, अगस्त 15 2026 | 06:45:16 AM
Breaking News
Home / मनोरंजन / अनुमति को नजरअंदाज करना गायक हार्डी संधू को पड़ा महंगा, हिरासत में लिए गए

अनुमति को नजरअंदाज करना गायक हार्डी संधू को पड़ा महंगा, हिरासत में लिए गए

Follow us on:

चंडीगढ़. पंजाब के फेमस सिंगर और बॉलीवुड अभिनेता हार्डी संधू को शनिवार शाम सेक्टर 34 में एक फैशन शो में उनके प्रदर्शन से ठीक पहले चंडीगढ़ पुलिस ने हिरासत में ले लिया. बताया गया कि हिरासत का कारण संधू के बिना अनुमति के लाइव प्रदर्शन करना था. फैशन शो में केवल संगीत बजाने की अनुमति थी, लेकिन संधू ने गाना शुरू कर दिया, जिसके कारण उन्हें हिरासत में ले लिया गया. हालांकि, चीजें तब तेजी से बदल गईं, जब आयोजकों ने फैशन शो और संगीत प्रदर्शन के लिए आवश्यक परमिशन दिखा दिए. बाद में संधू को रिहा कर दिया गया, लेकिन इससे पहले कि घटना ने उन्हें और आयोजकों दोनों को परेशान कर दिया था. उन्होंने इस मामले को उच्च अधिकारियों के सामने भी उठाया है.

कौन हैं हार्डी संधू

गौरतलब है कि संधू ने नोरा फतेही पर फिल्माए गए अपने गाने “नाह” से भारी लोकप्रियता हासिल की है और उन्होंने “83” और “कोड नेम: तिरंगा” जैसी फिल्मों से बॉलीवुड में भी नाम कमाया है. बचपन से ही क्रिकेटर बनने का सपना देखने वाला एक नौजवान कब सिंगिंग तक पहुंच गया शायद उसे भी यह अंदाजा नहीं था. 6 सितंबर 1986 को पंजाब के पटियाला में जन्मे संधू ने अपने जीवन में बहुत उतार चढ़ाव देखे. आज उसी संघर्ष ने उन्हे एक खास मुकाम तक पहुंचा दिया है. बहुत कम लोगों को यह पता होगा कि इस सिंगर के जीवन में एक समय ऐसा भी आया था कि इसे टैक्सी तक चलानी पड़ी. मगर आज यही सिंगर लाखों दिलों की धड़कन हैं. हार्डी संधू ने क्रिकेट से लेकर एक सिंगर बनने तक का सफर बहुत मुसीबत झेल कर तय किया है. हार्डी संधू का असली नाम हरविंदर संधू है. एक सामान्य से परिवार में जन्मे इस सिंगर के पिता का नाम जसप्रीत सिंह संधू है. हार्डी संधू को बचपन से ही गाने गुनगुनाने का बहुत शौक था. मगर गाने से भी ज्यादा उन्हें किसी चीज का शौक था तो वह था क्रिकेट. स्कूल के समय में सिंगर ने कभी भी किसी सिंगिंग कंपटीशन में हिस्सा नहीं लिया, वह हमेशा स्कूल में क्रिकेट खेला करते थे.

किस्मत ने खेला खेल

उनका हमेशा से ही सपना था कि आगे चलकर एक बड़े क्रिकेटर बने और अपने देश का नाम रोशन करें. मगर किस्मत को कुछ और ही मंजूर था. एक क्रिकेट एकेडमी ज्वाइन करने के बाद वह एक ऑलराउंडर के तौर पर पंजाब टीम के लिए काफी बार खेले और जब भारत की अंडर-19 टीम चुनी गई तो उसमें संधू को शामिल किया गया. सिंगर ने पंजाब की टीम के लिए कई मैच खेले और अपना बेहतर प्रदर्शन दिया. हार्डी ने शिखर धवन, रोहित शर्मा, इशांत शर्मा के साथ कई मैच खेले हैं. क्रिकेट में काफी कुछ अच्छा चल रहा था मगर आपकी किस्मत में जो होता है वह सही मायने में आपको मिल ही जाता है.

चलानी पड़ी टैक्सी

साल 2007 में उन्हें हाथ में चोट लगी, जिसके बाद उनकी क्रिकेट यात्रा पर विराम लग गया. फिर भी इस नौजवान ने हार नहीं मानी. हाथ का इलाज कराने ऑस्ट्रेलिया निकल पड़ा. खर्च इतना हुआ कि आर्थिक तंगी से जूझने लगे. ऐसी विपरीत परिस्थितियों में ही संधू ने फैसला किया कि वह टैक्सी चलाकर पैसे कमाएंगे. अब तक वह समझ चुके थे कि उनका क्रिकेट का सफर आगे नहीं चल पाएगा. साल 2010 के बाद उन्होंने सोचा कि वह अब सिंगिंग में अपना हाथ आजमाएंगे. उन्होंने इसके लिए संगीत भी सीखा. साल 2012 में ‘टकीला शॉट’ गाने से शुरुआत की, गाने को पसंद भी किया गया, लेकिन संधू इतने से कहां मानने वाले थे. उन्होंने कोशिश जारी रखी और कई गाने गए मगर सफलता हाथ नहीं लगी. इसके बाद उन्होंने जानी और बी प्रैंक के साथ ,सच , गाना बनाया. इसके बाद उन्हें थोड़ी बहुत सफलता हाथ लगी. इसके बाद सिंगर ने सुपरहिट गानों की झड़ी लगा दी. 2014 में ‘जोकर’, 2015 में ‘ना जीना’, 2016 में ‘हॉर्न ब्लो’ और 2017 में ‘यार ना मिलाया’ जैसे सॉन्ग गए. 2018 में उनका गाना ‘क्या बात है’ सुपरहिट साबित हुआ. हार्डी अपने गानों में हमेशा अपना चेहरा ही इस्तेमाल करते हैं, जिससे उनकी फेस वैल्यू भी बढ़ गई है. 2020 में वह तितलियां गाने में बतौर एक्टर शामिल हुए. सिंगर ने बॉलीवुड में भी कई गानों को अपनी आवाज दी है.

साभार : एनडीटीवी

भारत : 1885 से 1950 (इतिहास पर एक दृष्टि) व/या भारत : 1857 से 1957 (इतिहास पर एक दृष्टि) पुस्तक अपने घर/कार्यालय पर मंगाने के लिए आप निम्न लिंक पर क्लिक कर सकते हैं

सारांश कनौजिया की पुस्तकें

ऑडियो बुक : भारत 1885 से 1950 (इतिहास पर एक दृष्टि)

मित्रों,
मातृभूमि समाचार का उद्देश्य मीडिया जगत का ऐसा उपकरण बनाना है, जिसके माध्यम से हम व्यवसायिक मीडिया जगत और पत्रकारिता के सिद्धांतों में समन्वय स्थापित कर सकें। इस उद्देश्य की पूर्ति के लिए हमें आपका सहयोग चाहिए है। कृपया इस हेतु हमें दान देकर सहयोग प्रदान करने की कृपा करें। हमें दान करने के लिए निम्न लिंक पर क्लिक करें -- Click Here


* 1 माह के लिए Rs 1000.00 / 1 वर्ष के लिए Rs 10,000.00

Contact us

Check Also

Sunny Deol and Rajkumar Santoshi with Sugata Bose at Netaji Bhawan Kolkata during Batwara 1947 movie promotion

विभाजन के इतिहास से जुड़ा सिनेमा: ‘Batwara 1947’ के प्रमोशन के लिए कोलकाता पहुंचे सनी देओल और राजकुमार संतोषी, नेताजी भवन में सुगत बोस से की खास मुलाकात

कोलकाता | गुरुवार, 13 अगस्त 2026 भारतीय सिनेमा की सबसे चर्चित जोड़ियों में से एक—अभिनेता …