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बहराइच में मारे गए हिन्दू युवक के परिवार को योगी आदित्यनाथ ने दिया न्याय दिलाने का भरोसा

Saransh Kanaujia
Saransh Kanaujia - Editor
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लखनऊ. बहराइच दंगे का पीड़ित परिवार मंगलवार को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के आवास पर पहुंचकर उनसे मुलाकात की. मुलाकात करने वालों में मृतक रामगोपाल मिश्रा के माता-पिता और उनकी पत्नी शामिल थी. साथ ही महसी विधानसभा के विधायक सर्वेश्वर सिंह भी मौजूद थे. सीएम योगी से बात करते हुए रामगोपाल के माता-पिता के कई बार आंसू छलक पड़े. बुजुर्ग पिता कई बार अपने गमछे से आंसू पोंछता रहा.

बहराइच जिले के महसी तहसील के महाराजगंज इलाके में बवाल के दौरान युवक की गोली मारकर हत्या कर दी गई. मृतक के परिजनों से राजधानी लखनऊ में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से आज मुलाकात करेंगी. मृतक रामगोपाल मिश्रा की पत्नी और माता-पिता सीएम योगी से मिलने के लिए गए हैं. मृतक के परिजन ने उचित मुआवजे की मांग की है.

सीएम योगी ने रामगोपाल मिश्रा के परिवार से मुलाकात कर ट्वीट किया. उन्होंने ट्वीट करते हुए लिखा, ‘जनपद बहराइच की दुर्भाग्यपूर्ण घटना में काल-कवलित हुए युवक के शोक संतप्त परिजनों से आज लखनऊ में भेंट की. दुःख की इस घड़ी में उत्तर प्रदेश सरकार पूरी संवेदनशीलता और प्रतिबद्धता से पीड़ित परिवार के साथ खड़ी है. आश्वस्त रहें, पीड़ित परिवार को न्याय दिलाना यूपी सरकार की शीर्ष प्राथमिकता है. इस घोर निंदनीय और अक्षम्य घटना के दोषियों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा.’

उत्तर प्रदेश के बहराइच जिले के महसी तहसील के महाराजगंज इलाके में मूर्ति विसर्जन के दौरान बवाल होने के बाद से इलाके में तनावपूर्ण स्थिति है. हालांकि अभी हालात नियंत्रण में हैं. वहीं एहतियात के तौर पर पूरे बहराइच जिले में 16 अक्टूबर तक के लिए इंटरनेट सेवा बंद कर दी गई है. इसके अलावा यूपी एसटीएफ ने भी जिले में डेरा डाले हुए हैं. मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जिले के हालात को लेकर गंभीर हैं. आज लखनऊ में मृतक रामगोपाल मिश्रा के परिजन सीएम योगी से मुलाकात करेंगे.

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साभार : न्यूज़18

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लेखक वर्ष 2011 से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं। अब तक वे इतिहास से जुड़ी चार पुस्तकों का लेखन कर चुके हैं—‘भारत : 1857 से 1957 इतिहास पर एक दृष्टि’, ‘भारत : 1885 से 1950 इतिहास पर एक दृष्टि’, ‘गाँधी जी की राजनीतिक यात्रा के कुछ पन्ने’ और ‘1857 का स्वतंत्रता समर – कारण से परिणाम तक’। पत्रकारिता के क्षेत्र में वे विशेष रूप से राजनीति, अर्थव्यवस्था, सामाजिक विषयों और आध्यात्म से जुड़े समाचारों एवं विषयों पर लेखन करते रहे हैं। वर्षों के पत्रकारिता अनुभव और विभिन्न विषयों पर निरंतर लेखन के माध्यम से उन्होंने समसामयिक घटनाओं के साथ-साथ ऐतिहासिक, सामाजिक और आध्यात्मिक विषयों को भी पाठकों तक पहुँचाने का प्रयास किया है।