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इजरायल के प्रधानमंत्री नेतन्याहू के घर पर दो फ्लैश बमों से हमला

Saransh Kanaujia
Saransh Kanaujia - Editor
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गाजा. इजरायल के कैसरिया में पीएम बेंजामिन नेतन्याहू के घर पर दो फ्लैश बम गिरे  हैं. सुरक्षा सेवाओं ने शनिवार को इसकी जानकारी दी और इस घटना को ‘गंभीर’ बताया. पुलिस और शिन बेट आंतरिक सुरक्षा एजेंसी ने एक संयुक्त बयान में कहा कि प्रधानमंत्री के आवास के बाहर गार्डन में दो फ्लेयर्स गिरे हैं. इजरायल के रक्षामंत्री ने कहा कि ये हमला सभी लाल रेखाओं को पार करने जैसा है.

उन्होंने कहा कि घटना के समय प्रधानमंत्री और उनका परिवार घर में नहीं था. इस मामले की जांच शुरू कर दी गई है. यह एक गंभीर घटना है और इसे खतरनाक तरीके से बढ़ाया जा रहा है. इजरायल के राष्ट्रपति इसहाक हर्ज़ोग ने इस घटना की निंदा की और “सार्वजनिक क्षेत्र में हिंसा में वृद्धि के खिलाफ चेतावनी भी दी. हर्जोग ने अपनी पोस्ट में कहा, “मैंने अब शिन बेट के प्रमुख से बात की है और घटना के लिए जिम्मेदार लोगों की जल्द से जल्द जांच करने और उनसे निपटने की जरूरत जताई है.” यह तुरंत स्पष्ट नहीं हो पाया कि इन फ्लेयर्स को  गिराने के पीछे किस का हाथ है.

बता दें कि पिछले महीने भी 19 अक्टूबर को पीएम नेतन्याहू के आवास पर ड्रोन हमला हुआ था, जिसकी जिम्मेदारी हिजबुल्लान ने ली थी. इसके बाद नेतन्याहू ने हिजबुल्लाह पर उनकी और उनकी पत्नी को मारने की कोशिश का आरोप लगाया था. 23 सितम्बर के बाद से इजरायल ने लेबनान में हिजबुल्लाह के ठिकानों पर बमबारी बढ़ा दी है. इजराइली सेना लगातार हिजबुल्लाह के ठिकानों पर हमला कर रही है और अब जमीनी तौर पर भी हमले शुरू कर दिए गए हैं. हिजबुल्लाह ने उत्तरी इजरायल पर कई रॉकेट हमलों का दावा करते हुए कहा कि उसने हाइफा क्षेत्र में एक नौसैनिक अड्डे सहित सैन्य स्थलों को निशाना बनाया है.

साभार : एनडीटीवी

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लेखक वर्ष 2011 से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं। अब तक वे इतिहास से जुड़ी चार पुस्तकों का लेखन कर चुके हैं—‘भारत : 1857 से 1957 इतिहास पर एक दृष्टि’, ‘भारत : 1885 से 1950 इतिहास पर एक दृष्टि’, ‘गाँधी जी की राजनीतिक यात्रा के कुछ पन्ने’ और ‘1857 का स्वतंत्रता समर – कारण से परिणाम तक’। पत्रकारिता के क्षेत्र में वे विशेष रूप से राजनीति, अर्थव्यवस्था, सामाजिक विषयों और आध्यात्म से जुड़े समाचारों एवं विषयों पर लेखन करते रहे हैं। वर्षों के पत्रकारिता अनुभव और विभिन्न विषयों पर निरंतर लेखन के माध्यम से उन्होंने समसामयिक घटनाओं के साथ-साथ ऐतिहासिक, सामाजिक और आध्यात्मिक विषयों को भी पाठकों तक पहुँचाने का प्रयास किया है।