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हनुमान चालीसा बजाने से नाराज मुस्लिमों की थी दुकानदार की पिटाई, भाजपा ने किया प्रदर्शन

Saransh Kanaujia
Saransh Kanaujia - Editor
2 Min Read

बेंगलुरु. कर्नाटक के बेंगलुरु में हनुमान चालीसा और अजान को लेकर छिड़ा विवाद थमने का नाम नहीं ले रहा है. बीते रविवार को अजान के दौरान म्यूजिक बजाने पर दुकानदार की पिटाई कर दी गई, जिसके विरोध में मंगलवार (19 मार्च) को प्रोटेस्ट किया गया. इस विरोध प्रदर्शन में भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) सांसद तेजस्वी सूर्या भी शामिल हुए. जहां से कर्नाटक पुलिस ने उन्हें हिरासत में ले लिया.

विरोध प्रदर्शन के दौरान पुलिस ने लॉ एंड ऑर्डर मेंटेन करने के लिए हल्का बल प्रयोग भी किया. तेजस्वी सूर्या ने प्रदर्शनकारियों से वापस जाने का आग्रह किया, उन्होंने कहा “सब चले जाओ.” रविवार (17 मार्च) को बेंगलुरु के सिद्दन्ना लेआउट के पास अजान के समय एक दुकानदार ने हनुमान चालीसा संगीत बजा दिया. जिसको लेकर एक ग्रुप और दुकानदार के बीच झड़प हो गई और इस दुकानदार की पिटाई कर दी. इसी मामले को लेकर विरोध शुरू हो गया. आज पीड़ित दुकानदार के समर्थन में लोगों ने विरोध प्रदर्शन किया.

तेजस्वी सूर्या की क्या है मांग?

इससे पहले तेजस्वी सूर्या ने दुकानदार मुकेश से मुलाकात भी की थी. बीजेपी सांसद सूर्या ने आरोप लगाया कि पुलिस से शिकायत करने के बाद भी एफआईआर दर्ज नहीं की गई. उन्होंने कहा, “स्थानीय बीजेपी नेताओं, मेरे और पीसी मोहन के हस्तक्षेप के बाद ही एफआईआर दर्ज की गई. पुलिस ने इस मामले में सिर्फ तीन लोगों को गिरफ्तार किया है, जबकि हमारी मांग है कि सीसीटीवी में दिख रहे सभी आरोपियों को तुरंत गिरफ्तार किया जाना चाहिए. इस मामले की पेशेवर और निष्पक्ष जांच होनी चाहिए.”

साभार : एबीपी न्यूज़

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लेखक वर्ष 2011 से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं। अब तक वे इतिहास से जुड़ी चार पुस्तकों का लेखन कर चुके हैं—‘भारत : 1857 से 1957 इतिहास पर एक दृष्टि’, ‘भारत : 1885 से 1950 इतिहास पर एक दृष्टि’, ‘गाँधी जी की राजनीतिक यात्रा के कुछ पन्ने’ और ‘1857 का स्वतंत्रता समर – कारण से परिणाम तक’। पत्रकारिता के क्षेत्र में वे विशेष रूप से राजनीति, अर्थव्यवस्था, सामाजिक विषयों और आध्यात्म से जुड़े समाचारों एवं विषयों पर लेखन करते रहे हैं। वर्षों के पत्रकारिता अनुभव और विभिन्न विषयों पर निरंतर लेखन के माध्यम से उन्होंने समसामयिक घटनाओं के साथ-साथ ऐतिहासिक, सामाजिक और आध्यात्मिक विषयों को भी पाठकों तक पहुँचाने का प्रयास किया है।