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नीट परीक्षा मामले में झारखंड के देवघर से गिरफ्तार हुए 5 लोग

Saransh Kanaujia
Saransh Kanaujia - Editor
3 Min Read

रांची. देश में नीट पेपर लीक केस को लेकर बवाल मचा हुआ है. इस बीच झारखंड से एक बड़ा अपडेट सामने आया है. झारखंड के देवघर से पांच शातिरों को गिरफ्तार किया गया है, जिनसे अब पूछताछ की जाएगी. माना जा रहा है कि इन पांचों का नीट एग्जाम पेपर लीक मामले में बड़ा हाथ हो सकता है.

हजारीबाग के सेंटर से लीक हुआ पेपर

इसके अलावा नीट पेपर लीक मामले में एक और बड़ा खुलासा हुआ है. सूत्रों की माने तो हजारीबाग के एक सेंटर से सबसे पहले पेपर लीक हुआ था. दरअसल, पटना में जो जली हुई प्रश्न पत्र की बुकलेट मिली है. उसके आधार पर पता चला है कि हजारीबाग के सेंटर से पेपर लीक हुआ था.

सिकंदर यादवेंद्र ने किया बड़ा खुलासा

वहीं नीट पेपर लीक के आरोपी सिकंदर यादवेंद्र ने अपने कबूलनामे में बड़ा खुलासा किया है. उसने 30-32 लाख रुपए में अमित आनंद और नीतीश कुमार से पेपर खरीदा था. जिसके बाद उसने समस्तीपुर के अनुराग यादव, दानापुर पटना के आयुष कुमार, गया के शिवनंदन कुमार और रांची के अभिषेक कुमार को पेपर 40-40 लाख रुपए में बेचा था. यही नहीं पटना के रामकृष्णा नगर में नीट परीक्षा से एक रात पहले 4 मई को पेपर इन चारों अभियर्थियों को रातभर रटवाया गया था.

संजीव मुखिया उर्फ लूटन की तलाश जारी

वहीं नीट पेपर लीक मामले में संजीव मुखिया उर्फ लूटन की तलाश में अभी भी पुलिस जुटी हुई है. संजीव मुखिया का बेटा शिव कुमार पहले से ही बीपीएससी पेपर लीक मामले में बंद में है. नीट पेपर लीक मामले में अब तक बिहार में 13 लोगों की गिरफ्तारी की जा चुकी है. पुलिस को शक है कि संजीव मुखिया के तार नीट परीक्षा लीक मामले से भी जुड़े हुए हैं. क्योंकि वो नीट परीक्षा के बाद से फरार है. बीते 20 सालों में अनेक परीक्षाओं को लीक कराने में उसका नाम सामने आ चुका है. वो पहले जेल भी जा चुका है.

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साभार : एबीपी न्यूज

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लेखक वर्ष 2011 से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं। अब तक वे इतिहास से जुड़ी चार पुस्तकों का लेखन कर चुके हैं—‘भारत : 1857 से 1957 इतिहास पर एक दृष्टि’, ‘भारत : 1885 से 1950 इतिहास पर एक दृष्टि’, ‘गाँधी जी की राजनीतिक यात्रा के कुछ पन्ने’ और ‘1857 का स्वतंत्रता समर – कारण से परिणाम तक’। पत्रकारिता के क्षेत्र में वे विशेष रूप से राजनीति, अर्थव्यवस्था, सामाजिक विषयों और आध्यात्म से जुड़े समाचारों एवं विषयों पर लेखन करते रहे हैं। वर्षों के पत्रकारिता अनुभव और विभिन्न विषयों पर निरंतर लेखन के माध्यम से उन्होंने समसामयिक घटनाओं के साथ-साथ ऐतिहासिक, सामाजिक और आध्यात्मिक विषयों को भी पाठकों तक पहुँचाने का प्रयास किया है।