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पाकिस्तान में लगातार दूसरे दिन हुए हमले में मारे गए 5 चीनी नागरिक

Saransh Kanaujia
Saransh Kanaujia - Editor
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इस्लामाबाद. पाकिस्तान में लगातार दूसरे दिन विद्रोहियों का बड़ा हमला हुआ है। यहां खैबर पख्तूनख्वा में एक आत्मघाती हमले में पांच चीनी नागरिकों समेत छह लोगों की जान चली गई। बताया गया कि हमलावर ने उनके काफिले को निशाना बनाया। घटना उत्तर-पश्चिम पाकिस्तान के खैबर पख्तूनख्वा के शांगला में हुई। हमले में कई अन्य घायल भी बताए जा रहे हैं।

क्या है मामला?

अशांत पश्चिमोत्तर प्रांत खैबर-पख्तूनख्वा में मंगलवार को विस्फोटक से भरे एक वाहन ने एक बस को टक्कर मार दी। इस दौरान बस में सवार कम से कम पांच नागरिकों की मौत हो गई। एक अन्य की भी जान जाने की खबर है। चीनी नागरिक दासू जलविद्युत परियोजना पर काम कर रहे थे। पुलिस ने बताया कि शांगला जिले के बिशम इलाके में हुई घटना में कई अन्य घायल हो गए। घटना उस समय हुई, जब इस्लामाबाद से कोहिस्तान जा रही एक बस को सामने से आ रहे एक वाहन ने टक्कर मार दी। अभी तक किसी भी समूह ने इस हमले की जिम्मेदारी नहीं ली है।

संबंधित अधिकारी सबूत इकट्ठा कर रहे

स्थानीय मीडिया के मुताबिक, बिशम थाना प्रभारी (एसएचओ) बख्त जहीर ने बताया कि यह एक आत्मघाती धमाका था। संबंधित अधिकारी सबूत इकट्ठा कर रहे हैं। घटनास्थल पर सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है। शवों को अस्पताल ले जाया जा रहा है। हम जांच करेंगे कि आत्मघाती हमलावर का वाहन कहां से और कैसे आया और यह कैसे हुआ?

पहले भी हो चुके हमले

शांगला कोहिस्तान के करीब है, जहां 2021 में एक विद्रोहियों के हमले में नौ चीनी समेत 13 लोग मारे गए थे। 60 अरब अमेरिकी डॉलर वाले चीन-पाकिस्तान आर्थिक गलियारे के तत्वावधान में चल रही कई परियोजनाओं पर हजारों चीनी कर्मी पाकिस्तान में काम कर रहे हैं।

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साभार : अमर उजाला

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लेखक वर्ष 2011 से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं। अब तक वे इतिहास से जुड़ी चार पुस्तकों का लेखन कर चुके हैं—‘भारत : 1857 से 1957 इतिहास पर एक दृष्टि’, ‘भारत : 1885 से 1950 इतिहास पर एक दृष्टि’, ‘गाँधी जी की राजनीतिक यात्रा के कुछ पन्ने’ और ‘1857 का स्वतंत्रता समर – कारण से परिणाम तक’। पत्रकारिता के क्षेत्र में वे विशेष रूप से राजनीति, अर्थव्यवस्था, सामाजिक विषयों और आध्यात्म से जुड़े समाचारों एवं विषयों पर लेखन करते रहे हैं। वर्षों के पत्रकारिता अनुभव और विभिन्न विषयों पर निरंतर लेखन के माध्यम से उन्होंने समसामयिक घटनाओं के साथ-साथ ऐतिहासिक, सामाजिक और आध्यात्मिक विषयों को भी पाठकों तक पहुँचाने का प्रयास किया है।