लोड हो रहा है...

राहुल गांधी ने मेरी अमेरिकी यात्रा को लेकर बोला झूठ : एस जयशंकर

Saransh Kanaujia
Saransh Kanaujia - Editor
3 Min Read

नई दिल्‍ली. विदेश मंत्री एस जयशंकर (S Jaishankar) ने लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी (Rahul Gandhi) के अमेरिकी राष्‍ट्रपति डोनाल्‍ड ट्रंप के शपथ ग्रहण समारोह के न्‍योते को लेकर लगाए गए आरोपों पर पलटवार किया है. जयशंकर ने कहा कि राहुल गांधी ने उनकी अमेरिका की यात्रा के बारे में जानबूझकर झूठ बोला है. साथ ही विदेश मंत्री ने राहुल गांधी के आरोपों पर तीखी प्रतिक्रिया देते हुए कहा उन पर विदेश में भारत की छवि को नुकसान पहुंचाने का आरोप लगाया. अपने एक एक्‍स पोस्‍ट में जयशंकर ने कहा, “विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने दिसंबर 2024 में मेरी अमेरिका यात्रा के बारे में जानबूझकर झूठ बोला. मैं बाइडेन प्रशासन के विदेश मंत्री और एनएसए से मिलने गया था. साथ ही हमारे महावाणिज्य दूत की एक बैठक की अध्यक्षता भी करनी थी. मेरे प्रवास के दौरान नए नामित एनएसए ने मुझसे मुलाकात की.”

विशेष दूत करते हैं भारत का प्रतिनिधित्‍व: जयशंकर

साथ ही अपनी इस पोस्‍ट में उन्‍होंने कहा, “किसी भी स्तर पर पीएम के संबंध में निमंत्रण पर चर्चा नहीं की गई. यह सामान्य ज्ञान है कि हमारे पीएम ऐसे कार्यक्रमों में शामिल नहीं होते हैं. वास्तव में भारत का प्रतिनिधित्व आमतौर पर विशेष दूतों द्वारा किया जाता है.”

भारत की छवि को नुकसान पहुंचाने का लगाया आरोप

साथ ही विदेश मंत्री ने राहुल गांधी पर इस तरह की टिप्‍पणियों से विदेश में भारत की छवि का नुकसान पहुंचाने का आरोप लगाया है. साथ ही उन्‍होंने कहा कि राहुल गांधी के झूठ का उद्देश्य राजनीतिक हो सकता है,  लेकिन यह विदेश में देश को नुकसान पहुंचाता है.

लोकसभा में क्‍या बोले राहुल गांधी?

भारतीय विदेश मंत्री के अमेरिकी दौरे को लेकर राहुल गांधी ने कहा, ‘हम प्रोडक्‍शन में बहुत पीछे हैं, इसी का परिणाम है कि हम अपने प्रधानमंत्री को बुलाने का न्योता लाने अमेरिका नहीं भेजते. अमेरिका के राष्‍ट्रपति यहां हमारे प्रधानमंत्री को बुलाने खुद आते हैं.’

- Advertisement -

किरेन रिजिजू ने जताई आपत्ति

राहुल गांधी के इतने कहने पर किरेन रिजिजू ने आपत्ति जताई और कहा कि लीडर ऑफ अपोजिशन को कुछ जिम्‍मेदारी से अपनी बात कहनी चाहिए. विपक्ष के नेता को इस तरह की बयानबाजी नहीं करनी चाहिए. यह गंभीर विषय पर चर्चा चल रही है. राहुल गांधी के पास अगर इसके बारे में कोई ठोस जानकारी है, तो उसे सामने रखें. इस पर राहुल गांधी ने कहा कि विदेश मंत्री एस. जयशंकर को तीन बार अमेरिका भेजा गया. इस सवाल से अगर आप परेशान हुए, तो मैं माफी चाहता हूं. मुझे माफ कीजिएगा.

साभार : एनडीटीवी

भारत : 1885 से 1950 (इतिहास पर एक दृष्टि) व/या भारत : 1857 से 1957 (इतिहास पर एक दृष्टि) पुस्तक अपने घर/कार्यालय पर मंगाने के लिए आप निम्न लिंक पर क्लिक कर सकते हैं

सारांश कनौजिया की पुस्तकें 

ऑडियो बुक : भारत 1885 से 1950 (इतिहास पर एक दृष्टि)

- Advertisement -

Related Post

Share This Article
Follow:
लेखक वर्ष 2011 से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं। अब तक वे इतिहास से जुड़ी चार पुस्तकों का लेखन कर चुके हैं—‘भारत : 1857 से 1957 इतिहास पर एक दृष्टि’, ‘भारत : 1885 से 1950 इतिहास पर एक दृष्टि’, ‘गाँधी जी की राजनीतिक यात्रा के कुछ पन्ने’ और ‘1857 का स्वतंत्रता समर – कारण से परिणाम तक’। पत्रकारिता के क्षेत्र में वे विशेष रूप से राजनीति, अर्थव्यवस्था, सामाजिक विषयों और आध्यात्म से जुड़े समाचारों एवं विषयों पर लेखन करते रहे हैं। वर्षों के पत्रकारिता अनुभव और विभिन्न विषयों पर निरंतर लेखन के माध्यम से उन्होंने समसामयिक घटनाओं के साथ-साथ ऐतिहासिक, सामाजिक और आध्यात्मिक विषयों को भी पाठकों तक पहुँचाने का प्रयास किया है।