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दुबई में होगा एशिया कप के दौरान भारत व पाकिस्तान के बीच मैच

Saransh Kanaujia
Saransh Kanaujia - Editor
3 Min Read

नई दिल्ली. एशिया कप 2025 की शुरुआत 9 सितंबर से होने जा रही है. एशिया के इस सबसे बड़े क्रिकेट टूर्नामेंट में भारत-पाकिस्तान भी आमने-सामने भिड़ने वाले हैं. एशिया कप का शेड्यूल कुछ दिन पहले ही जारी किया गया है. इसमें भारत और पाकिस्तान के बीच मैच 14 सितंबर को रखा गया है. अब एशियन क्रिकेट काउंसिल (ACC) ने शेड्यूल के बाद वेन्यू भी कंफर्म कर दिया है. एशिया कप के सभी मैच संयुक्त अरब अमीरात (UAE) की राजधानी अबू धाबी और दुबई में खेले जाएंगे. यूएई में एशिया कप कराने को लेकर पहले से कयास लगाए जा रहे थे, लेकिन अब ACC के ऐलान ने इस बात पर मुहर लगा दी है.

कहां होगा भारत-पाकिस्तान के बीच मैच?

भारत और पाकिस्तान के बीच 14 सितंबर को होने वाले मैच को लेकर काफी विवाद चल रहा है. इस बीच एसीसी ने इस मैच का वेन्यू भी जारी कर दिया है. भारत-पाकिस्तान के बीच ये मैच दुबई में शाम 6 बजे खेला जाएगा. वहीं भारत इस टूर्नामेंट का अपना पहला मैच UAE के खिलाफ 10 सितंबर को दुबई में ही खेलेगा.

भारत-पाकिस्तान मैच पर विवाद

एशिया कप 2025 में भारत और पाकिस्तान के मैच को लेकर पूरे देश में चर्चा चल रही है. वर्ल्ड चैंपियनशिप ऑफ लेजेंड्स में भारत के दिग्गज खिलाड़ियों ने पाकिस्तान की टीम के खिलाफ खेलने से मना कर दिया था, जिसके बाद अब क्रिकेट फैंस दो तरफ बंट गए हैं. एक वर्ग चाहता है कि भारत, पाकिस्तान के खिलाफ एशिया कप में भी न खेले. वहीं कुछ लोग पाकिस्तान के साथ खेलने के लिए राजी हैं, क्योंकि न खेलने से ICC रैंकिंग में भारत नीचे आ सकता है, जिसका फायदा ओलंपिक में पाकिस्तान को मिल जाएगा और भारत की जगह ओलंपिक 2028 में पाकिस्तान क्वालीफाई कर लेगा.

साभार : एबीपी न्यूज

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लेखक वर्ष 2011 से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं। अब तक वे इतिहास से जुड़ी चार पुस्तकों का लेखन कर चुके हैं—‘भारत : 1857 से 1957 इतिहास पर एक दृष्टि’, ‘भारत : 1885 से 1950 इतिहास पर एक दृष्टि’, ‘गाँधी जी की राजनीतिक यात्रा के कुछ पन्ने’ और ‘1857 का स्वतंत्रता समर – कारण से परिणाम तक’। पत्रकारिता के क्षेत्र में वे विशेष रूप से राजनीति, अर्थव्यवस्था, सामाजिक विषयों और आध्यात्म से जुड़े समाचारों एवं विषयों पर लेखन करते रहे हैं। वर्षों के पत्रकारिता अनुभव और विभिन्न विषयों पर निरंतर लेखन के माध्यम से उन्होंने समसामयिक घटनाओं के साथ-साथ ऐतिहासिक, सामाजिक और आध्यात्मिक विषयों को भी पाठकों तक पहुँचाने का प्रयास किया है।