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जापान का चंद्र मिशन लैंडिंग के दौरान हुआ क्रैश

Saransh Kanaujia
Saransh Kanaujia - Editor
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टोक्यो. जापान का एक निजी लैंडर शुक्रवार को चंद्रमा पर उतरने का प्रयास करते समय दुर्घटनाग्रस्त हो गया। तोक्यो स्थित कंपनी आईस्पेस ने लैंडर से संपर्क टूटने के कई घंटे बाद मिशन को विफल घोषित किया है। लॉन्च कंट्रोलर्स ने लैंडर से संपर्क करने के तमाम प्रयास किए लेकिन उन्हें कोई संदेश नहीं मिला जिसके बाद उन्होंने कहा कि वो मिशन को समाप्त कर रहे हैं।

पहला मिशन भी हुआ था फेल

अंतरिक्ष यान के मिनी रोवर के साथ चंद्रमा पर उतरने से दो मिनट पहले ही संचार बंद हो गया थे। उससे पहले तक ऐसा लग रहा था कि चंद्रमा की कक्षा से उतरने की प्रक्रिया सुचारू रूप से चल रही है। आईस्पेस के मुख्य कार्यकारी अधिकारी और संस्थापक ताकेशी हाकामादा ने मिशन में योगदान देने वाले सभी लोगों से माफी मांगी। यह आईस्पेस का दूसरा चंद्र मिशन था। कंपनी का चंद्रमा पर पहुंचने का पहला प्रयास भी दो साल पहले विफल रहा था जिसके बाद इसके लैंडर का नाम ‘रेसिलिएंस’ रखा गया था।

चंद्र मिशन पर जारी रहेगा काम

‘रेसिलिएंस’ चंद्रमा की धूल इकट्ठा करने के लिए फावड़े के साथ एक रोवर और चंद्रमा की धूल भरी सतह पर रखने के लिए एक स्वीडिश कलाकार का बनाया लाल रंग का खिलौना घर भी लेकर गया था। कंपनी के अधिकारियों ने कहा कि यह कहना अभी जल्दबाजी होगी कि क्या एक ही समस्या के कारण दोनों मिशन असफल हुए। हाकामादा ने संवाददाताओं से कहा, ‘‘यह दूसरी बार है जब हम उतरने में असमर्थ रहे। इसलिए हमें इसे बहुत गंभीरता से लेना होगा।’’ उन्होंने कहा कि कंपनी और अधिक चंद्र मिशनों पर काम करेगी।

साभार : इंडिया टीवी

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लेखक वर्ष 2011 से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं। अब तक वे इतिहास से जुड़ी चार पुस्तकों का लेखन कर चुके हैं—‘भारत : 1857 से 1957 इतिहास पर एक दृष्टि’, ‘भारत : 1885 से 1950 इतिहास पर एक दृष्टि’, ‘गाँधी जी की राजनीतिक यात्रा के कुछ पन्ने’ और ‘1857 का स्वतंत्रता समर – कारण से परिणाम तक’। पत्रकारिता के क्षेत्र में वे विशेष रूप से राजनीति, अर्थव्यवस्था, सामाजिक विषयों और आध्यात्म से जुड़े समाचारों एवं विषयों पर लेखन करते रहे हैं। वर्षों के पत्रकारिता अनुभव और विभिन्न विषयों पर निरंतर लेखन के माध्यम से उन्होंने समसामयिक घटनाओं के साथ-साथ ऐतिहासिक, सामाजिक और आध्यात्मिक विषयों को भी पाठकों तक पहुँचाने का प्रयास किया है।