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खतरनाक स्टंट करने के आरोप में गायक यासिर देसाई के खिलाफ केस दर्ज

Saransh Kanaujia
Saransh Kanaujia - Editor
3 Min Read

मुंबई. पॉपुलर सिंगर यासिर देसाई को लेकर बड़ी खबर आ रही है। यासिर कानूनी मुसीबत में फंस गए हैं। सिंगर के खिलाफ पुलिस ने मामला दर्ज किया है। सिंगर का एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। इस वीडियो में सिंगर बांद्रा वर्ली सी लिंक पर खड़े होकर शूट कर रहे है। वहीं, अब पुलिस ने इस पर एक्शन लेते हुए मामला दर्ज कर लिया है। आइए जानते हैं कि क्या है पूरा मसला?

क्या है पूरा मामला?

दरअसल, हाल ही में यासिर देसाई का एक वीडियो सोशल मीडिया पर सामने आया, जो अब जमकर वायरल हो रहा है। इस वीडियो में यासिर देसाई मुंबई के बांद्रा वर्ली सी लिंक पर खड़े होकर शूट कर रहे है। इस दौरान तेज हवाएं भी चल रही है। सिंगर का ये वीडियो बेहद खतरनाक है। मामले में एफआईआर दर्ज होने के बाद बांद्रा पुलिस जांच में जुट गई है।

किन धाराओं पर केस दर्ज?

यासिर देसाई के खिलाफ पुलिस ने सख्ती दिखाई है। पुलिस ने सिंगर के खिलाफ BNS की धारा 285, 281 और 125 के तहत मामला दर्ज किया है। साथ ही इसकी जांच में जुट गई है। यासिर का ये वीडियो चिंता पैदा करता है। जब कोई मशहूर हस्ती इस तरह का कुछ करती है, वो वो लोगों पर अलग तरह से प्रभाव डालती है। हालांकि, अब मामले की जांच शुरू हो गई है।

यासिर देसाई के गाने

इसके अलावा अगर यासिर की बात करें तो उन्होंने फिल्म ‘ड्राइव’ के ‘मखना’, ‘सुकून’ के ‘दिल को करार आया’, ‘शादी में जरूर आना’ के ‘जोगी’ और ‘पल्लो लटके’ और ‘गोल्ड’ के ‘नैनो ने बांधी’ जैसे हिट गानों को अपनी आवाज दी है। बता दें कि यासिर ने साल 2016 से फिल्म ‘बेईमान लव’ से हिंदी सिनेमा में गाने की शुरुआत की थी, जिसमें उन्होंने दो गाने ‘मैं अधूरा’ आकांक्षा शर्मा के साथ और दूसरा गाना ‘मेरे पीछे हिंदुस्तान है’ सुकृति कक्कड़ के साथ गाया था।

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साभार : न्यूज24

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लेखक वर्ष 2011 से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं। अब तक वे इतिहास से जुड़ी चार पुस्तकों का लेखन कर चुके हैं—‘भारत : 1857 से 1957 इतिहास पर एक दृष्टि’, ‘भारत : 1885 से 1950 इतिहास पर एक दृष्टि’, ‘गाँधी जी की राजनीतिक यात्रा के कुछ पन्ने’ और ‘1857 का स्वतंत्रता समर – कारण से परिणाम तक’। पत्रकारिता के क्षेत्र में वे विशेष रूप से राजनीति, अर्थव्यवस्था, सामाजिक विषयों और आध्यात्म से जुड़े समाचारों एवं विषयों पर लेखन करते रहे हैं। वर्षों के पत्रकारिता अनुभव और विभिन्न विषयों पर निरंतर लेखन के माध्यम से उन्होंने समसामयिक घटनाओं के साथ-साथ ऐतिहासिक, सामाजिक और आध्यात्मिक विषयों को भी पाठकों तक पहुँचाने का प्रयास किया है।