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उद्धव ठाकरे से नेता प्रतिपक्ष का पद हथियाने के लिए कांग्रेस नेताओं ने देवेंद्र फडणवीस से की मुलाकात

Saransh Kanaujia
Saransh Kanaujia - Editor
3 Min Read

मुंबई. महाराष्ट्र विधान परिषद में नेता प्रतिपक्ष (LoP) पद पर कांग्रेस ने दावा ठोका है. इसी को लेकर कांग्रेस विधायक दल के नेता विजय वेट्टीवार, बालासाहेब थोराट और अमीन पटेल ने मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस और विधानसभा स्पीकर राहुल नार्वेकर से मुलाकात की. कांग्रेस नेताओं ने दोनों ही सदनों विधान परिषद और विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष चुनने को लेकर जल्द फैसला लेने के लिए कहा. कांग्रेस की नजर विधान परिषद में नेता प्रतिपक्ष के पद पर है. शिवसेना (यूबीटी) नेता अंबादास दानवे का कार्यकाल अगस्त महीने में खत्म हो गया था.

विधानसभा में कांग्रेस का शिवसेना (यूबीटी) को समर्थन

वहीं कांग्रेस विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष पद के लिए लिए शिवसेना (यूबीटी) का समर्थन कर रही है. नवंबर 2024 के विधानसभा चुनावों के साथ कांग्रेस नेता विजय वडेट्टीवार का कार्यकाल समाप्त होने के बाद से नेता प्रतिपक्ष का पद खाली है. थोराट ने कहा कि लोकतंत्र में विपक्ष के नेता का पद महत्वपूर्ण होता है. हमने इन पदों को भरने के अनुरोध के साथ मुख्यमंत्री से मुलाकात की और उनके साथ मौजूदा प्रशासनिक स्थिति पर चर्चा की.

क्या है सीएम देवेंद्र फडणवीस का रुख?

वहीं विजय वडेट्टीवार ने कहा कि कांग्रेस प्रतिनिधिमंडल की उनसे हुई चर्चा के अनुसार, मुख्यमंत्री का रुख सकारात्मक रहा है. हमने कल विधान परिषद के सभापति राम शिंदे और शिवसेना (यूबीटी) प्रमुख उद्धव ठाकरे से भी मुलाकात की. यह अच्छी बात नहीं है कि दोनों पद खाली हैं. उन्होंने कहा कि हमने पत्र देने और संबंधित अधिकारियों से मिलने की प्रक्रिया पूरी कर ली है. दिसंबर 2024 में नई विधानसभा के गठन के बाद से विधानसभा में विपक्ष के नेता का पद नहीं भरा गया है, क्योंकि 288 सदस्यीय सदन में विपक्ष के सदस्यों की संख्या 50 से भी कम हो गई है.

क्या है विधानपरिषद का समीकरण?

विपक्षी दलों में सबसे ज्यादा 20 विधायकों वाली शिवसेना (यूबीटी) ने पहले ही विधानसभा में विपक्ष के नेता के पद के लिए दावा पेश कर दिया था. 78 सदस्यीय विधान परिषद में कांग्रेस के 7 सदस्य, शिवसेना (यूबीटी) के 6 और शरद पवार की एनसीपी (सपा) के 3 सदस्य हैं. तीन विधायक निर्दलीय हैं. बीजेपी के पास 22 एमएलसी हैं, एकनाथ शिंदे के नेतृत्व वाली शिवसेना के पास 7 और अजित पवार के नेतृत्व वाली एनसीपी के पास 8 हैं. वर्तमान में 22 सीटें खाली है.

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साभार : एबीपी न्यूज

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लेखक वर्ष 2011 से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं। अब तक वे इतिहास से जुड़ी चार पुस्तकों का लेखन कर चुके हैं—‘भारत : 1857 से 1957 इतिहास पर एक दृष्टि’, ‘भारत : 1885 से 1950 इतिहास पर एक दृष्टि’, ‘गाँधी जी की राजनीतिक यात्रा के कुछ पन्ने’ और ‘1857 का स्वतंत्रता समर – कारण से परिणाम तक’। पत्रकारिता के क्षेत्र में वे विशेष रूप से राजनीति, अर्थव्यवस्था, सामाजिक विषयों और आध्यात्म से जुड़े समाचारों एवं विषयों पर लेखन करते रहे हैं। वर्षों के पत्रकारिता अनुभव और विभिन्न विषयों पर निरंतर लेखन के माध्यम से उन्होंने समसामयिक घटनाओं के साथ-साथ ऐतिहासिक, सामाजिक और आध्यात्मिक विषयों को भी पाठकों तक पहुँचाने का प्रयास किया है।