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उत्तराखंड पुलिस ने आईसीसी अध्यक्ष जय शाह के फर्जी सचिव को किया गिरफ्तार

Saransh Kanaujia
Saransh Kanaujia - Editor
2 Min Read

देहरादून. उत्तराखंड के हरिद्वार में एक 35 वर्षीय शख्स को खुद को ICC अध्यक्ष जय शाह का सचिव बताकर धोखाधड़ी करने के आरोप में गिरफ्तार किया गया है। पुलिस ने उसे सोमवार को एक होटल से पकड़ा। आरोपी अमरिंदर सिंह, पंजाब के फिरोजपुर का रहने वाला है। उसने होटल में ठहरने और अन्य सुविधाओं का गलत फायदा उठाया और संदिग्ध बैठकें भी कर रहा था, जिससे होटल कर्मचारियों को शक हुआ। होटल रिसेप्शनिस्ट की शिकायत पर पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया और उसके पास से एक फर्जी पहचान पत्र भी बरामद हुआ। पुलिस ने उसके खिलाफ धोखाधड़ी, जालसाजी और फर्जी दस्तावेजों के इस्तेमाल जैसे कई आरोपों में मामला दर्ज किया है।

हरिद्वार पुलिस ने बताया कि अमरिंदर सिंह को खड़खड़ी इलाके के एक होटल से गिरफ्तार किया गया। होटल के रिसेप्शनिस्ट विशाल पोखरियाल ने पुलिस को शिकायत दी थी। विशाल ने बताया कि अमरिंदर सिंह खुद को ICC अध्यक्ष जय शाह का सचिव बता रहा था। वह होटल की सुविधाओं का गलत फायदा उठा रहा था और कुछ संदिग्ध बैठकें भी कर रहा था।

पुलिस ने इस शिकायत पर तुरंत कार्रवाई की। उन्होंने होटल में छापा मारा और अमरिंदर सिंह को पकड़ लिया। उसके पास से एक नकली पहचान पत्र मिला। पुलिस ने बताया कि आरोपी के खिलाफ IPC की धारा 319(2) प्रतिरूपण द्वारा धोखाधड़ी, 336(2) जालसाजी, 338 मूल्यवान दस्तावेजों की जालसाजी और 340(2) जाली दस्तावेजों का उपयोग के तहत मामला दर्ज किया गया है। पुलिस अब मामले की गहराई से जांच कर रही है। हरिद्वार पुलिस यह भी पता लगाने की कोशिश कर रही है कि क्या अमरिंदर सिंह का पहले भी कोई आपराधिक रिकॉर्ड रहा है या नहीं।

साभार : नवभारत टाइम्स

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लेखक वर्ष 2011 से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं। अब तक वे इतिहास से जुड़ी चार पुस्तकों का लेखन कर चुके हैं—‘भारत : 1857 से 1957 इतिहास पर एक दृष्टि’, ‘भारत : 1885 से 1950 इतिहास पर एक दृष्टि’, ‘गाँधी जी की राजनीतिक यात्रा के कुछ पन्ने’ और ‘1857 का स्वतंत्रता समर – कारण से परिणाम तक’। पत्रकारिता के क्षेत्र में वे विशेष रूप से राजनीति, अर्थव्यवस्था, सामाजिक विषयों और आध्यात्म से जुड़े समाचारों एवं विषयों पर लेखन करते रहे हैं। वर्षों के पत्रकारिता अनुभव और विभिन्न विषयों पर निरंतर लेखन के माध्यम से उन्होंने समसामयिक घटनाओं के साथ-साथ ऐतिहासिक, सामाजिक और आध्यात्मिक विषयों को भी पाठकों तक पहुँचाने का प्रयास किया है।