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हमने 100 पाकिस्तानी जवान मारे, 150 सैनिक अभी भी हैं बंधक : बलूचिस्तान लिब्रेशन आर्मी

Saransh Kanaujia
Saransh Kanaujia - Editor
4 Min Read

क्वेटा. बलूचिस्तान में हुए ट्रेन हाईजैक का मामला अब और उलझता जा रहा है. बलोच लिबरेशन आर्मी और पाकिस्तानी सरकार दोनों अलग-अलग दावे कर रहे हैं. पाकिस्तानी सेना का दावा है कि सभी आतंकियों को मार गिराया गया है और बंधकों को छुड़ा लिया गया है. इस ऑपरेशन में पाकिस्तान ने अपने 4 सैनिकों के मारे जाने की बात कबूल की है. वहीं बीएलए का दावा है कि इस घटना में 100 से ज्यादा पाकिस्तानी सेना के जवान मारे गए और 150 बंधक अभी भी उनके कब्जे में हैं.

150 बंधक अभी भी मेरे पास- BLA का दावा

बलूच लिबरेशन आर्मी (BLA) ने कल यानी (मंगलवार, 11 मार्च 2025) को बयान जारी कर कहा था कि उन्होंने सिर्फ सेना और आईएसआई के अधिकारी को बंधन बनाया हुआ है और बाकी लोगों को छोड़ दिया है. इसके बाद 12 मार्च को बीएलए ने कहा कि उन्होंने अभी 100 पाकिस्तानी कर्मचारियों को मार गिराया. बीएलए ने बताया कि उन्होंने बुधवार को सिर्फ एक घंटे में 50 बंधकों को मार गिराया. बलूच लिबरेशन आर्मी ने बताया कि 11 मार्च की रात पाकिस्तान के ड्रोन हमले के जवाब में बीएलए ने 10 बंधकों को मार डाला था. वे दावा कर रहे हैं कि अभी भी उनके पास 150 बंधक हैं.

‘ऑपरेशन से पहले आतंकियों ने 21 यात्रियों को मारा’

जाफर एक्सप्रेस ट्रेन बंधक मामले पर डीजी आईएसपीआर कहा, “बोलन के दादर इलाके में 11 मार्च को दोपहर 1 बजे आतंकियों ने ट्रेन की पटरी उड़ा दी और यात्रियों को बंधक बना लिया. इस ट्रेन में 440 यात्री सवार थे. सुरक्षाबलों की ओर से ऑपरेशन चलाने से पहले ही आतंकियों ने 21 निर्दोष यात्रियों की हत्या कर दी. आतंकियों ने यात्रियों को 3-4 समूहों में बंधक बनाकर रखा था. आतंकी अफगानिस्तान में अपने हैंडलर्स (विदेशी हैंडलर्स सहित) से बातचीत कर रहे थे और उनसे निर्देश ले रहे थे.”

सभी आतंकवादी मारे गए- पाकिस्तान

डीजी आईएसपीआर ने कहा, “सुरक्षाबलों ने कार्रवाई करते हुए 33 आतंकवादियों को मार गिराया और सभी यात्रियों को बचा लिया गया. इस कार्रवाई के दौरान कोई भी यात्री हताहत नहीं हुआ. सुरक्षा बलों ने पेशेवर तरीके से इस कर्रवाई को अंजाम दिया, ताकि किसी यात्री को कोई नुकसान न पहुंचे. इस जघन्य और कायरतापूर्ण हमले में शामिल सभी आतंकवादी मौके पर ही मारे गए.” उन्होंने कहा कि पाकिस्तान के 3 सैनिक आतंकवादियों की ओर से किए गए हमले में मारे गए तो वहीं एक सैनिक ऑपरेशन के दौरान मारा गया. उन्होंने कहा कि अब सभी आतंकवादियों और उनके विदेशी प्रायोजकों से बेरहमी से निपटा जाएगा.

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साभार : एबीपी न्यूज

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लेखक वर्ष 2011 से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं। अब तक वे इतिहास से जुड़ी चार पुस्तकों का लेखन कर चुके हैं—‘भारत : 1857 से 1957 इतिहास पर एक दृष्टि’, ‘भारत : 1885 से 1950 इतिहास पर एक दृष्टि’, ‘गाँधी जी की राजनीतिक यात्रा के कुछ पन्ने’ और ‘1857 का स्वतंत्रता समर – कारण से परिणाम तक’। पत्रकारिता के क्षेत्र में वे विशेष रूप से राजनीति, अर्थव्यवस्था, सामाजिक विषयों और आध्यात्म से जुड़े समाचारों एवं विषयों पर लेखन करते रहे हैं। वर्षों के पत्रकारिता अनुभव और विभिन्न विषयों पर निरंतर लेखन के माध्यम से उन्होंने समसामयिक घटनाओं के साथ-साथ ऐतिहासिक, सामाजिक और आध्यात्मिक विषयों को भी पाठकों तक पहुँचाने का प्रयास किया है।