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टीएमसी ने सांसद यूसुफ पठान को प्रतिनिधिमंडल के साथ नहीं भेजने का लिया निर्णय

Saransh Kanaujia
Saransh Kanaujia - Editor
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कोलकाता. भारत ने पाकिस्तान को बेनकाब करने के लिए कई देशों में सांसदों के प्रतिनिधिमंडल को भेजने का फैसला किया है. इसमें भारतीय जनता पार्टी और कांग्रेस के अलावा अन्य पार्टियों के नेताओं को भी शामिल किया गया है. सरकार ने तृणमूल कांग्रेस के सांसद और पूर्व क्रिकेटर यूसुफ पठान को भी शामिल किया है, लेकिन एक रिपोर्ट के मुताबिक पठान ने इस टीम के साथ जाने से इंकार कर दिया है. तृणमूल कांग्रेस ने रविवार को केंद्र सरकार को बताया कि यूसुफ पठान या पार्टी का कोई अन्य सांसद सर्वदलीय प्रतिनिमंडल का हिस्सा नहीं बनेगा. यह प्रतिनिधमंडल पाक को आतंकवाद के मसले पर बेनकाब करने के लिए कई देशों में जाएगा.

यूसुफ पठान के मामले पर क्या बोली टीएमसी

ममता बनर्जी के नेतृत्व वाली पार्टी टीएमसी ने कहा, ”हम मानते हैं कि देश सबसे पहले है और केंद्र सरकार को देश की रक्षा के लिए आवश्यक किसी भी कार्रवाई करने के लिए अपना पूरा समर्थन दिया है. हमारे सशस्त्र बलों ने देश को गौरवान्वित किया है और उनके प्रति हमेशा ऋणी रहेंगे. विदेश नीति पूरी तरह से केंद्र सरकार के अधिकार क्षेत्र में है. इसलिए, केवल केंद्र सरकार को ही हमारी विदेश नीति तय करने और इसके लिए पूरी जिम्मेदारी लेने देना चाहिए.”

मेरी पार्टी का फैसला भाजपा नहीं करेगी – अभिषेक बनर्जी

टीएमसी के महासचिव अभिषेक बनर्जी ने प्रतिक्रिया देते हुए कहा, हम आपको यह साफ साफ कह दे रहे हैं कि हम आतंकवाद की लड़ाई में केंद्र सरकार के साथ कंधे से कंधा लगाकर साथ खड़े हैं. विश्व के सामने आतंकवाद के मुद्दे पर पाकिस्तान को पूरी दुनिया के सामने बेनकाब किया जाना चाहिए, लेकिन मेरी पार्टी से कौन जाएगा और विपक्षी पार्टी से कौन जाएगा, यह पार्टी तय करेगी. यह भाजपा तय नहीं करेगी.

भारत ने पाकिस्तान को बेनकाब करने का बनाया प्लान

सरकार ने सांसदों के प्रतिनिधिमंडल में यूसुफ पठान को शामिल किया था. एक रिपोर्ट के मुताबिक सरकार ने सीधे पठान से संपर्क किया था. भारत ने पहलगाम आतंकी हमले का ऑपरेशन सिंदूर के जरिए जवाब दिया था. उसने पाकिस्तान और पीओके में स्थित 9 आतंकी ठिकानों को तबाह किया था. पाकिस्तान ने इसके जवाब में आक्रामक रवैया अपनाया और कई शहरों पर हमले की कोशिश की, हालांकि भारत ने उसके हर हमले को नाकाम कर दिया. अब भारत दुनिया भर में प्रतिनिधमंडल भेजने की तैयारी में है. वह दुनिया को पाकिस्तान की सच्चाई बताएगा.

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साभार : एबीपी न्यूज

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लेखक वर्ष 2011 से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं। अब तक वे इतिहास से जुड़ी चार पुस्तकों का लेखन कर चुके हैं—‘भारत : 1857 से 1957 इतिहास पर एक दृष्टि’, ‘भारत : 1885 से 1950 इतिहास पर एक दृष्टि’, ‘गाँधी जी की राजनीतिक यात्रा के कुछ पन्ने’ और ‘1857 का स्वतंत्रता समर – कारण से परिणाम तक’। पत्रकारिता के क्षेत्र में वे विशेष रूप से राजनीति, अर्थव्यवस्था, सामाजिक विषयों और आध्यात्म से जुड़े समाचारों एवं विषयों पर लेखन करते रहे हैं। वर्षों के पत्रकारिता अनुभव और विभिन्न विषयों पर निरंतर लेखन के माध्यम से उन्होंने समसामयिक घटनाओं के साथ-साथ ऐतिहासिक, सामाजिक और आध्यात्मिक विषयों को भी पाठकों तक पहुँचाने का प्रयास किया है।