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पाकिस्तान के खैबर पख्तूनख्वा की मस्जिद में जुमे के दिन नमाज के दौरान बम धमाके से 6 की मौत

Saransh Kanaujia
Saransh Kanaujia - Editor
2 Min Read

इस्लामाबाद. पाकिस्तान के उत्तर-पश्चिमी प्रांत खैबर पख्तूनख्वा में एक मदरसे (जामिया हक्कानिया मदरसा) में शुक्रवार को बम ब्लास्ट हो गया। इस घटना में छह लोगों की मौत हो गई। वहीं, 20 से ज्यादा लोग घायल हो गए हैं। इस ब्लास्ट में मदरसे के प्रमुख भी घायल हो गए हैं। यह मदरसा प्रांत के नौशेरा इलाके में स्थित है।

आत्मघाती हमले का शक

विस्फोट मदरसे के मुख्य हॉल में शुक्रवार की नमाज के दौरान हुआ, जिसके बाद अधिकारियों ने नौशेरा में आपातकाल की घोषणा कर दी। शुरुआत जांच के अनुसार, ये एक आत्मघाती हमला था। मदरसे की स्थापना सितंबर 1947 में इस्लामिक विद्वान मौलाना अब्दुल हक हक्कानी ने की थी। पिछले महीने पाकिस्तान के बलूचिस्तान प्रांत में सड़क किनारे एक बम ब्लास्ट हो गया था। इस हादसे में एक व्यक्ति की मौत हो गई थी।

कायरतापूर्ण और जघन्य अपराध: शहबाज शरीफ

प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने इस घटना पर दुख प्रकट किया है। उन्होंने कहा, “आतंकवाद के ऐसे कायराना और जघन्य कृत्य आतंकवाद के खिलाफ हमारे संकल्प को कमजोर नहीं कर सकते।” (हम) देश से आतंकवाद के सभी रूपों को पूरी तरह से मिटाने के लिए दृढ़ हैं।” आंतरिक मंत्रालय के एक्स पर पोस्ट के अनुसार, पाकिस्तान के आंतरिक मंत्री मोहसिन नकवी ने भी विस्फोट की निंदा की, गहरा दुख और खेद व्यक्त किया।

साभार : दैनिक जागरण

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लेखक वर्ष 2011 से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं। अब तक वे इतिहास से जुड़ी चार पुस्तकों का लेखन कर चुके हैं—‘भारत : 1857 से 1957 इतिहास पर एक दृष्टि’, ‘भारत : 1885 से 1950 इतिहास पर एक दृष्टि’, ‘गाँधी जी की राजनीतिक यात्रा के कुछ पन्ने’ और ‘1857 का स्वतंत्रता समर – कारण से परिणाम तक’। पत्रकारिता के क्षेत्र में वे विशेष रूप से राजनीति, अर्थव्यवस्था, सामाजिक विषयों और आध्यात्म से जुड़े समाचारों एवं विषयों पर लेखन करते रहे हैं। वर्षों के पत्रकारिता अनुभव और विभिन्न विषयों पर निरंतर लेखन के माध्यम से उन्होंने समसामयिक घटनाओं के साथ-साथ ऐतिहासिक, सामाजिक और आध्यात्मिक विषयों को भी पाठकों तक पहुँचाने का प्रयास किया है।