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कानपुर के बुजुर्गों के लिए बड़ी सौगात: अटल वयो अभ्युदय योजना से मिलेगा सम्मान और सुरक्षा

Saransh Kanaujia
Saransh Kanaujia - Editor
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कानपुर. सीसामऊ स्थित श्री ठाकुर राधा किशन जी महाराज विराजमान मन्दिर परिसर में सृजन सोसायटी द्वारा एक प्रेस वार्ता का आयोजन किया गया। इस वार्ता का मुख्य उद्देश्य “अटल वयो अभ्युदय योजना“ के प्रभावी क्रियान्वयन और वरिष्ठ नागरिकों के कल्याण की दिशा में उठाए जा रहे कदमों की जानकारी साझा करना था।

बुजुर्गों को मिलेगी सामाजिक सुरक्षा और सम्मान

प्रेस वार्ता को संबोधित करते हुए आयोजक उमा शुक्ला एवं जे.पी. सिंह ने बताया कि यह भारत सरकार की एक अत्यंत महत्वपूर्ण योजना है। इसका प्राथमिक लक्ष्य वरिष्ठ नागरिकों के जीवन स्तर में सुधार लाना, उन्हें सामाजिक सुरक्षा प्रदान करना और एक सम्मानजनक जीवन सुनिश्चित करना है।

योजना के तहत वृद्धजनों के लिए निम्नलिखित सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं:

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  • डे–केयर सेंटर और हेल्पलाइन सेवाएं।
  • स्वास्थ्य जांच और काउंसलिंग की सुविधा।
  • मनोरंजन और कौशल विकास के अवसर।

जनजागरूकता के लिए विशेष अभियान

वक्ताओं ने जानकारी दी कि समाज में बुजुर्गों के प्रति संवेदनशीलता बढ़ाने के लिए समय-समय पर जनजागरूकता कार्यक्रम, शिविर और चौपालों का आयोजन किया जा रहा है। इन कार्यक्रमों के माध्यम से वृद्धजनों को उनके अधिकारों और सरकार द्वारा दी जा रही सहायता सेवाओं की जानकारी दी जाती है।

आयोजकों ने नागरिकों से अपील की कि वे अपने परिवार और समाज के बुजुर्गों की उचित देखभाल करें और उन्हें सरकारी योजनाओं का लाभ दिलाने में सक्रिय सहयोग प्रदान करें।

विशेष कार्यक्रम: ‘एक चिट्ठी बाबा–दादी के नाम’ सृजन सोसायटी द्वारा आगामी 15 मार्च को किदवई नगर के बाला जी पार्क (Y-ब्लॉक) में सुबह 8:30 बजे से 10:00 बजे तक ‘एक चिट्ठी बाबा-दादी के नाम’ कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा।

matribhumisamachar.com/

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लेखक वर्ष 2011 से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं। अब तक वे इतिहास से जुड़ी चार पुस्तकों का लेखन कर चुके हैं—‘भारत : 1857 से 1957 इतिहास पर एक दृष्टि’, ‘भारत : 1885 से 1950 इतिहास पर एक दृष्टि’, ‘गाँधी जी की राजनीतिक यात्रा के कुछ पन्ने’ और ‘1857 का स्वतंत्रता समर – कारण से परिणाम तक’। पत्रकारिता के क्षेत्र में वे विशेष रूप से राजनीति, अर्थव्यवस्था, सामाजिक विषयों और आध्यात्म से जुड़े समाचारों एवं विषयों पर लेखन करते रहे हैं। वर्षों के पत्रकारिता अनुभव और विभिन्न विषयों पर निरंतर लेखन के माध्यम से उन्होंने समसामयिक घटनाओं के साथ-साथ ऐतिहासिक, सामाजिक और आध्यात्मिक विषयों को भी पाठकों तक पहुँचाने का प्रयास किया है।