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DRDO के नए नवाचार: हाइपरसोनिक मिसाइल से लेकर साइलेंट सबमरीन तक, भारत की रक्षा शक्ति में बड़ा इजाफा

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ओडिशा तट से 'प्रलय' मिसाइल का सफल साल्वो लॉन्च

नई दिल्ली. भारत के रक्षा अनुसंधान एवं विकास संगठन (DRDO) ने साल 2026 की शुरुआत धमाकेदार तरीके से की है। अत्याधुनिक मिसाइल परीक्षणों से लेकर गणतंत्र दिवस परेड की तैयारियों तक, DRDO ‘आत्मनिर्भर भारत’ के संकल्प को नई ऊंचाइयों पर ले जा रहा है।

रक्षा अनुसंधान एवं विकास संगठन (DRDO) ने जनवरी 2026 में अपनी तकनीकी क्षमता का लोहा मनवाते हुए कई ऐसी प्रणालियां विकसित की हैं, जो भारत को दुनिया के चुनिंदा देशों की कतार में खड़ा करती हैं। इस साल के नवाचारों में सबसे बड़ा नाम हाइपरसोनिक मिसाइल और स्वदेशी एयर इंडिपेंडेंट प्रोपल्शन (AIP) सिस्टम का है।

🚀 1. LR-AShM: भारत की पहली ‘हाइपरसोनिक’ मारक क्षमता

DRDO इस गणतंत्र दिवस (26 जनवरी 2026) पर पहली बार Long Range Anti-Ship Hypersonic Missile (LR-AShM) का प्रदर्शन करने जा रहा है।

  • रफ्तार: यह मिसाइल मैक 5 (ध्वनि की गति से 5 गुना) से अधिक की औसत गति से चलती है और अधिकतम मैक 10 तक पहुंच सकती है।

  • खासियत: यह एक ‘हाइपरसोनिक ग्लाइड’ मिसाइल है, जो अनियमित रास्ते (Quasi-ballistic trajectory) पर चलती है। इतनी तेज गति और पैंतरेबाज़ी के कारण दुश्मन के रडार और डिफेंस सिस्टम इसे ट्रैक नहीं कर पाते।

  • रेंज: इसकी मारक क्षमता लगभग 1,500 किलोमीटर है, जिसे भविष्य में 3,500 किलोमीटर तक बढ़ाने की योजना है।

⚓ 2. नौसेना के लिए ‘साइलेंट किलर’ तकनीक (AIP)

DRDO की झांकी इस बार ‘कॉम्बैट सबमरीन के लिए नौसेना प्रौद्योगिकियां’ विषय पर आधारित है।

  • AIP सिस्टम: यह तकनीक पारंपरिक पनडुब्बियों को हफ्तों तक पानी के नीचे रहने की क्षमता देती है। यह पनडुब्बी को इतना शांत बना देती है कि दुश्मन की सोनार प्रणाली उसे पकड़ नहीं पाती।

  • ICS (Integrated Combat Suite): यह पनडुब्बी के भीतर एक ऐसा सिस्टम है जो युद्ध की स्थिति में सटीक निर्णय लेने के लिए रडार, सोनार और हथियारों को एक साथ जोड़ता है।

🎯 3. ‘प्रलय’ और ‘आकाश-NG’ के सफल परीक्षण

जनवरी की शुरुआत में DRDO ने ‘प्रलय’ (Pralay) मिसाइल के दो सफल ‘साल्वो लॉन्च’ (एक साथ दो मिसाइलें दागना) किए।

  • यह 150-500 किमी रेंज की सतह से सतह पर मार करने वाली बैलिस्टिक मिसाइल है।

  • इसके अलावा आकाश-NG (New Generation) मिसाइल का परीक्षण भी सफल रहा, जो मैक 2.5 की गति से 70 किमी दूर के हवाई लक्ष्यों को ध्वस्त कर सकती है।

🛡️ 4. अन्य महत्वपूर्ण नवाचार

  • SWaDeS सिस्टम: सैनिकों के लिए पोर्टेबल समुद्री जल शुद्धिकरण प्रणाली, जो समुद्री पानी को 2-3 मिनट में पीने योग्य बना देती है।

  • MPATGM (तीसरी पीढ़ी): ‘दागो और भूल जाओ’ तकनीक वाली एंटी-टैंक मिसाइल का सफल परीक्षण, जो रात में भी टैंकों को नष्ट कर सकती है।

  • Fighter Escape System: लड़ाकू विमानों के पायलटों के लिए रॉकेट-स्लेड आधारित नया एस्केप सिस्टम, जो आपात स्थिति में सुरक्षित निकलने में मदद करेगा।

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