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बांग्लादेश में नमाज से 5 मिनट पहले हिन्दुओं को बंद करनी होगी पूजा और लाउडस्पीकर

Saransh Kanaujia
Saransh Kanaujia - Editor
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ढाका. बांग्लादेश में मोहम्मद यूनुस के नेतृत्व वाली अंतरिम सरकार में गृह मंत्रालय ने तालिबानी फरमान जारी किया है। मंगलवार 10 सितम्बर को जारी बांग्लादेश के गृह मंत्रालय के आदेश में दुर्गा पूजा से पहले देश के अल्पसंख्यक हिंदू समुदाय को निर्देशित किया गया है। इसमें पूजा समितियों को अजान और नमाज से पांच मिनट पहले दुर्गा पूजा से जुड़े अनुष्ठान और साउंड सिस्टम बंद करने का निर्देश दिया गया है। इस आदेश से हिंदू समुदाय में आक्रोश है। बांग्लादेश की अंतरिम सरकार के आदेश की तुलना लोग तालिबानी फरमान से कर रहे हैं। इस फैसले का विरोध भी किया जा रहा है।

बांग्लादेश के गृह सलाहकार ने सुनाया फैसला

बांग्लादेश की मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, गृह मंत्रालय के सलाहकार लेफ्टिनेंट जनरल (रि) मोहम्मद जहांगीर आलम चौधरी ने मंगलवार को सचिवालय में बांग्लादेश पूजा उद्यापन परिषद के नेताओं से मुलाकात की थी। बैठक के बाद गृह मामलों के सलाहकार ने दुर्गा पूजा से पहले कानून और व्यवस्था के मुद्दे पर एक प्रेस कॉन्फ्रेंस की। कॉन्फ्रेंस के दौरान चौधरी ने कहा कि पूजा समितियों को अजान और नमाज से पांच मिनट पहले और उसके दौरान संगीत वाद्ययंत्र और साउंड सिस्टम बंद रखने के लिए कहा गया है।

फैसले को लेकर हो रहा विरोध

बांग्लादेश सरकार के इस फैसले के तीखी आलोचना हो रही है। इस्कॉन कोलकाता के उपाध्यक्ष और प्रवक्ता राधारमण दास ने जहांगीर आलम चौधरी का वीडियो शेयर करते हुए लिखा, बांग्लादेश गृह मंत्रालय के सलाहकार से मिलिए, जो निर्देश दे रहे हैं कि हिंदुओं को अजान से पांच मिनट पहले अपनी पूजा, संगीत और अन्य पर रोक लगा देनी चाहिए, वरना गिरफ्तारी का सामना करना पड़ेगा। ये नया तालिबानी बांग्लादेश है। लेकिन कोई भी बॉलीवुडिया बांग्लादेशी अल्पसंख्यकों के लिए प्लेकार्ड नहीं उठाएगा क्योंकि वे हिंदू हैं।

बांग्लादेशी हिंदुओं का सबसे बड़ा त्योहार

बांग्लादेश में दुर्गा पूजा हिंदू समुदाय का सबसे बड़ा धार्मिक त्योहार है। बांग्लादेशी हिंदू 9 अक्तूबर से 13 अक्तूबर तक दुर्गा पूजा मनाएंगे। चौधरी ने दावा किया कि हिंदू समुदाय के लोगों की आवाजाही के कारण दुर्गा पूजा के दौरान कानून-व्यवस्था में बनाए रखने में समस्या आती है। उन्होंने कहा कि बहुत से बांग्लादेशी लोग पूजा मनाने के लिए भारतीय क्षेत्र में जाते हैं, जबकि भारतीय लोग हमारे क्षेत्र में आते थे। इस बार अंतरिम सरकार ने इस आवाजाही को रोकने का फैसला किया है। चौधरी ने कहा, ‘मैंने इस बार सीमावर्ती क्षेत्रों में अच्छू पूजा मंडप बनाने का अनुरोध किया है, ताकि हमारे लोगों को पूजा देखने के लिए दूसरी तरफ न जाना पड़े।’ दुर्गा पूजा के दौरान हिंदुओं पर बांग्लादेश से हिंदुओं पर हमलों की खबरें आती हैं। हालांकि, चौधरी ने दावा किया कि इस बार मूर्तियों के निर्माण के समय से ही हिंदू समुदाय की सुरक्षा सुनिश्चित की जाएगी।

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साभार : नवभारत टाइम्स

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लेखक वर्ष 2011 से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं। अब तक वे इतिहास से जुड़ी चार पुस्तकों का लेखन कर चुके हैं—‘भारत : 1857 से 1957 इतिहास पर एक दृष्टि’, ‘भारत : 1885 से 1950 इतिहास पर एक दृष्टि’, ‘गाँधी जी की राजनीतिक यात्रा के कुछ पन्ने’ और ‘1857 का स्वतंत्रता समर – कारण से परिणाम तक’। पत्रकारिता के क्षेत्र में वे विशेष रूप से राजनीति, अर्थव्यवस्था, सामाजिक विषयों और आध्यात्म से जुड़े समाचारों एवं विषयों पर लेखन करते रहे हैं। वर्षों के पत्रकारिता अनुभव और विभिन्न विषयों पर निरंतर लेखन के माध्यम से उन्होंने समसामयिक घटनाओं के साथ-साथ ऐतिहासिक, सामाजिक और आध्यात्मिक विषयों को भी पाठकों तक पहुँचाने का प्रयास किया है।