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अमेरिकी पुलिस गुरुद्वारों में अवैध प्रवासियों को ढूंढने पहुँची

Saransh Kanaujia
Saransh Kanaujia - Editor
4 Min Read

वाशिंगटन. अमेरिका में डोनाल्ड ट्रम्प के शपथ ग्रहण के बाद बड़े पैमाने अवैध अप्रवासियों के खिलाफ कार्रवाई की जा रही है। इसी दौरान अमेरिकी सुरक्षा विभाग (होमलैंड सिक्योरिटी डिपार्टमेंट) ने सोमवार को न्यूयॉर्क और न्यू जर्सी के कई गुरुद्वारों की जांच की। सिख संगठनों ने गुरुद्वारे में घुसकर जांच करने पर विरोध जाहिर किया है। उन्होंने कहा कि ऐसी गतिविधियां उनके धर्म की पवित्रता को नुकसान पहुंचाती हैं। सिख अमेरिकन लीगल डिफेंस एंड एजुकेशन फंड (SALDF) की निदेशक किरण कौर गिल ने कहा- हम होमलैंड सिक्योरिटी डिपार्टमेंट के इस फैसले से बहुत परेशान हैं, जिसमें संवेदनशील क्षेत्रों की सुरक्षा खत्म कर दी गई है और गुरुद्वारों जैसे धार्मिक स्थलों को निशाना बनाया गया है। इससे पहले US इमिग्रेशन एंड कस्टम इंफोर्समेंट (ICE) अधिकारियों ने रविवार को एक दिन में 956 अवैध अप्रवासियों को गिरफ्तार किया था। इन्हें गिरफ्तार कर उनके देश भेजने की तैयारी की जा रही है।

गुरुद्वारे भोजन, आवास और आध्यात्मिक शांति देते हैं

SALDF ने कहा कि गुरुद्वारे सिर्फ पूजा स्थल नहीं हैं, वे सामुदायिक केंद्र हैं जो सिखों और दूसरे समुदाय के लोगों को आवास, भोजन और आध्यात्मिक शांति देते हैं। इन स्थानों पर कार्रवाई करने से हमारी आस्था की पवित्रता को खतरे में पड़ती है। सिख संगठन ने कहा कि यह सोचना कि हमारे गुरुद्वारों पर सरकारी निगरानी हो सकती है और वारंट के साथ या बिना हथियार लेकर छापे मारे जा सकते हैं, यह हमारी सिख परंपरा के लिए स्वीकार नहीं है।

अपराधी अब स्कूलों और चर्चों में नहीं छिप सकते

वहीं, होमलैंड डिपार्टमेंट ने इसे लेकर X पर लिखा- आज पूरे न्यू जर्सी में तलाशी अभियान शुरू किया गया है, ताकि अमेरिकी इमिग्रेशन कानून को लागू किया जा सके। इससे खतरनाक विदेशी अपराधियों को हमारे समाज से बाहर करके राष्ट्रीय सुरक्षा को मजबूत बनाया जाएगा। होमलैंड सुरक्षा विभाग के प्रवक्ता ने कहा कि यह कार्रवाई पुलिस के बहादुर सिपाहियों को इमिग्रेशन कानून को लागू करने में मदद करती है। इससे हमारे सिपाही मजबूती के साथ विदेशी अपराधियों को पकड़ने की कार्रवाई कर सकते हैं, इनमें हत्यारे और बलात्कारी भी शामिल हैं, जो अवैध रूप से हमारे देश में आ गए हैं।

प्रवक्ता ने कहा कि अपराधी अब गिरफ्तारी से बचने के लिए अमेरिका के स्कूलों और चर्चों में नहीं छिप सकते। ट्रम्प प्रशासन हमारे बहादुर अधिकारियों के हाथ नहीं बांधेगा, बल्कि उन पर भरोसा करेगा। अवैध प्रवासियों के खिलाफ ट्रम्प ने जारी किया आदेश ट्रम्प ने 20 जनवरी को शपथ लेने के बाद अवैध अप्रवासियों की एंट्री बैन करने, उन्हें डिपोर्ट करने और जन्मजात नागरिकता (बर्थराइट सिटीजनशिप) को खत्म करने के लिए एग्जीक्यूटिव ऑर्डर जारी किया है। अमेरिका में अवैध रूप से रह रहे भारतीय कितने हैं, इसके बारे में कोई जानकारी नहीं है। हालांकि पिछले साल होमलैंड सुरक्षा विभाग के एक रिपोर्ट में यह अनुमान लगाया गया था कि 2022 तक अमेरिका में करीब 2 लाख 20 हजार भारतीय अवैध रूप से रह रहे थे।

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प्यू रिसर्च सेंटर के मुताबिक अमेरिका में दुनिया के सबसे ज्यादा अप्रवासी हैं। दुनिया के कुल 20% अप्रवासी अमेरिका में ही रहते हैं। 2023 तक यहां रहने वाले अप्रवासियों की कुल संख्या 4.78 करोड़ थी। ट्रम्प का मानना है कि दूसरे देशों से लोग अवैध तरीके से अमेरिका में घुसकर अपराध करते हैं।

साभार : दैनिक भास्कर

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लेखक वर्ष 2011 से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं। अब तक वे इतिहास से जुड़ी चार पुस्तकों का लेखन कर चुके हैं—‘भारत : 1857 से 1957 इतिहास पर एक दृष्टि’, ‘भारत : 1885 से 1950 इतिहास पर एक दृष्टि’, ‘गाँधी जी की राजनीतिक यात्रा के कुछ पन्ने’ और ‘1857 का स्वतंत्रता समर – कारण से परिणाम तक’। पत्रकारिता के क्षेत्र में वे विशेष रूप से राजनीति, अर्थव्यवस्था, सामाजिक विषयों और आध्यात्म से जुड़े समाचारों एवं विषयों पर लेखन करते रहे हैं। वर्षों के पत्रकारिता अनुभव और विभिन्न विषयों पर निरंतर लेखन के माध्यम से उन्होंने समसामयिक घटनाओं के साथ-साथ ऐतिहासिक, सामाजिक और आध्यात्मिक विषयों को भी पाठकों तक पहुँचाने का प्रयास किया है।