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पाकिस्तान ने एलओसी पर की फायरिंग, भारतीय सेना ने दिया करारा जवाब

Saransh Kanaujia
Saransh Kanaujia - Editor
3 Min Read

नई दिल्ली. भारत और पाकिस्तान के बीच तनाव काफी ज्यादा बढ़ गया है. पहलगाम आतंकी हमले के बाद भारत ने कुछ सख्त फैसले लिए हैं. इसका पाकिस्तान पर गहरा असर पड़ा है. इस बीच एक अहम खबर आयी है. पाकिस्तान ने नियंत्रण रेखा (एलओसी) पर गोलीबारी की. भारत ने इसका उसे मुंहतोड़ जवाब दिया है. भारतीय सेना ने जम्मू कश्मीर के कुछ हिस्सों में सर्च ऑपरेशन भी चला रखा है. आतंकियों की तलाश की जा रही है.

पाकिस्तानी सेना ने एलओसी के कुछ हिस्सों में फायरिंग की. भारत ने इसका करारा जवाब दिया है. अहम बात यह है कि किसी के हताहत होने की खबर नहीं है. इस बीच भारतीय सेना की प्रमुख जनरल उपेंद्र द्विवेदी बॉर्डर का दौरा करेंगे. वे जल्द ही उधमपुर और श्रीनगर के लिए रवाना हो सकते हैं. उनकी यहां सुरक्षा एजेंसियों के अधिकारियों से मुलाकात होगी.

भारत के सख्त फैसलों से पाकिस्तान का उड़ा होश

भारत ने पहलगाम में हुए आतंकी हमले के बाद सिंधु जल समझौता स्थगित कर दिया है. इसकी वजह से पाकिस्तान को काफी नुकसान होगा. भारत ने अटारी बॉर्डर बंद करने का फैसला किया है. इसके साथ ही पाकिस्तानी नागरिकों के वीजा पर भी प्रतिबंध लग गया है. भारत ने पाकिस्तान का ऑफिशियल एक्स हैंडल भारत में बैन कर दिया है.

भारत के फैसलों के बाद पाकिस्तान ने बंद किया एयर स्पेस

भारत के फैसलों के बाद पाकिस्तान ने भी कदम उठाया है. उसने भारत के लिए अपना एयर स्पेस बंद कर दिया है. रिपोर्ट्स के मुताबिक पाकिस्तान ने बॉर्डर के पास सेना भी बढ़ा दी है. दूसरी ओर भारतीय सेना के जवानों ने भी मोर्चा संभाल रखा है. पहलगाम में हुए आतंकी हमले में 26 लोगों की मौत हो गई.

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साभार : एबीपी न्यूज

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लेखक वर्ष 2011 से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं। अब तक वे इतिहास से जुड़ी चार पुस्तकों का लेखन कर चुके हैं—‘भारत : 1857 से 1957 इतिहास पर एक दृष्टि’, ‘भारत : 1885 से 1950 इतिहास पर एक दृष्टि’, ‘गाँधी जी की राजनीतिक यात्रा के कुछ पन्ने’ और ‘1857 का स्वतंत्रता समर – कारण से परिणाम तक’। पत्रकारिता के क्षेत्र में वे विशेष रूप से राजनीति, अर्थव्यवस्था, सामाजिक विषयों और आध्यात्म से जुड़े समाचारों एवं विषयों पर लेखन करते रहे हैं। वर्षों के पत्रकारिता अनुभव और विभिन्न विषयों पर निरंतर लेखन के माध्यम से उन्होंने समसामयिक घटनाओं के साथ-साथ ऐतिहासिक, सामाजिक और आध्यात्मिक विषयों को भी पाठकों तक पहुँचाने का प्रयास किया है।