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भारतीय नौसेना का जहाज कदमत्त सुराबाया बंदरगाह पर पहुंचा

Saransh Kanaujia
Saransh Kanaujia - Editor
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भारतीय नौसेना के जहाज आईएनएस कदमत्त ने इंडोनेशिया के सुरबाया में तीन दिवसीय बंदरगाह प्रवास सफलतापूर्वक पूरा किया। यह एक स्वदेशी पनडुब्बी रोधी युद्धपोत है। इसके प्रवास से भारतीय नौसेना और इंडोनेशिया की नौसेना (टीएनआई एएल) के बीच मैत्री, विश्वास एवं आपसी सहभागिता को विस्तार मिला है।

यात्रा के दौरान, समुद्री सहयोग और आपसी समझ को बढ़ाने के लिए व्यावसायिक एवं सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित किए गए। प्रमुख गतिविधियों में कार्यात्मक संवाद और क्रॉस-डेक दौरे शामिल थे – जिससे दोनों देशों की नौसेनाओं के बीच परिचालन तालमेल को बढ़ावा मिला है।

चालक दल ने जहाज पर संयुक्त योग सत्र और टीएनआई एएल कर्मियों के साथ एक मैत्रीपूर्ण वॉलीबॉल मैच में भी भाग लिया, जिससे सौहार्द व सहयोग की साझा भावना प्रदर्शित हुई।

इस जहाज ने सामुदायिक पहुंच के एक भाग के रूप में इंडोनेशिया में रहने वाले भारतीय प्रवासियों का स्वागत किया, उन्हें जहाज पर आने और चालक दल के साथ बातचीत करने का अवसर प्रदान किया। इसके अतिरिक्त, वरिष्ठ नौसेना नेतृत्व के साथ शिष्टाचार भेंट ने क्षेत्र में सुरक्षित एवं स्थिर समुद्री क्षेत्र सुनिश्चित करने की दिशा में मिलकर काम करने की दोनों देशों की प्रतिबद्धता पर और अधिक बल दिया।

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आईएनएस कदमत्त की यात्रा ने इस क्षेत्र में पसंदीदा सुरक्षा साझेदार के रूप में भारतीय नौसेना की भूमिका की पुष्टि की और ‘समुद्र पार साझेदारी’ के साझा दृष्टिकोण के तहत भारत तथा इंडोनेशिया के बीच दीर्घकालिक समुद्री साझेदारी को सशक्त किया।

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लेखक वर्ष 2011 से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं। अब तक वे इतिहास से जुड़ी चार पुस्तकों का लेखन कर चुके हैं—‘भारत : 1857 से 1957 इतिहास पर एक दृष्टि’, ‘भारत : 1885 से 1950 इतिहास पर एक दृष्टि’, ‘गाँधी जी की राजनीतिक यात्रा के कुछ पन्ने’ और ‘1857 का स्वतंत्रता समर – कारण से परिणाम तक’। पत्रकारिता के क्षेत्र में वे विशेष रूप से राजनीति, अर्थव्यवस्था, सामाजिक विषयों और आध्यात्म से जुड़े समाचारों एवं विषयों पर लेखन करते रहे हैं। वर्षों के पत्रकारिता अनुभव और विभिन्न विषयों पर निरंतर लेखन के माध्यम से उन्होंने समसामयिक घटनाओं के साथ-साथ ऐतिहासिक, सामाजिक और आध्यात्मिक विषयों को भी पाठकों तक पहुँचाने का प्रयास किया है।