रांची. झारखंड के पश्चिमी सिंहभूम (चाईबासा) जिले में स्थित सारंडा के जंगलों में आज, 22 जनवरी 2026 की सुबह सुरक्षाबलों और नक्सलियों के बीच अब तक की सबसे भीषण मुठभेड़ों में से एक हुई है। केंद्र सरकार के ‘मार्च 2026 तक नक्सलवाद खत्म करने’ के लक्ष्य के तहत यह एक बड़ी कामयाबी मानी जा रही है।
1. मुठभेड़ का विवरण और मुख्य सफलता
गुरुवार सुबह करीब 6:00 बजे किरीबुरु थाना क्षेत्र के कुमडी और कुंभडीह इलाके में सुरक्षाबलों और नक्सलियों का आमना-सामना हुआ।
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बड़ी कामयाबी: प्रारंभिक रिपोर्टों के अनुसार, 15 से 16 नक्सली ढेर किए जा चुके हैं।
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शीर्ष कमांडर का अंत: सबसे बड़ी खबर यह है कि प्रतिबंधित सीपीआई (माओवादी) का शीर्ष नेता पतिराम मांझी उर्फ ‘अनल दा’, जिस पर 1 करोड़ रुपये का इनाम था, इस मुठभेड़ में मारा गया है।
2. ऑपरेशन में शामिल बल
इस बड़े ऑपरेशन को अंजाम देने के लिए भारी संख्या में सुरक्षाबलों की तैनाती की गई थी:
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CoBRA बटालियन: सीआरपीएफ की विशिष्ट इकाई कोबरा (203, 205 और 209 यूनिट) ने मोर्चा संभाला।
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झारखंड पुलिस: जिला पुलिस और अन्य सहायक बलों ने जंगलों की घेराबंदी की।
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कुल मिलाकर करीब 1,500 जवान इस सर्च ऑपरेशन और मुठभेड़ में शामिल बताए जा रहे हैं।
3. बरामदगी और नुकसान
मुठभेड़ स्थल से भारी मात्रा में हथियारों और गोला-बारूद का जखीरा बरामद हुआ है:
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हथियार: कई AK-47 राइफलें, इंसास (INSAS) राइफलें, .303 राइफलें और एक बीजीएल (BGL) लॉन्चर।
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नक्सली दस्ते को झटका: यह दस्ता मुख्य रूप से मिसिर बेसरा और अनल दा का माना जा रहा था। अनल दा की मौत नक्सली संगठन के लिए पिछले कई दशकों का सबसे बड़ा झटका है।
4. आधिकारिक बयान
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आईजी (अभियान) माइकल राज एस: उन्होंने पुष्टि की कि खुफिया जानकारी के आधार पर ऑपरेशन शुरू किया गया था। नक्सलियों ने घात लगाकर हमला किया, जिसका सुरक्षाबलों ने करारा जवाब दिया।
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डीआईजी अनुरंजन किस्पोट्टा: उन्होंने बताया कि इलाका बेहद दुर्गम और घना जंगल है, इसलिए ऑपरेशन अभी भी जारी है और सुरक्षा कारणों से पूरे इलाके को सील कर दिया गया है।
घटना का सारांश (22 जनवरी 2026)
| विवरण | जानकारी |
| स्थान | सारंडा जंगल (कुमडी/कुंभडीह), चाईबासा |
| मारे गए नक्सली | 15-16 (अनुमानित) |
| मुख्य हताहत | अनल दा (1 करोड़ का इनामी) |
| ऑपरेशन की स्थिति | जारी (सर्च ऑपरेशन चालू है) |
Matribhumisamachar


