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बाल-बाल बची 161 जान! दिल्ली एयरपोर्ट पर इंडिगो विमान का इंजन फेल, देखें कैसे टली बड़ी आपदा

Saransh Kanaujia
Saransh Kanaujia - Editor
4 Min Read

नई दिल्ली | शनिवार, 28 मार्च 2026

राजधानी के इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय (IGI) हवाई अड्डे पर आज सुबह एक बड़ा विमान हादसा टल गया। विशाखापट्टनम से आ रही इंडिगो की फ्लाइट 6E 579 के एक इंजन ने लैंडिंग से ठीक पहले काम करना बंद कर दिया। पायलट की तत्परता और एटीसी (ATC) के त्वरित एक्शन की वजह से सभी 161 यात्री और क्रू सदस्य सुरक्षित हैं।

क्या हुआ था आसमान में? (घटनाक्रम)

मिली जानकारी के अनुसार, बोइंग 737 विमान जब दिल्ली के करीब था, तभी उसके इंजन नंबर 1 में भारी कंपन (High Vibrations) के बाद वह अचानक बंद हो गया।

  • 10:39 AM: पायलट ने एटीसी को इंजन फेलियर की सूचना दी और ‘इमरजेंसी’ घोषित की।

  • 10:53 AM: एयरपोर्ट पर ‘फुल इमरजेंसी’ लागू कर रनवे 28 को खाली कराया गया। दमकल की गाड़ियाँ और मेडिकल टीमें तैनात की गईं।

  • 10:54 AM: विमान ने केवल एक इंजन के सहारे सुरक्षित लैंडिंग की।

लीज पर लिया गया था विमान: चौंकाने वाला खुलासा

जांच में सामने आया है कि यह विमान इंडिगो ने तुर्की की कोरेन्डन एयरलाइंस (Corendon Airlines) से ‘वेट-लीज’ पर लिया था। विमान करीब 15 साल पुराना बताया जा रहा है। इंडिगो के प्रवक्ता ने कहा, “तकनीकी खराबी (Technical Snag) के बाद मानक प्रक्रियाओं का पालन करते हुए प्रायोरिटी लैंडिंग कराई गई। विमान की गहन जांच की जा रही है।”

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चिंताजनक आंकड़े: 377 विमानों में ‘रिपीटेटिव डिफेक्ट’

यह घटना ऐसे समय में हुई है जब भारतीय विमानन क्षेत्र सुरक्षा के गंभीर दौर से गुजर रहा है। हाल ही में संसद में पेश किए गए सरकारी आंकड़ों (जनवरी 2025 – फरवरी 2026) के अनुसार:

  • 754 विमानों की जांच में से 377 विमानों में बार-बार खराबी (Repetitive Defects) पाई गई है।

  • एयर इंडिया ग्रुप: 267 में से 191 विमान (72%) बार-बार खराब हो रहे हैं।

  • इंडिगो: 405 में से 148 विमानों में लगातार तकनीकी समस्याएं दर्ज की गई हैं।

क्या है रिपीटेटिव डिफेक्ट? जब किसी विमान में एक ही तकनीकी समस्या मरम्मत के बाद भी बार-बार आती है, तो उसे सुरक्षा के लिए बड़ा खतरा माना जाता है।

DGCA की सख्ती: नाइट सर्विलांस और स्पॉट चेक तेज

बढ़ती घटनाओं को देखते हुए विमानन नियामक DGCA ने निगरानी बढ़ा दी है। पिछले एक साल में सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए 3,890 सर्विलांस इंस्पेक्शन और 550 नाइट सर्विलांस (बिना बताए रात में होने वाली जांच) किए गए हैं। नागरिक उड्डयन राज्य मंत्री मुरलीधर मोहोल के अनुसार, सुरक्षा मानकों से समझौता करने वाली एयरलाइंस पर भारी जुर्माना और लाइसेंस निलंबन जैसी कार्रवाई की जा रही है।

यात्रियों के लिए सलाह

अगर आपकी फ्लाइट में देरी होती है या तकनीकी कारणों से उसे रोका जाता है, तो यह आपकी सुरक्षा के लिए ही है। हालिया आंकड़ों को देखते हुए विशेषज्ञों का मानना है कि यात्रियों को उड़ान से पहले एयरलाइन के सुरक्षा रिकॉर्ड और डीजीसीए की अपडेटेड एडवाइजरी पर नजर रखनी चाहिए।

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लेखक वर्ष 2011 से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं। अब तक वे इतिहास से जुड़ी चार पुस्तकों का लेखन कर चुके हैं—‘भारत : 1857 से 1957 इतिहास पर एक दृष्टि’, ‘भारत : 1885 से 1950 इतिहास पर एक दृष्टि’, ‘गाँधी जी की राजनीतिक यात्रा के कुछ पन्ने’ और ‘1857 का स्वतंत्रता समर – कारण से परिणाम तक’। पत्रकारिता के क्षेत्र में वे विशेष रूप से राजनीति, अर्थव्यवस्था, सामाजिक विषयों और आध्यात्म से जुड़े समाचारों एवं विषयों पर लेखन करते रहे हैं। वर्षों के पत्रकारिता अनुभव और विभिन्न विषयों पर निरंतर लेखन के माध्यम से उन्होंने समसामयिक घटनाओं के साथ-साथ ऐतिहासिक, सामाजिक और आध्यात्मिक विषयों को भी पाठकों तक पहुँचाने का प्रयास किया है।