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रजनी भंडारी समेत 5 नेता कांग्रेस से बाहर, पार्टी विरोधी गतिविधियों में शामिल

Saransh Kanaujia
Saransh Kanaujia - Editor
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चमोली. पूर्व विधायक राजेंद्र भंडारी की पत्नी रजनी भंडारी समेत कांग्रेस के पांच नेताओं को छह साल के लिए पार्टी से निकाल दिया है। उत्तराखंड प्रदेश कांग्रेस कमेटी ने पीसीसी सदस्य रजनी भंडारी समेत कांग्रेस के पांच नेताओं को छह साल के लिए निष्कासित कर दिया है। उत्तराखंड कांग्रेस कमेटी के उपाध्यक्ष मथुरा दत्त जोशी और चमोली कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष मुकेश नेगी ने इसकी पुष्टि की है।
कांग्रेस पार्टी की मुख्य प्रवक्ता गरिमा दसौनी ने बताया कि कुछ कांग्रेसी नेताओं द्वारा पार्टी विरोधी गतिविधियाँ की जा रही हैं। इसे ध्यान में रखते हुए पार्टी ने सख्त रुख अपनाते हुए चमोली की जिला पंचायत अध्यक्ष रजनी भंडारी को तत्काल प्रभाव से 6 साल के लिए कांग्रेस से निष्कासित कर दिया है। उन्होंने बताया कि राजेंद्र भंडारी का इस्तीफा पार्टी को मिला था, लेकिन उनकी पत्नी रजनी भंडारी ने कोई इस्तीफा पीसीसी को नहीं दिया और पीसीसी को यह जानकारी मिली थी कि रजनी भंडारी समेत पांच कोंग्रेसी नेता पार्टी विरोधी गतिविधियों में संलिप्त हैं इसलिए सभी को पार्टी ने 6 साल के निष्कासित किया है। जिला पंचायत अध्यक्ष रजनी भंडारी ने कांग्रेस पार्टी से निष्कासित किए जाने पर कहा कि निष्कासन का कोई अर्थ ही नहीं होता। उन्होंने पहले ही कांग्रेस छोड़कर भाजपा की सदस्यता ले ली थी और अब निष्कासन करने का कोई औचित्य नहीं है। भाजपा प्रत्याशी राजेन्द्र भंडारी ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी के विकास के संकल्प के सफल परिणाम से प्रभावित होकर उन्होंने भाजपा ग्रहण की और वे स्वयं अपनी पत्नी संग त्यागपत्र दे चुके हैं।
मा.स./विक्रम सिंह

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लेखक वर्ष 2011 से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं। अब तक वे इतिहास से जुड़ी चार पुस्तकों का लेखन कर चुके हैं—‘भारत : 1857 से 1957 इतिहास पर एक दृष्टि’, ‘भारत : 1885 से 1950 इतिहास पर एक दृष्टि’, ‘गाँधी जी की राजनीतिक यात्रा के कुछ पन्ने’ और ‘1857 का स्वतंत्रता समर – कारण से परिणाम तक’। पत्रकारिता के क्षेत्र में वे विशेष रूप से राजनीति, अर्थव्यवस्था, सामाजिक विषयों और आध्यात्म से जुड़े समाचारों एवं विषयों पर लेखन करते रहे हैं। वर्षों के पत्रकारिता अनुभव और विभिन्न विषयों पर निरंतर लेखन के माध्यम से उन्होंने समसामयिक घटनाओं के साथ-साथ ऐतिहासिक, सामाजिक और आध्यात्मिक विषयों को भी पाठकों तक पहुँचाने का प्रयास किया है।