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विश्वजीत सहाय ने रक्षा महालेखा नियंत्रक का पदभार संभाला

Saransh Kanaujia
Saransh Kanaujia - Editor
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रक्षा वित्त और लोक प्रशासन में तीन दशकों से अधिक के अनुभव के साथ, भारतीय रक्षा लेखा सेवा (आईडीएएस) के 1990 बैच के अधिकारी श्री विश्वजीत सहाय ने 01 नवंबर, 2025 को रक्षा महालेखा नियंत्रक (सीजीडीए) का पदभार ग्रहण किया।

दिल्ली विश्वविद्यालय के सेंट स्टीफेंस कॉलेज के पूर्व छात्र रह चुके श्री विश्वजीत सहाय ने भारत सरकार में कई प्रमुख पदों पर कार्य किया है, जिनमें विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विभाग में अपर सचिव एवं वित्तीय सलाहकार; भारी उद्योग विभाग में संयुक्त सचिव; और रक्षा मंत्रालय में वित्त प्रबंधक (अधिग्रहण विंग) शामिल हैं। रक्षा लेखा विभाग में, उन्होंने प्रयागराज में रक्षा लेखा (पेंशन) के प्रधान नियंत्रक; संयुक्त सीजीडीए; और विशेष सीजीडीए जैसे महत्वपूर्ण पदों पर कार्य किया है।

श्री विश्वजीत सहाय ने कैंब्रिज विश्वविद्यालय, यूके और जॉर्ज सी. मार्शल यूरोपीय सुरक्षा अध्ययन केंद्र, जर्मनी के साथ अंतर्राष्ट्रीय प्रशिक्षण मंचों पर भारत का प्रतिनिधित्व किया है।

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यह भी पढ़ें : 1857 का स्वातंत्र्य समर : कारण से परिणाम तक

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लेखक वर्ष 2011 से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं। अब तक वे इतिहास से जुड़ी चार पुस्तकों का लेखन कर चुके हैं—‘भारत : 1857 से 1957 इतिहास पर एक दृष्टि’, ‘भारत : 1885 से 1950 इतिहास पर एक दृष्टि’, ‘गाँधी जी की राजनीतिक यात्रा के कुछ पन्ने’ और ‘1857 का स्वतंत्रता समर – कारण से परिणाम तक’। पत्रकारिता के क्षेत्र में वे विशेष रूप से राजनीति, अर्थव्यवस्था, सामाजिक विषयों और आध्यात्म से जुड़े समाचारों एवं विषयों पर लेखन करते रहे हैं। वर्षों के पत्रकारिता अनुभव और विभिन्न विषयों पर निरंतर लेखन के माध्यम से उन्होंने समसामयिक घटनाओं के साथ-साथ ऐतिहासिक, सामाजिक और आध्यात्मिक विषयों को भी पाठकों तक पहुँचाने का प्रयास किया है।