लोड हो रहा है...

गुजरात में सांप्रदायिक हिंसा के आरोप में साबरकांठा पुलिस ने 20 आरोपियों को गिरफ्तार किया

Saransh Kanaujia
Saransh Kanaujia - Editor
2 Min Read

गांधीनगर. गुजरात में साबरकांठा के माजरा गांव में शुक्रवार रात दो गुटों के बीच हिंसा हुई। हिंसा में करीब 10 लोग घायल हुए हैं। इस दौरान 30 वाहनों में आग लगा दी गई और कई घरों में तोड़फोड़ की गई। पुलिस ने अब तक 20 लोगों को हिरासत में लिया है। गांव में भारी पुलिस बल तैनात किया गया है। शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस ने फ्लैग मार्च भी निकाला।

साबरकांठा के DSP अतुल पटेल ने बताया, माजरा गांव में रात लगभग 10:30 बजे दो समूहों के बीच पथराव और आगजनी की घटना हुई। करीब 110 से 120 लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया है।हिंसा की वजह वजह पुरानी दुश्मनी बताई जा रही है। फिलहाल स्थिति नियंत्रण में लेकिन तनावपूर्ण है।

धार्मिक आयोजन को लेकर हुआ विवाद

पुलिस ने बताया कि गांव में धार्मिक कार्यक्रम के आयोजन को लेकर दो समूहों में झड़प हुई। मामूली बात पर विवाद बढ़ा और देखते ही देखते पथराव और मारपीट शुरू हो गई। दंगाईयों ने गांव में संपत्ति को भारी नुकसान पहुंचाया और कई वाहनों में आग लगा दी।

साथ ही कई घरों में भी तोड़फोड़ की गई।हिंसा के चलते करोड़ों रुपए की संपत्ति का नुकसान हुआ है। हिंसक घटना की गंभीरता को देखते हुए जिला पुलिस तुरंत हरकत में आई और गांव में भारी पुलिस बल तैनात कर दिया गया है। लिस ने तोड़फोड़ और हिंसा करने वाले असामाजिक तत्वों के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है और सीसीटीवी फुटेज के आधार पर उनकी गिरफ्तारी की जा रही है।

- Advertisement -

साभार : दैनिक भास्कर  

‘गांधी जी की राजनीतिक यात्रा के कुछ पन्ने’ पुस्तक के बारे में जानने के लिए लिंक पर क्लिक करें :

https://matribhumisamachar.com/2025/12/10/86283/

आप इस ई-बुक को पढ़ने के लिए निम्न लिंक पर भी क्लिक कर सकते हैं:

https://books.google.co.in/books?id=8-6KEQAAQBAJ

- Advertisement -

Related Post

Share This Article
Follow:
लेखक वर्ष 2011 से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं। अब तक वे इतिहास से जुड़ी चार पुस्तकों का लेखन कर चुके हैं—‘भारत : 1857 से 1957 इतिहास पर एक दृष्टि’, ‘भारत : 1885 से 1950 इतिहास पर एक दृष्टि’, ‘गाँधी जी की राजनीतिक यात्रा के कुछ पन्ने’ और ‘1857 का स्वतंत्रता समर – कारण से परिणाम तक’। पत्रकारिता के क्षेत्र में वे विशेष रूप से राजनीति, अर्थव्यवस्था, सामाजिक विषयों और आध्यात्म से जुड़े समाचारों एवं विषयों पर लेखन करते रहे हैं। वर्षों के पत्रकारिता अनुभव और विभिन्न विषयों पर निरंतर लेखन के माध्यम से उन्होंने समसामयिक घटनाओं के साथ-साथ ऐतिहासिक, सामाजिक और आध्यात्मिक विषयों को भी पाठकों तक पहुँचाने का प्रयास किया है।