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अमित शाह ने ऑपरेशन महादेव में शामिल जवानों को किया सम्मानित

Saransh Kanaujia
Saransh Kanaujia - Editor
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जम्मू. केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने बुधवार को कहा कि ऑपरेशन सिंदूर और ऑपरेशन महादेव ने आतंक के आकाओं को स्पष्ट संदेश दिया कि भारतीय नागरिकों की जान से खेलने का क्या परिणाम होता है। शाह ने साथ ही कहा कि ऑपरेशन सिंदूर से लोगों को तसल्ली मिली और ऑपरेशन महादेव ने इस तसल्ली को आत्मविश्वास में बदला। शाह ने भारतीय सेना, जम्मू-कश्मीर पुलिस और सीआरपीएफ (केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल) के उन जवानों को सम्मानित करते हुए यह बात कही जिन्होंने ऑपरेशन महादेव को सफलतापूर्वक अंजाम दिया और पहलगाम हमले में शामिल आतंकवादियों को मार गिराया।

पहलगाम हमले में 26 लोगों की हुई थी मौत

सशस्त्र बलों ने 22 अप्रैल को पहलगाम में हुए आतंकवादी हमले के जवाब में मई में ऑपरेशन सिंदूर चलाया था जिसमें पाकिस्तान और पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर में आतंकवादी ठिकानों एवं सैन्य प्रतिष्ठानों को निशाना बनाया गया था। पहलगाम हमले में 26 लोग मारे गए थे। ऑपरेशन महादेव के जरिए सुरक्षा बलों ने पहलगाम नरसंहार में शामिल आतंकवादियों को जुलाई में मार गिराया। शाह ने कहा, ऑपरेशन सिंदूर और ऑपरेशन महादेव ने आतंक के आकाओं को स्पष्ट संदेश दिया है कि भारतीय नागरिकों की जान से खेलने का क्या परिणाम होता है। गृह मंत्री ने कहा कि सुरक्षा बलों ने दुनिया को दिखा दिया है कि आतंकवादी चाहे कोई भी रणनीति अपना लें, वे अब भारत को नुकसान पहुंचाकर बच नहीं सकते। उन्होंने कहा कि जब कश्मीर में पर्यटन अपने चरम पर था, तब पहलगाम हमला ‘कश्मीर मिशन’ को पटरी से उतारने का एक असफल प्रयास था।

आतंकवाद के खिलाफ सेना और जम्मू-कश्मीर पुलिस निभा रही अहम भूमिका

शाह ने कहा कि सेना और अर्धसैनिक बलों के साथ-साथ, जम्मू-कश्मीर पुलिस भी अब आतंकवाद के खिलाफ लड़ाई में अग्रणी भूमिका निभा रही है। गृह मंत्री ने कहा, ‘‘चाहे सत्ता पक्ष हो या विपक्ष, सभी ने ऑपरेशन सिंदूर और ऑपरेशन महादेव को लेकर खुशी एवं उत्साह महसूस किया और सुरक्षा बलों के प्रति आभार व्यक्त किया।’’
उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय सुरक्षा के प्रति यही विश्वास हर क्षेत्र में दुनिया में सर्वोच्च स्थान प्राप्त करने की भारत की आकांक्षा का आधार है। शाह ने कहा कि राष्ट्रीय अन्वेषण अभिकरण (एनआईए) की फोरेंसिक प्रयोगशाला ने साबित कर दिया कि ऑपरेशन महादेव के दौरान मारे गए आतंकवादी वही थे जिन्होंने पहलगाम में नरसंहार को अंजाम दिया था। गृह मंत्री ने कहा, भारतीय नागरिकों के दिलों में सुरक्षा की भावना को मजबूत करने के लिए मैं प्रधानमंत्री (नरेन्द्र) मोदी और पूरे देश की ओर से सुरक्षा बलों को बधाई देता हूं।

साभार : नवभारत टाइम्स

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लेखक वर्ष 2011 से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं। अब तक वे इतिहास से जुड़ी चार पुस्तकों का लेखन कर चुके हैं—‘भारत : 1857 से 1957 इतिहास पर एक दृष्टि’, ‘भारत : 1885 से 1950 इतिहास पर एक दृष्टि’, ‘गाँधी जी की राजनीतिक यात्रा के कुछ पन्ने’ और ‘1857 का स्वतंत्रता समर – कारण से परिणाम तक’। पत्रकारिता के क्षेत्र में वे विशेष रूप से राजनीति, अर्थव्यवस्था, सामाजिक विषयों और आध्यात्म से जुड़े समाचारों एवं विषयों पर लेखन करते रहे हैं। वर्षों के पत्रकारिता अनुभव और विभिन्न विषयों पर निरंतर लेखन के माध्यम से उन्होंने समसामयिक घटनाओं के साथ-साथ ऐतिहासिक, सामाजिक और आध्यात्मिक विषयों को भी पाठकों तक पहुँचाने का प्रयास किया है।