मुंबई । शनिवार, 15 अगस्त 2026
भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) ने वाणिज्यिक बैंकों के लिए उपलब्ध विशेष Forex Swap Facility को तय समय से एक महीने पहले समाप्त करने का एक महत्वपूर्ण रणनीतिक फैसला लिया है। नई घोषणा के अनुसार, इस योजना के अंतर्गत बैंकों द्वारा नए FCNR(B) (Foreign Currency Non-Resident – Bank) जमा जुटाने की अंतिम तारीख 31 अगस्त 2026 होगी। पूर्व में यह सुविधा 30 सितंबर 2026 तक जारी रहने वाली थी।
$52.3 बिलियन की FCNR(B) आवक से लिक्विडिटी मजबूत
RBI द्वारा जारी आंकड़ों के अनुसार, इस विशेष स्वैप विंडो के जरिए 13 अगस्त 2026 तक बैंकों ने $52.3 बिलियन मूल्य के FCNR(B) जमा आकर्षित किए हैं।
इस विशेष सुविधा के तीनों घटकों के तहत कुल विदेशी मुद्रा आवक $56.85 बिलियन तक पहुंच गई है:
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FCNR(B) Deposits: ~$52.3 बिलियन
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Overseas Foreign Currency Borrowings: ~$2.8 बिलियन
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External Commercial Borrowings (ECB): ~$1.74 बिलियन
FCNR(B) खातों के माध्यम से अनिवासी भारतीय (NRIs) अपनी विदेशी मुद्रा बचत को भारतीय बैंकिंग प्रणाली में जमा कराते हैं, जिससे देश की विदेशी मुद्रा लिक्विडिटी को मजबूत आधार मिलता है।
प्रमुख समय-सीमाएं और छूट (Key Deadlines)
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31 अगस्त 2026: इस तिथि के बाद जुटाए गए नए FCNR(B) जमा इस स्वैप योजना के पात्र नहीं होंगे।
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11 सितंबर 2026: 31 अगस्त तक जुटाए गए पात्र जमा पर बैंक 11 सितंबर तक RBI के साथ स्वैप निष्पादित कर सकते हैं।
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31 दिसंबर 2026: Overseas Foreign Currency Borrowings और External Commercial Borrowings (ECB) से जुड़ी स्वैप सुविधाएं 31 दिसंबर तक सुचारू रहेंगी।
भारत के विदेशी मुद्रा भंडार और रुपये पर प्रभाव
विदेशी मुद्रा की इस विशाल आवक ने देश के वित्तीय संतुलन को काफी संबल प्रदान किया है। 7 अगस्त 2026 को समाप्त सप्ताह तक भारत का कुल विदेशी मुद्रा भंडार बढ़कर रिकॉर्ड $707 बिलियन के स्तर पर पहुंच गया।
इस अतिरिक्त डॉलर प्रवाह से बैंकिंग प्रणाली में लिक्विडिटी सुदृढ़ हुई है और Balance of Payments (BoP) को समर्थन मिला है। यद्यपि इससे रुपये पर बाहरी दबाव कम करने में RBI को सहायता मिलेगी, लेकिन रुपये की तात्कालिक विनिमय दर वैश्विक डॉलर सूचकांक और बाजार हस्तक्षेप पर भी निर्भर करेगी।
FAQs (अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न)
Q1. FCNR(B) खाता क्या है?
FCNR(B) यानी Foreign Currency Non-Resident (Bank) खाता अनिवासी भारतीयों (NRIs) द्वारा विदेशी मुद्रा (जैसे USD, GBP, EUR) में भारतीय बैंकों में खोला जाने वाला फिक्स्ड डिपॉजिट खाता है।
Q2. RBI ने स्वैप विंडो को तय समय से पहले क्यों बंद किया?
लक्ष्य से अधिक और $52.3 बिलियन की रिकॉर्ड आवक होने के कारण RBI ने इस विशेष प्रोत्साहन विंडो को 1 महीने पहले बंद करने का फैसला लिया।
Disclaimer (अस्वीकरण):
यह लेख केवल सूचनात्मक एवं शैक्षणिक उद्देश्यों के लिए तैयार किया गया है। इसमें व्यक्त किए गए आंकड़े और विश्लेषण आधिकारिक एवं उपलब्ध वित्तीय रिपोर्टों पर आधारित हैं। इसे किसी भी प्रकार की वित्तीय या निवेश सलाह न माना जाए। निवेश से संबंधित फैसले लेने से पूर्व अपने वित्तीय सलाहकार से परामर्श अवश्य लें।
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