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कानपुर गल्ला मंडी भाव 2026: अनाज और दलहन की कीमतों में स्थिरता, अरहर और सरसों तेल के तेवर तल्ख

Saransh Kanaujia
Saransh Kanaujia - Editor
5 Min Read

कानपुर । शुक्रवार, 29 मई 2026

उत्तर प्रदेश के प्रमुख व्यापारिक केंद्रों में से एक, कानपुर की प्रसिद्ध चकरपुर गल्ला मंडी (अनाज मंडी) में इन दिनों रबी सीजन की फसलों की आवक और मांग के बीच एक दिलचस्प संतुलन देखने को मिल रहा है। नवीनतम बाजार समीक्षा के अनुसार, मंडी में विभिन्न कृषि जिंसों (Agricultural Commodities) की कीमतें ₹1,800 से लेकर ₹16,200 प्रति क्विंटल के बीच दर्ज की गई हैं।

जहां एक ओर अधिकांश अनाजों के भावों में स्थिरता का रुख है, वहीं दूसरी ओर दलहन और तिलहन बाजार में चुनिंदा खाद्यान्नों की कीमतों में तगड़ा उछाल देखा जा रहा है। आइए जानते हैं कानपुर गल्ला मंडी की पूरी ग्राउंड रिपोर्ट और कीमतों का सटीक विश्लेषण।

? गेहूं और मोटे अनाजों का बाजार: स्थिरता का दौर

कानपुर मंडी में इस समय गेहूं की आवक बनी हुई है। बाजार विशेषज्ञों के अनुसार, सरकारी खरीद और स्थानीय मिलर्स की मांग संतुलित होने के कारण गेहूं के भाव एक सीमित दायरे में कारोबार कर रहे हैं।

  • गेहूं दड़ा: ₹2,600 से ₹2,625 प्रति क्विंटल के बीच बिक रहा है।

  • गेहूं फार्म (बढ़िया गुणवत्ता): ₹2,800 से ₹2,850 प्रति क्विंटल दर्ज किया गया।

  • गेहूं (आरआर-21): ₹2,585 से ₹2,750 प्रति क्विंटल के स्तर पर बना हुआ है।

मोटे अनाजों (Millets & Coarse Grains) की बात करें तो बाजार में बहुत ज्यादा उतार-चढ़ाव नहीं है। जौ का भाव ₹2,400 से ₹2,500 प्रति क्विंटल, ज्वार ₹2,100 से ₹2,150 प्रति क्विंटल और बाजरा ₹1,800 से ₹1,900 प्रति क्विंटल के बीच दर्ज किया गया।

? दलहन बाजार: ₹7,200 के पार पहुंची अरहर (तुअर)

इस सप्ताह कानपुर गल्ला मंडी में सबसे ज्यादा हलचल दलहन यानी दालों के बाजार में देखी जा रही है। घरेलू बाजार में मांग बढ़ने और सीमित स्टॉक के चलते अरहर (तुअर) दाल के भाव ₹7,100 से लेकर ₹7,200 प्रति क्विंटल के उच्चतम स्तर पर पहुंच गए हैं, जिससे यह इस समय दलहन वर्ग की सबसे महंगी जिंस बन गई है।

अन्य प्रमुख दालों की स्थिति इस प्रकार है:

  • मसूर: ₹5,800 से ₹6,000 प्रति क्विंटल

  • चना: ₹5,500 से ₹5,600 प्रति क्विंटल

  • मटर: ₹3,900 से ₹4,000 प्रति क्विंटल

?️ तिलहन बाजार में मजबूती: सरसों तेल के दामों में उछाल

त्योहारी और घरेलू मांग के कारण तिलहन बाजार लगातार मजबूत बना हुआ है। सरसों कोल्हू (तेल) का भाव ₹16,100 से ₹16,200 प्रति क्विंटल के रिकॉर्ड स्तर पर कारोबार कर रहा है। इसके साथ ही, पशु आहार के रूप में इस्तेमाल होने वाली सरसों खली के दाम ₹3,200 से ₹3,225 प्रति क्विंटल दर्ज किए गए। वहीं, स्वास्थ्य के प्रति जागरूक उपभोक्ताओं के बीच लोकप्रिय अलसी ₹6,000 से ₹7,000 प्रति क्विंटल के बीच बिक रही है।

? तथ्य-जांच

अक्सर सोशल मीडिया या अनौपचारिक स्रोतों पर मंडी भावों को लेकर कुछ भ्रांतियां फैल जाती हैं। व्यापारियों और किसानों के हित में निम्नलिखित सुधारों और तथ्यों पर ध्यान देना बेहद जरूरी है:

  1. क्या अरहर ₹8,000 पार हो गई है?

    • सुधार: बाजार में कुछ अफवाहें थीं कि अरहर की कीमतें ₹8,000 को छू रही हैं, लेकिन मंडी की आधिकारिक रिपोर्ट के मुताबिक अरहर का अधिकतम भाव ₹7,200 प्रति क्विंटल ही है। सट्टेबाजी से बचें।

  2. कीमतों में अंतर का कारण:

    • यह ध्यान रखना आवश्यक है कि मंडी में फसलों की कीमतें उनके नमी के स्तर (Moisture content) और गुणवत्ता (Quality Grade) पर निर्भर करती हैं। सूखी और साफ फसल को हमेशा ऊपरी बैंड (जैसे गेहूं फार्म के लिए ₹2,850) का भाव मिलता है।

आगे का बाजार रुख (Market Outlook):

कानपुर के स्थानीय आढ़तियों और मंडी व्यापारियों का कहना है कि आगामी दिनों में कीमतों का रुख पूरी तरह से मौसम के मिजाज और नई आवक की रफ्तार पर निर्भर करेगा। यदि आने वाले दिनों में मौसम खराब होता है, तो लॉजिस्टिक्स (परिवहन) प्रभावित होने से कीमतों में अस्थायी तेजी आ सकती है।

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लेखक वर्ष 2011 से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं। अब तक वे इतिहास से जुड़ी चार पुस्तकों का लेखन कर चुके हैं—‘भारत : 1857 से 1957 इतिहास पर एक दृष्टि’, ‘भारत : 1885 से 1950 इतिहास पर एक दृष्टि’, ‘गाँधी जी की राजनीतिक यात्रा के कुछ पन्ने’ और ‘1857 का स्वतंत्रता समर – कारण से परिणाम तक’। पत्रकारिता के क्षेत्र में वे विशेष रूप से राजनीति, अर्थव्यवस्था, सामाजिक विषयों और आध्यात्म से जुड़े समाचारों एवं विषयों पर लेखन करते रहे हैं। वर्षों के पत्रकारिता अनुभव और विभिन्न विषयों पर निरंतर लेखन के माध्यम से उन्होंने समसामयिक घटनाओं के साथ-साथ ऐतिहासिक, सामाजिक और आध्यात्मिक विषयों को भी पाठकों तक पहुँचाने का प्रयास किया है।