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हल्के वाहनों को मुंबई में घुसने पर अब नहीं देना होगा टोल टैक्स

Saransh Kanaujia
Saransh Kanaujia - Editor
3 Min Read

मुंबई. महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव से पहले मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने आम वाहन चालकों को राहत देने के लिए बड़ा फैसला लिया है। मुंबई में एंट्री प्वाइंट पर सभी पांच टोल बूथों पर हल्के मोटर वाहनों (एलएमवी) के लिए पूर्ण टोल छूट प्रदान की जाएगी। राज्य कैबिनेट की बैठक में इस संबंध में बड़ी घोषणा की गई। यह फैसला आज रात 12 बजे से लागू हो जाएगा। विधानसभा चुनाव की आचार संहिता लागू होने से पहले इसे महायुति सरकार का मास्टरस्ट्रोक माना जा रहा है।

किसी भी टोल बूथ पर छूट?

मुंबई में प्रवेश करने वाले सभी पांच टोल गेटों दहिसर, मुलुंड – एलबीएस, आनंदनगर, ऐरोली और वाशी पर हल्के मोटर वाहनों को पूर्ण टोल छूट दी जाएगी। राज्य कैबिनेट की बैठक में इस संबंध में बड़ी घोषणा की गई। फिलहाल हल्के मोटर वाहनों से 45 रुपये टोल वसूला जाता है, इससे राहत मिली है।

तीन कैबिनेट बैठकों में 30 से ज्यादा घोषणाएं

पहले से ही अनुमान लगाया जा रहा था कि पिछली कई बैठकों में अहम फैसले कर चुकी महायुति सरकार इस बैठक में भी बड़ी घोषणाएं कर सकती है। पिछली तीन कैबिनेट बैठकों में 30 से ज्यादा घोषणाएं की गई। इसी के तहत मुंबई में वाहन चालकों को राहत देने के लिए बड़ा फैसला लिया गया है।

किसानों को देंगे राहत?

लोकसभा चुनाव में किसानों के मुद्दे पर महाराष्ट्र में महायुति सरकार को झटका लगा था। इसलिए चर्चा है कि राज्य सरकार कुछ दिन पहले कैबिनेट बैठक में किसानों के लिए अहम घोषणा करने की तैयारी में जुट गई है। अनुमान लगाया गया था कि किसानों के लिए कर्ज माफी योजना की घोषणा की जाएगी। सुबह कैबिनेट की बैठककल छुट्टी के दिन भी सामाजिक न्याय विभाग ने सात सरकारी फैसलों की घोषणा की। आगामी विधानसभा चुनावों के लिए आचार संहिता की घोषणा पर नजर रखते हुए आज सुबह 9:30 बजे सह्याद्री गेस्ट हाउस में राज्य कैबिनेट की एक और बैठक बुलाई गई। संकेत हैं कि यह कैबिनेट की आखिरी कैबिनेट होगी।

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साभार : नवभारत टाइम्स

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लेखक वर्ष 2011 से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं। अब तक वे इतिहास से जुड़ी चार पुस्तकों का लेखन कर चुके हैं—‘भारत : 1857 से 1957 इतिहास पर एक दृष्टि’, ‘भारत : 1885 से 1950 इतिहास पर एक दृष्टि’, ‘गाँधी जी की राजनीतिक यात्रा के कुछ पन्ने’ और ‘1857 का स्वतंत्रता समर – कारण से परिणाम तक’। पत्रकारिता के क्षेत्र में वे विशेष रूप से राजनीति, अर्थव्यवस्था, सामाजिक विषयों और आध्यात्म से जुड़े समाचारों एवं विषयों पर लेखन करते रहे हैं। वर्षों के पत्रकारिता अनुभव और विभिन्न विषयों पर निरंतर लेखन के माध्यम से उन्होंने समसामयिक घटनाओं के साथ-साथ ऐतिहासिक, सामाजिक और आध्यात्मिक विषयों को भी पाठकों तक पहुँचाने का प्रयास किया है।