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ईद पर मुंबई में भिड़े में बोहरा और सुन्नी मुसलमान, हुई मारपीट

Saransh Kanaujia
Saransh Kanaujia - Editor
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मुंबई. आज देश में ईद मनाई जा रही है, इधर सोशल मीडिया पर एक वीडियो तेजी से वायरल हो रहा जिसमें मुस्लिम समाज के ही दो जाति आपस में भिड़ती नजर आ रही है। बताया जा रहा कि मामला मुंबई के भिंडी बाजार का है, 29 मार्च की शाम को जब दोनों समाज के लोग नमाज के दौरान ही आमने-सामने आ गए। इस दौरान दोनों जाति समाज के लोगों में जमकर हाथापाई हुई। इसे लेकर पुलिस ने मामला भी दर्ज कर लिया है।

कब हुई ये मारपीट?

मिली जानकारी के मुताबिक, भिंडी बाजार में 29 मार्च शाम बोहरा और सुन्नी समुदाय के लोग शाम की नमाज अदा करने जा रहे थे इसी बीच आपस में आने-जाने को लेकर कहासुनी हुई इसके बाद बात इतनी पढ़ी की मामला हाथापाई तक पहुंच गया है। इस हाथापाई के दौरान पुलिस भी मौजूद थी लेकिन मारपीट का यह सिलसिला जारी रहा।

क्यों हुई यह मारपीट?

प्राथमिक रूप से मिली जानकारी के मुताबिक, भीड़भाड़ अधिक होने और आने जाने का रास्ता कम होने की वजह से दोनों के बीच कुछ विवाद हुआ और यह विवाद झड़प में तब्दील हो गया। बताया जा रहा है कि यहीं दोनों समुदायों की मस्जिद हैं और शाम के वक्त भीड़ ज्यादा होने की वजह से फूल गली की मस्जिद में जाने वालों को दिक्कतों का सामना करना पड़ता है, जिसकी वजह से कल शाम जमकर हाथापाई हुई और अब यह वीडियो वायरल हो रहा है। आपको बता दें कि भिंडी बाजार का यह इलाका मुस्लिम बाहुल्य इलाका है और यहां बोहरा समुदाय के लोगों की तादाद भी अच्छी खासी है। इसके साथ बोहरा समुदाय की सबसे बड़ी इबादतगाह यहीं है।

मामला हुआ दर्ज

पुलिस सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक, वीडियो वायरल होने के बाद मुंबई के जेजे मार्ग पुलिस स्टेशन में एक FIR रजिस्टर हुई है। पुलिस अब विवाद कैसे शुरू हुआ किन वजह से हुआ इन सभी मामलों में जांच कर रही है, फिलहाल मामला शांत है।

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साभार : इंडिया टीवी

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लेखक वर्ष 2011 से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं। अब तक वे इतिहास से जुड़ी चार पुस्तकों का लेखन कर चुके हैं—‘भारत : 1857 से 1957 इतिहास पर एक दृष्टि’, ‘भारत : 1885 से 1950 इतिहास पर एक दृष्टि’, ‘गाँधी जी की राजनीतिक यात्रा के कुछ पन्ने’ और ‘1857 का स्वतंत्रता समर – कारण से परिणाम तक’। पत्रकारिता के क्षेत्र में वे विशेष रूप से राजनीति, अर्थव्यवस्था, सामाजिक विषयों और आध्यात्म से जुड़े समाचारों एवं विषयों पर लेखन करते रहे हैं। वर्षों के पत्रकारिता अनुभव और विभिन्न विषयों पर निरंतर लेखन के माध्यम से उन्होंने समसामयिक घटनाओं के साथ-साथ ऐतिहासिक, सामाजिक और आध्यात्मिक विषयों को भी पाठकों तक पहुँचाने का प्रयास किया है।