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वियतनाम में बाढ़ ने ली 40 से अधिक लोगों की जान

Saransh Kanaujia
Saransh Kanaujia - Editor
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हनोई. वियतनाम बीते कई दिनों से कुदरत का कहर झेल रहा है. देश में लगातार बारिश के बीच एक खौफनाक घटना हुई है. पानी के पावर से एक पूरा पुल भर-भराकर गिर पड़ा है. पूरा पुल बस कुछ मिनटों में पूरी तरह नदी में ऐसे समा गया जैसे वहां कोई पुल कभी था ही नहीं. इस भयानक घटना का वीडियो भी सामने आया है, जिसमें ढहता हुआ पुल साफ नजर आ रहा है. वीडियो में स्थानीय लोगों के बीच मची चीख-पुकार भी सुनाई दे रही है. कई लोग जान जोखिम में डालकर रिकॉर्डिंग करे भी दिखाई दे रहे हैं.

मध्य वियतनाम में बरिश कहर बनकर बरस रही है. कई इलाकों में भारी बाढ़ आ गई है और इसकी वजह से कम से कम 40 लोगों की मौत की खबर आ चुकी है. इस बीच जो लैम डोंग इलाके में स्थित डा न्हिम नदी से एक भयानक वीडियो सामने आया है, जिसमें एक पूरा पुल टूटकर ढहता दिखाई दे रहा है. दो गावों को जोड़ने वाला ये पुल कई दशकों से आम लोगों के लिए आने-जाने का रास्ता तो था ही, इसके साथ ही व्यापारी भी इसी पुल का इस्तेमाल करते थे. बताया जा रहा है कि स्कूल जाने वाले बच्चे भी इसी पुल से आते-जाते थे.

सामने आए वीडियो में दिख रहा है कि किस तरह पानी के तेज बहाव और लगातार बारिश ने इस पुल की नींव हिला थी और मिनटों में नदी के अंदर ये ब्रिज गायब गो गया. इस घटना के बाद पहले से ही बाढ़ की मार झेल रहे गांव वाले अब बचने का रास्ता ढह जाने से घबराए हुए हैं. बताया जा रहा है कि आपातकालीन दल नुकसान का आकलन करने, निवासियों की सहायता करने और अस्थायी पुल या वैकल्पिक मार्ग स्थापित करने के लिए चौबीसों घंटे काम कर रहे हैं.

साभार : न्यूज18

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यह भी पढ़ें : 1857 का स्वातंत्र्य समर : कारण से परिणाम तक

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लेखक वर्ष 2011 से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं। अब तक वे इतिहास से जुड़ी चार पुस्तकों का लेखन कर चुके हैं—‘भारत : 1857 से 1957 इतिहास पर एक दृष्टि’, ‘भारत : 1885 से 1950 इतिहास पर एक दृष्टि’, ‘गाँधी जी की राजनीतिक यात्रा के कुछ पन्ने’ और ‘1857 का स्वतंत्रता समर – कारण से परिणाम तक’। पत्रकारिता के क्षेत्र में वे विशेष रूप से राजनीति, अर्थव्यवस्था, सामाजिक विषयों और आध्यात्म से जुड़े समाचारों एवं विषयों पर लेखन करते रहे हैं। वर्षों के पत्रकारिता अनुभव और विभिन्न विषयों पर निरंतर लेखन के माध्यम से उन्होंने समसामयिक घटनाओं के साथ-साथ ऐतिहासिक, सामाजिक और आध्यात्मिक विषयों को भी पाठकों तक पहुँचाने का प्रयास किया है।