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वित्त वर्ष 2025-26 की दूसरी तिमाही में भारत की जीडीपी दर 8.2 रहने की संभावना

Saransh Kanaujia
Saransh Kanaujia - Editor
4 Min Read

मुंबई. वित्तीय वर्ष 2025-26 की दूसरी तिमाही में वास्तविक जीडीपी के 8.2% बढ़ने का अनुमान है, जबकि वित्तीय वर्ष 2024-25 की दूसरी तिमाही में ग्रोथ रेट 5.6% थी। राष्ट्रीय सांख्यिकी कार्यालय (एनएसओ), सांख्यिकी और कार्यक्रम कार्यान्वयन मंत्रालय ने वित्त वर्ष 2025-26 की जुलाई–सितंबर तिमाही (दूसरी तिमाही) के लिए सकल घरेलू उत्पाद (जीडीपी) के तिमाही अनुमानों को जारी किया है।  खबर के मुताबिक, ये अनुमान स्थिर (2011-12) कीमतों और वर्तमान कीमतों दोनों आधारों पर, व्यय घटकों सहित प्रस्तुत किए गए हैं।

साथ ही, एनएसओ ने वित्त वर्ष 2023-24, 2024-25 और 2025-26 के लिए विभिन्न आर्थिक क्षेत्रों के सकल मूल्य संवर्धन (जीवीए) के तिमाही और छमाही (अप्रैल–सितंबर) अनुमानों को भी जारी किया है। इन आंकड़ों में बेसिक प्राइसेज़ पर जीवीए के वर्ष-दर-वर्ष प्रतिशत परिवर्तन और GDP के व्यय घटकों के अनुमान, स्थिर व वर्तमान दोनों कीमतों पर शामिल हैं।

तिमाही अनुमान और विकास दर

वित्त वर्ष 2025-26 की दूसरी तिमाही में वास्तविक जीडीपी (स्थिर कीमतों पर) का अनुमान ₹48.63 लाख करोड़ लगाया गया है, जो वित्त वर्ष 2024-25 की समान तिमाही के ₹44.94 लाख करोड़ के मुकाबले 8.2% की वृद्धि दर्शाता है। नाममात्र जीडीपी (वर्तमान कीमतों पर) Q2 FY 2025-26 में ₹85.25 लाख करोड़ आंकी गई है, जबकि Q2 FY 2024-25 में यह ₹78.40 लाख करोड़ थी, जिससे 8.7% की वृद्धि दर्ज हुई है।

वहीं, वास्तविक GVA (स्थिर कीमतों पर) Q2 FY 2025-26 में ₹44.77 लाख करोड़ अनुमानित है, जबकि पिछले वर्ष की इसी तिमाही में यह ₹41.41 लाख करोड़ थी। इस प्रकार 8.1% की वृद्धि दर्ज की गई है। नाममात्र GVA (वर्तमान कीमतों पर) Q2 FY 2025-26 में ₹77.69 लाख करोड़ आंकी गई है, जो Q2 FY 2024-25 के ₹71.45 लाख करोड़ की तुलना में 8.7% की वृद्धि दर्शाती है।

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छमाही अनुमान और विकास दर

वित्त वर्ष 2025-26 की अप्रैल–सितंबर अवधि (H1 2025-26) में वास्तविक GDP (स्थिर कीमतों पर) का अनुमान ₹96.52 लाख करोड़ लगाया गया है, जो H1 2024-25 के ₹89.35 लाख करोड़ की तुलना में 8.0% की वृद्धि दर्शाता है। नाममात्र GDP (वर्तमान कीमतों पर) H1 2025-26 में ₹171.30 लाख करोड़ आंकी गई है, जबकि H1 2024-25 में यह ₹157.48 लाख करोड़ थी। इस आधार पर 8.8% की वृद्धि दर्ज की गई है।

वास्तविक GVA (स्थिर कीमतों पर) H1 2025-26 में ₹89.41 लाख करोड़ अनुमानित है, जबकि H1 2024-25 में यह ₹82.88 लाख करोड़ था। इस प्रकार 7.9% की वृद्धि हुई है। नाममात्र GVA (वर्तमान कीमतों पर) H1 2025-26 में ₹155.94 लाख करोड़ आंकी गई है, जो H1 2024-25 के ₹143.39 लाख करोड़ की तुलना में 8.8% की वृद्धि दर्शाती है।

साभार : इंडिया टीवी

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लेखक वर्ष 2011 से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं। अब तक वे इतिहास से जुड़ी चार पुस्तकों का लेखन कर चुके हैं—‘भारत : 1857 से 1957 इतिहास पर एक दृष्टि’, ‘भारत : 1885 से 1950 इतिहास पर एक दृष्टि’, ‘गाँधी जी की राजनीतिक यात्रा के कुछ पन्ने’ और ‘1857 का स्वतंत्रता समर – कारण से परिणाम तक’। पत्रकारिता के क्षेत्र में वे विशेष रूप से राजनीति, अर्थव्यवस्था, सामाजिक विषयों और आध्यात्म से जुड़े समाचारों एवं विषयों पर लेखन करते रहे हैं। वर्षों के पत्रकारिता अनुभव और विभिन्न विषयों पर निरंतर लेखन के माध्यम से उन्होंने समसामयिक घटनाओं के साथ-साथ ऐतिहासिक, सामाजिक और आध्यात्मिक विषयों को भी पाठकों तक पहुँचाने का प्रयास किया है।