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हमें कठोर परिश्रम से बने भारतीय उत्पादों को बढ़ावा देने के लिए प्रतिबद्ध बनना चाहिए : पीयूष गोयल

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केंद्रीय वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री श्री पीयूष गोयल ने आज भारत न्यूट्रावर्स एक्सपो 2025 को संबोधित करते हुए कहा कि न्यूट्रास्युटिकल्स उद्योग कल घोषित जीएसटी (माल और सेवा कर)  में परिवर्तनकारी बदलावों के बड़े लाभान्वितों में से एक है। उन्होंने कहा कि जीएसटी दरों में कमी से उपभोक्ता मांग में काफी वृद्धि होगी। उन्होंने कहा कि उद्योग अब अधिक बिक्री की अपेक्षा कर सकता है, जो सबके लिए लाभप्रद स्थिति रहेगी। श्री गोयल ने जोर देकर कहा कि व्यवसायों को बड़े अवसरों का लाभ मिलेगा, जबकि उपभोक्ताओं को जीएसटी का पूरा फायदा होगा।

श्री गोयल ने त्योहारों के अवसर पर देश को दिए इस तोहफे के लिए प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री ने स्वतंत्रता दिवस पर घोषणा की थी कि जीएसटी से संबंधित बड़ी और अच्छी खबर आने वाली है। उन्होंने कहा कि किसी को भी यह अनुमान नहीं था कि कल घोषित परिवर्तनकारी सुधारों में उपभोक्ताओं के लाभ के लिए उत्पादों, वस्तुओं और सेवाओं की इतनी विस्तृत श्रृंखला शामिल की जाएगी।

श्री गोयल ने उद्योग जगत से आग्रह किया कि वे जीएसटी दर कम किए जाने से बचे धन का पूरा लाभ उपभोक्ताओं तक पहुंचाना सुनिश्चित करें। उन्होंने रेखांकित किया कि नए ढांचे के तहत कई श्रेणियों पर जीएसटी दर घटाकर 5 प्रतिशत कर दी गई है, जिससे व्यापक क्षेत्र में पर्याप्त बचत हुई है। उन्होंने कहा कि इससे वस्तुओं की मांग को काफी बढ़ावा मिलेगा, क्योंकि कम कीमतें स्वाभाविक रूप से खपत को बढ़ावा देती हैं और उद्योग के विकास को गति प्रदान करती हैं।

श्री गोयल ने उद्योग जगत से प्रधानमंत्री के प्रति दो मज़बूत प्रतिबद्धताओं के निर्वाह का आग्रह किया—पहला, जीएसटी में कटौती से होने वाली बचत का प्रत्येक रुपया उपभोक्ताओं तक पहुंचाना, और दूसरा, स्वदेशी उत्पादों को सक्रिय रूप से बढ़ावा देना। उन्होंने भारतीयों के कठोर श्रम और देश की मिट्टी में पोषित उत्पादों को समर्थन देने की आवश्यकता पर बल दिया। श्री गोयल ने जोर देकर कहा कि जब ऐसे उत्पाद देश के हर कोने तक पहुंचते हैं, तो वे केवल आर्थिक मूल्य ही नहीं, राष्ट्रीय गौरव और आत्मनिर्भरता के भी प्रतीक होते हैं।

श्री गोयल ने इस बात को रेखांकित किया कि इससे कोई फ़र्क़ नहीं पड़ता कि स्वामित्व किसी भारतीय उद्यमी के पास है या किसी विदेशी निवेशक के पास—महत्वपूर्ण यह है कि उत्पाद भारत में निर्मित हों, युवाओं के लिए रोज़गार सृजित करें, स्थानीय समुदायों के लिए अवसर पैदा करें और राष्ट्र के विकास में योगदान दें। उन्होंने कहा कि भारत में निर्मित प्रत्येक उत्पाद 1.4 अरब लोगों की आकांक्षाओं से पूर्ण है और देश के, विकसित भारत 2047 की ओर बढ़ते कदम का प्रतीक है।

श्री गोयल ने कहा कि इससे कोई फ़र्क़ नहीं पड़ता कि कोई कंपनी भारतीय है या विदेशी, जब तक कि वह भारत में निवेश कर रही है, रोज़गार सृजन और अवसर पैदा कर रही है तथा देश की विकास गाथा में योगदान दे रही है। भारत के मज़बूत आर्थिक प्रदर्शन का उल्लेख करते हुए, उन्होंने कहा कि पहली तिमाही में सकल घरेलू उत्पाद (जीडीपी) में 7.8 प्रतिशत की वृद्धि हुई है। उन्होंने कहा कि वैश्विक उथल-पुथल और अनिश्चितता के बावजूद, भारत सबसे तेज़ी से बढ़ती बड़ी अर्थव्यवस्था बना हुआ है और प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के निर्णायक नेतृत्व में, अगले दो दशकों तक सबसे अग्रणी रहेगा।

वाणिज्य और उद्योग मंत्री ने 2047 तक भारत का जीडीपी 4 ट्रिलियन डॉलर से 30 ट्रिलियन डॉलर तक पहुंचाने की सरकार की भविष्यदृष्टि दोहराई और ज़ोर देकर कहा कि भारत एक समृद्ध और विकसित राष्ट्र के रूप में उभरेगा। श्री गोयल ने कहा कि विकसित भारत 2047, 1.4 अरब भारतीयों की सामूहिक प्रतिबद्धता है और अमृत काल की इस यात्रा में योगदान देना प्रत्येक नागरिक का कर्तव्य है। उन्होंने इस बात पर बल दिया कि युवा भारत की प्रतिभा और कौशल के साथ-साथ व्यापार सुगमता, कम कराधान और जीवन सुगम बनाने की सरकार की पहल के साथ, देश गुणवत्तापूर्ण शिक्षा, स्वास्थ्य सेवा और विश्व स्तरीय बुनियादी ढांचे स्थापित कर प्रत्येक बच्चे के लिए बेहतर भविष्य सुनिश्चित करने की दिशा में अग्रसर है।

श्री गोयल ने कहा कि न्यूट्रास्युटिकल्स क्षेत्र द्वारा व्यापक और स्वास्थ्यवर्धक खाद्य उत्पादों द्वारा पोषित स्वस्थ और तंदुरुस्त भारत, देश के विकास की कुंजी है। उन्होंने कहा कि यह क्षेत्र किसानों की मदद के साथ ही सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यमों को भी सहयोग और प्रत्येक भारतीय की स्वास्थ्य सेवा में योगदान दे रहा है। उन्होंने स्वस्थ जीवन में हल्दी के अत्यधिक योगदान, अदरक के गुणकारी लाभों और युवा भारतीयों को गुणवत्तापूर्ण प्रोटीन और पोषण प्रदान करने में प्रोबायोटिक्स की भूमिका का उल्लेख किया।

श्री गोयल ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी यह सुनिश्चित करने को प्रतिबद्ध हैं कि प्रत्येक नागरिक को उच्च-गुणवत्तापूर्ण और स्वस्थ जीवन मिले, और उन्हें सर्वोच्च स्तर की निवारक और उपचारात्मक स्वास्थ्य सेवाओं का लाभ प्राप्त हो। उन्होंने कहा कि यह दृष्टिकोण सर्वोत्तम शिक्षा और अवसर प्रदान करने से जुड़ा है ताकि प्रत्येक भारतीय सम्मानजनक, सुरक्षित और खुशहाल जीवन जी सके।

श्री गोयल ने इस विश्वास के साथ अपना संबोधन समाप्त किया कि भारत न्यूट्रावर्स 2025, उद्योग के लिए सुनहरे भविष्य की शुरुआत होगी और भारत की विकास यात्रा में महत्वपूर्ण योगदान देगी।

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