शनिवार, सितंबर 19 2026 | 03:22:02 PM

बारामूला में आतंकवादियों के तीन मददगार हथियारों के साथ गिरफ्तार

Saransh Kanaujia
Saransh Kanaujia - Editor
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जम्मू. जम्मू-कश्मीर के बारामुला जिले के हरिपोरा इलाके में सुरक्षा बलों ने बड़ी सफलता हासिल करते हुए तीन आतंकवादी सहयोगियों को गिरफ्तार किया है. सुरक्षा अधिकारियों के अनुसार, यह कार्रवाई इलाके में आतंकवादी गतिविधियों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत की गई. गिरफ्तार आरोपियों से भारी मात्रा में हथियार और गोला-बारूद बरामद किया गया है, जिसमें एक AK-47 राइफल, एक मैगजीन, 13 गोलियां, एक पिस्तौल, पिस्तौल के कारतूस, पिस्तौल की मैगजीन और एक वाहन शामिल हैं.

सुरक्षा बलों का कहना है कि यह हथियार और गोला-बारूद आतंकवादी गतिविधियों में इस्तेमाल होने के लिए लाए गए थे. पूछताछ के दौरान यह पता चला है कि आरोपी आतंकवादी समूहों के साथ जुड़े हुए थे और स्थानीय क्षेत्र में आतंकवादी गतिविधियों को बढ़ावा दे रहे थे. अधिकारियों ने बताया कि इस सफलता से आतंकवादी नेटवर्क पर एक बड़ा प्रहार किया गया है और इलाके में सुरक्षा स्थिति को मजबूत किया गया है. फिलहाल ऐसे ही सुरक्षाबल ऐसे ही कार्रवाई जारी रेखेंगे.

बारामूला के एसपी के बयान

बारामुला के एसपी फिरोज़ याहया के अनुसार, तीन आतंकवादी सहयोगियों को ग्रेनेड हमले के मामले में गिरफ्तार किया गया है. यह हमला 163 टेरिटोरियल आर्मी (TA) परिसर में हुआ था, जिसमें एक हाथी ग्रेनेड विस्फोट से MI रूम को नुकसान हुआ था, हालांकि इस घटना में किसी की जान नहीं गई थी.

UAPA के तहत केस दर्ज

एसपी ने बताया कि इस हमले के पीछे अज्ञात आतंकवादियों का हाथ था और इसके बाद मामले में UAPA के तहत केस दर्ज किया गया। जांच के दौरान तकनीकी और इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्य जुटाए गए, जिससे आरोपियों की पहचान हो पाई. गिरफ्तार तीनों आतंकवादी सहयोगियों से एक AK-47 राइफल, एक पिस्तौल, 256 AK राइफल की गोलियां, 21 पिस्तौल के कारतूस और एक हाथी ग्रेनेड बरामद किया गया है. पिछले कुछ महीनों में आतंकवादी सहयोगियों की गिरफ्तारी से सुरक्षा बलों ने आतंकवादी गतिविधियों पर प्रभावी अंकुश लगाया है.

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साभार : टीवी9 भारतवर्ष

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लेखक वर्ष 2011 से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं। अब तक वे इतिहास से जुड़ी चार पुस्तकों का लेखन कर चुके हैं—‘भारत : 1857 से 1957 इतिहास पर एक दृष्टि’, ‘भारत : 1885 से 1950 इतिहास पर एक दृष्टि’, ‘गाँधी जी की राजनीतिक यात्रा के कुछ पन्ने’ और ‘1857 का स्वतंत्रता समर – कारण से परिणाम तक’। पत्रकारिता के क्षेत्र में वे विशेष रूप से राजनीति, अर्थव्यवस्था, सामाजिक विषयों और आध्यात्म से जुड़े समाचारों एवं विषयों पर लेखन करते रहे हैं। वर्षों के पत्रकारिता अनुभव और विभिन्न विषयों पर निरंतर लेखन के माध्यम से उन्होंने समसामयिक घटनाओं के साथ-साथ ऐतिहासिक, सामाजिक और आध्यात्मिक विषयों को भी पाठकों तक पहुँचाने का प्रयास किया है।