रविवार, सितंबर 20 2026 | 07:18:27 AM

विधायकों के निलंबन के विरोध में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने किया प्रदर्शन

Saransh Kanaujia
Saransh Kanaujia - Editor
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भुवनेश्वर. ओडिशा विधानसभा का घेराव करने पहुंचे कांग्रेस नेताओं पर गुरुवार को पुलिस ने लाठियां बरसाईं और वाटर कैनन चलाईं। दर्जनों कार्यकर्ता घायल हो गए। कांग्रेस 14 MLA के निलंबन का विरोध कर रही थी। दरअसल 25 मार्च को कांग्रेस के 12 विधायक निलंबित कर दिए गए थे। इसके बावजूद विधायक प्रदर्शन करते रहे और पूरी रात सदन में बिताई। विधानसभा के बाहर कांग्रेस कार्यकर्ता प्रदर्शन करते रहे।

अगले दिन यानी 26 मार्च को कांग्रेस कार्यकर्ता और निलंबित विधायक विधानसभा के बाहर प्रदर्शन करते रहे। वे विधानसभा की बढ़े तो पुलिस ने उन्हें रोक दिया। इसके बाद जमकर धक्का-मुक्की हुई। सदन के भीतर कांग्रेस के बचे हुए दो विधायकों तारा प्रसाद बाहिनीपति और रमेश जेना ने इस मुद्दे पर प्रदर्शन किया। दोनों सदन की वेल में आकर प्रदर्शन कर रहे थे इसलिए उन्हें भी निलंबित कर दिया गया था।

पुलिस की 80 प्लाटून तैनात

भुवनेश्वर के डिप्टी कमिश्नर ऑफ पुलिस (DCP) जगमोहन मीना ने बताया- विधानसभा की ओर जाने वाली सभी सड़कों पर पुलिस की 80 प्लाटून तैनात की गई हैं। इनमें 10 प्लाटून महिला कर्मियों की हैं। ओडिशा स्विफ्ट एक्शन फोर्स की भी तैनाती की जा रही है। इसका इस्तेमाल दंगों से निपटने के लिए किया जाता है।

अनुशासनहीनता के चलते हुआ निलंबन

कांग्रेस विधायक भाजपा सरकार के आठ महीनों के दौरान महिलाओं के खिलाफ हुए अपराधों की जांच के लिए कमेटी बनाने की मांग कर रहे थे। इसके लिए उन्होंने नारेबाजी की और नारे लिखी तख्तियां लेकर वेल में प्रदर्शन किया। इस पर विधानसभा अध्यक्ष ने अनुशासनहीनता और सदन की गरिमा भंग करने के आरोप में सात दिन के लिए निलंबित कर दिया

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BJD ने विधानसभा में गंगाजल छिड़का

बीजू जनता दल (BJD) के विधायकों ने गुरुवार को विधानसभा में गंगाजल छिड़का। दरअसल निलंबित कांग्रेस विधायकों को सदन से बाहर निकालने के लिए 25 मार्च की रात पुलिस विधानसभा के अंदर गई थी । BJD विधायकों ने कहना था कि विधानसभा में पुलिस आने से सदन अपवित्र हो गया था। विधानसभा को शुद्ध करने के लिए गंगाजल छिड़का। मामले में राजस्व और आपदा प्रबंधन मंत्री सुरेश पुजारी ने कहा, इस पवित्र सदन को शुद्ध करने की कोई आवश्यकता नहीं है। यह हमेशा पवित्र है। वहीं, विधानसभा अध्यक्ष सुरमा पाधी ने परिसर में गंगाजल छिड़कने की आलोचना की। उन्होंने कहा- यह स्वीकार्य नहीं है। सदस्यों को ऐसा नहीं करना चाहिए।

भाजपा ने 24 साल 99 दिन का पटनायक राज खत्म किया

जून, 2024 में लोकसभा के साथ हुए विधानसभा चुनाव के बाद भाजपा ने पहली बार ओडिशा में सरकार बनाई। इससे पहले नवीन पटनायक 5 बार यानी 24 साल 99 दिन तक ओडिशा के CM रहे थे। वे 5 मार्च 2000 को पहली बार मुख्यमंत्री बने थे। अगर इस बार उनकी सरकार बनती तो वे देश में सबसे लंबे समय तक मुख्यमंत्री होने का रिकॉर्ड अपने नाम कर लेते। अभी ये रिकॉर्ड सिक्किम के पवन चामलिंग के नाम है। वे 24 साल 165 दिन तक इस पद पर रहे। अटल बिहारी वाजपेयी के समय भाजपा और BJD का केंद्र और राज्य में गठबंधन था। 2000 और 2004 में BJD-BJP गठबंधन की सरकार थी। 2009 विधानसभा चुनाव से पहले BJD ने भाजपा सेगठबंधन तोड़ लिया था।

साभार : दैनिक भास्कर

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लेखक वर्ष 2011 से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं। अब तक वे इतिहास से जुड़ी चार पुस्तकों का लेखन कर चुके हैं—‘भारत : 1857 से 1957 इतिहास पर एक दृष्टि’, ‘भारत : 1885 से 1950 इतिहास पर एक दृष्टि’, ‘गाँधी जी की राजनीतिक यात्रा के कुछ पन्ने’ और ‘1857 का स्वतंत्रता समर – कारण से परिणाम तक’। पत्रकारिता के क्षेत्र में वे विशेष रूप से राजनीति, अर्थव्यवस्था, सामाजिक विषयों और आध्यात्म से जुड़े समाचारों एवं विषयों पर लेखन करते रहे हैं। वर्षों के पत्रकारिता अनुभव और विभिन्न विषयों पर निरंतर लेखन के माध्यम से उन्होंने समसामयिक घटनाओं के साथ-साथ ऐतिहासिक, सामाजिक और आध्यात्मिक विषयों को भी पाठकों तक पहुँचाने का प्रयास किया है।