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Agni-5 Missile Test with MIRV Technology: भारत की रणनीतिक प्रतिरोधक क्षमता में ऐतिहासिक सफलता

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नई दिल्ली । शुक्रवार, 21 अगस्त 2026
भारत ने अपनी रणनीतिक मिसाइल क्षमता को और अधिक मजबूत करते हुए अग्नि-5 (Agni-5) बैलिस्टिक मिसाइल का सफल उड़ान परीक्षण किया है। ओडिशा तट के डॉ. एपीजे अब्दुल कलाम द्वीप से रक्षा अनुसंधान एवं विकास संगठन (DRDO) और स्ट्रैटेजिक फोर्सेज कमान (SFC) के तत्वावधान में आयोजित इस परीक्षण के दौरान मिसाइल के निर्धारित परिचालन और तकनीकी मानकों को सटीकता से सत्यापित किया गया।
रक्षा विशेषज्ञों के अनुसार, यह सफल परीक्षण भारत की “विश्वसनीय न्यूनतम प्रतिरोधक क्षमता” (Credible Minimum Deterrence) को बढ़ावा देने के साथ-साथ रक्षा क्षेत्र में ‘आत्मनिर्भर भारत’ की दिशा में एक ऐतिहासिक कदम है।

अग्नि-5 की प्रमुख विशेषताएं एवं तकनीकी क्षमताएं

  • 5,000 किलोमीटर से अधिक की रणनीतिक पहुंच: अग्नि-5 भारत की लंबी दूरी की अंतरमहाद्वीपीय बैलिस्टिक मिसाइल (ICBM) प्रणाली का प्रमुख हिस्सा है। 5,000 किमी से अधिक की मारक क्षमता के साथ यह पूरे एशिया महाद्वीप और यूरोप के बड़े हिस्से को अपनी जद में लेती है।
  • MIRV तकनीक (Multiple Independently Targetable Re-entry Vehicle): अग्नि-5 कार्यक्रम में MIRV तकनीक का एकीकरण इसकी सबसे बड़ी ताकत है। इस अत्याधुनिक तकनीक की मदद से एक ही मिसाइल विभिन्न दिशाओं में स्थित अलग-अलग सामरिक लक्ष्यों को एक साथ निशाना बना सकती है।
  • कैनिस्टर-लॉन्च सिस्टम (Canister-launch System): अग्नि-5 में ठोस ईंधन (Solid Fuel) और कैनिस्टर तकनीक का इस्तेमाल किया गया है। इसके कारण मिसाइल को सड़क या रेल नेटवर्क के माध्यम से तेजी से स्थानांतरित और किसी भी मौसम में तुरंत लॉन्च किया जा सकता है।
  • स्वदेशी एवियोनिक्स एवं सेंसर पैकेज: मिसाइल में भारत निर्मित उच्च सटीकता वाले सेंसर और उन्नत एवियोनिक्स लगे हैं, जो वारहेड्स को लक्ष्य तक सटीक निशाना लगाने में मदद करते हैं।

स्ट्रैटेजिक फोर्सेज कमान (SFC) और रक्षा आत्मनिर्भरता

अग्नि-5 का सफल परीक्षण भारत की स्ट्रैटेजिक फोर्सेज कमान (SFC) की परिचालन तैयारियों को प्रदर्शित करता है। अग्नि श्रृंखला की मिसाइलें (Agni-1 से Agni-5) भारत के परमाणु त्रिधनुष (Nuclear Triad) का मुख्य आधार हैं। स्वदेशी तकनीक से विकसित यह प्रणाली वैश्विक पटल पर भारत को उन चुनिंदा देशों (अमेरिका, रूस, चीन, फ्रांस, ब्रिटेन) के समूह में शामिल करती है, जिनके पास MIRV-सक्षम अंतरमहाद्वीपीय क्षमता उपलब्ध है।

बार-बार पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQ)

Q1. अग्नि-5 मिसाइल की मारक क्षमता (Range) कितनी है?
उत्तर: अग्नि-5 मिसाइल की मारक क्षमता 5,000 किलोमीटर से अधिक है।
Q2. MIRV तकनीक क्या होती है?
उत्तर: MIRV (Multiple Independently Targetable Re-entry Vehicle) तकनीक के जरिए एक ही मिसाइल में कई परमाणु/परंपरागत वारहेड लगाए जा सकते हैं, जो अलग-अलग स्थानों पर मौजूद कई भिन्न लक्ष्यों को एक साथ नष्ट कर सकते हैं।
Q3. अग्नि-5 का परीक्षण किस संगठन की देखरेख में किया जाता है?
उत्तर: अग्नि-5 का विकास DRDO द्वारा किया गया है और इसका परिचालन परीक्षण Strategic Forces Command (SFC) की देखरेख में संपन्न होता है।
अस्वीकरण (Disclaimer):
यह लेख रक्षा और सामरिक मामलों से जुड़े सार्वजनिक रूप से उपलब्ध आधिकारिक बयानों एवं समाचार रिपोर्टों पर आधारित है। इसका उद्देश्य केवल सामान्य जानकारी और जागरूकता प्रदान करना है।
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