भोपाल | बुधवार, 15 अप्रैल 2026
राजधानी में नशे के सौदागरों ने पुलिस से बचने के लिए अब ऐसे पैंतरे अपनाने शुरू कर दिए हैं, जिसकी कल्पना करना भी मुश्किल है। भोपाल क्राइम ब्रांच ने एक हाई-प्रोफाइल ड्रग नेटवर्क का भंडाफोड़ किया है, जहाँ कपड़ों को सुखाने वाले वाशिंग मशीन के ड्रायर का इस्तेमाल चरस छिपाने के लिए किया जा रहा था। इस पूरे खेल की मास्टरमाइंड एक महिला निकली, जो अपने शातिर अपराधी पति के साथ मिलकर शहर के युवाओं के रगों में जहर घोल रही थी।
🧺 वाशिंग मशीन में ‘मैली’ सच्चाई: 7 लाख की चरस जब्त
क्राइम ब्रांच को खुफिया सूचना मिली थी कि अमीरगंज इलाके में एक साधारण से दिखने वाले घर से नशे की बड़ी खेप सप्लाई की जा रही है। जब पुलिस टीम ने नौशीन खान के घर पर दबिश दी, तो पहली नजर में सब सामान्य लगा। लेकिन गहन तलाशी के दौरान जब पुलिस की नजर वाशिंग मशीन पर पड़ी, तो होश उड़ गए। ड्रायर के अंदर कपड़ों के बीच 1 किलो 630 ग्राम चरस छिपाई गई थी।
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बाजार मूल्य: बरामद चरस की कीमत करीब 7 लाख रुपये आंकी गई है।
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बरामदगी: ड्रग्स के साथ ही इलेक्ट्रॉनिक तौल कांटा और मोबाइल फोन भी जब्त किए गए हैं।
👥 ‘जावेद चिकना’ और पत्नी का खौफनाक नेटवर्क
पुलिस जांच में सनसनीखेज खुलासा हुआ है कि पकड़ी गई महिला आरोपी नौशीन खान, शहर के कुख्यात बदमाश जावेद चिकना की पत्नी है। जावेद पहले से ही लूट, डकैती और नकबजनी जैसे गंभीर मामलों में आरोपी है।
“जावेद बाहर से माल लाता था, जबकि उसकी पत्नी नौशीन घर के अंदर छोटे-छोटे पैकेट (पुड़िया) बनाकर खुदरा ग्राहकों को सप्लाई करती थी। घर से कारोबार चलाने के पीछे मकसद यह था कि पुलिस और पड़ोसियों को किसी भी तरह का शक न हो।” – पुलिस अधिकारी, क्राइम ब्रांच भोपाल
📍 ऐसे जुड़ी कड़ियां: मंजूर की गिरफ्तारी ने खोला राज
इस बड़े नेटवर्क का पर्दाफाश तब हुआ जब पुलिस ने मंजूर मोहम्मद उर्फ जुनेद को एमपी नगर इलाके से गिरफ्तार किया। मंजूर अपनी एक्टिवा से चरस की होम डिलीवरी करने जा रहा था। जब पुलिस ने उसे कड़ाई से पूछताछ की, तो उसने कबूल किया कि वह यह माल जावेद चिकना की पत्नी से खरीदता है। इसके बाद पुलिस ने जाल बिछाकर मुख्य आरोपियों तक पहुंच बनाई।
🚨 भोपाल में ‘ऑपरेशन क्लीन’ जारी
पिछले कुछ समय में भोपाल पुलिस ने नशे के खिलाफ अभियान तेज कर दिया है। हालिया कार्रवाई के बाद पुलिस अब इस बात की जांच कर रही है:
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सप्लाई चेन: यह चरस किस शहर या राज्य से भोपाल लाई जा रही थी?
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हाई-प्रोफाइल कनेक्शन: क्या इस गिरोह के तार शहर के अन्य बड़े ड्रग पैडलर्स या पार्टियों से जुड़े हैं?
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संपत्ति की जांच: आरोपियों द्वारा अवैध कमाई से बनाई गई संपत्ति का भी ब्यौरा जुटाया जा रहा है।
सावधानी: पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि यदि उनके पड़ोस में किसी भी संदिग्ध गतिविधि या अनजान लोगों की आवाजाही दिखे, तो तुरंत नजदीकी थाने या क्राइम ब्रांच को सूचना दें।
Matribhumisamachar


