शनिवार, सितंबर 19 2026 | 04:59:44 AM

रेखा गुप्ता ने दिल्ली के मुख्यमंत्री पद की शपथ लेने के बाद किया विभागों का बंटवारा

Saransh Kanaujia
Saransh Kanaujia - Editor
2 Min Read

नई दिल्ली. दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने अपने पद की शपथ लेने के बाद अपने 6 कैबिनेट मंत्रियों को विभागों का बंटवारा कर दिया है. मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने खुद के पास सामान्य प्रशासन, सेवाएं, वित्त, राजस्व, महिला एवं बाल कल्याण, भूमि एवं भवन, जनसंपर्क, सतर्कता एवं प्रशासनिक सुधार विभागों की जिम्मेदारी रखी है.

प्रवेश वर्मा को मिली ये विभाग

वहीं भाजपा नेता प्रवेश वर्मा को लोक निर्माण विभाग, विधायी मामले, सिंचाई, बाढ़ नियंत्रण, जल, गुरुद्वारा चुनाव जैसे महत्वपूर्ण विभाग सौंपे गए हैं. आशीष सूद को गृह, बिजली, शहरी विकास, शिक्षा, उच्चतर शिक्षा, तकनीकी शिक्षा और प्रशिक्षण विभागों की जिम्मेदारी दी गई है. मनजिंदर सिंह सिरसा को उद्योग, खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति, वन एवं पर्यावरण और प्लानिंग विभाग का कार्यभार सौंपा गया है. रविंद्र सिंह इंद्राज को समाज कल्याण, एससी और एसटी कल्याण और सहकारिता विभाग का दायित्व दिया गया है.

कपिल मिश्रा को कानून एवं न्याय, श्रम एवं रोजगार, विकास, कला एवं संस्कृति, भाषा और पर्यटन विभाग की जिम्मेदारी दी गई है. डॉ. पंकज कुमार सिंह को स्वास्थ्य, परिवहन और सूचना प्रौद्योगिकी विभाग का प्रभार सौंपा गया है. दिल्ली सरकार के नए मंत्रियों के विभागों का आवंटन यह दिखाता है कि राज्य की प्रशासनिक संरचना में अलग-अलग पहलुओं पर ध्यान दिया गया है. विभागों के यह आवंटन मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता के नेतृत्व में दिल्ली सरकार की योजनाओं को सुचारु रूप से लागू करने की दिशा में एक अहम कदम है.  इन विभागों की जिम्मेदारी संभालने वाले मंत्रियों को जनता की भलाई के लिए योजनाओं को लागू करने की जिम्मेदारी दी गई है, ताकि दिल्ली में समग्र विकास हो सके.

साभार : जी न्यूज

- Advertisement -

भारत : 1885 से 1950 (इतिहास पर एक दृष्टि) व/या भारत : 1857 से 1957 (इतिहास पर एक दृष्टि) पुस्तक अपने घर/कार्यालय पर मंगाने के लिए आप निम्न लिंक पर क्लिक कर सकते हैं

सारांश कनौजिया की पुस्तकें

ऑडियो बुक : भारत 1885 से 1950 (इतिहास पर एक दृष्टि)

Related Post

Share This Article
Follow:
लेखक वर्ष 2011 से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं। अब तक वे इतिहास से जुड़ी चार पुस्तकों का लेखन कर चुके हैं—‘भारत : 1857 से 1957 इतिहास पर एक दृष्टि’, ‘भारत : 1885 से 1950 इतिहास पर एक दृष्टि’, ‘गाँधी जी की राजनीतिक यात्रा के कुछ पन्ने’ और ‘1857 का स्वतंत्रता समर – कारण से परिणाम तक’। पत्रकारिता के क्षेत्र में वे विशेष रूप से राजनीति, अर्थव्यवस्था, सामाजिक विषयों और आध्यात्म से जुड़े समाचारों एवं विषयों पर लेखन करते रहे हैं। वर्षों के पत्रकारिता अनुभव और विभिन्न विषयों पर निरंतर लेखन के माध्यम से उन्होंने समसामयिक घटनाओं के साथ-साथ ऐतिहासिक, सामाजिक और आध्यात्मिक विषयों को भी पाठकों तक पहुँचाने का प्रयास किया है।