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नामांकन जुलूस में पुलिस स्टिकर-सायरन लाइट लगी एसयूवी के प्रयोग पर तेज प्रताप यादव के खिलाफ एफआईआर

Saransh Kanaujia
Saransh Kanaujia - Editor
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पटना. राष्ट्रीय जनता दल के प्रमुख लालू प्रसाद के बड़े बेटे और जनशक्ति जनता दल (जेजेडी) के अध्यक्ष तेज प्रताप यादव पर बिहार के वैशाली जिले की महुआ विधानसभा सीट से नामांकन पत्र दाखिल करने के दौरान आदर्श आचार संहिता के उल्लंघन का मामला दर्ज किया गया है। पुलिस ने रविवार को यह जानकारी दी। मामला 16 अक्टूबर को उनके नामांकन जुलूस के दौरान का है, जब तेज प्रताप यादव को एक प्राइवेट गाड़ी एसयूवी पर पुलिस स्टिकर और सायरन लाइट का इस्तेमाल करते हुए देखा गया।

वायरल वीडियो के आधार पर हुई कार्रवाई

जिला पुलिस की ओर से जारी एक बयान के अनुसार, सोशल मीडिया पर एक वीडियो तेजी से वायरल हुआ था, जिसमें तेज प्रताप यादव को नामांकन जुलूस के दौरान पुलिस लोगो और नीली-लाल बत्ती लगी एक एसयूवी का इस्तेमाल करते हुए देखा गया। इस वीडियो के सामने आने के बाद पुलिस प्रशासन ने संज्ञान लिया।

इसके बाद, महुआ के क्षेत्र अधिकारी ने संबंधित थाने में एक शिकायत दर्ज कराई। इसमें कहा गया, “इसकी गहन जांच की गई और पाया गया कि वाहन पर लगा पुलिस लोगो और नीली लाल बत्ती निजी थी। इसलिए चुनाव आचार संहिता के उल्लंघन का मामला दर्ज किया गया।”

महुआ सीट से चुनाव लड़ रहे तेज प्रताप

तेज प्रताप यादव ने 16 अक्टूबर को अपनी नई पार्टी जनशक्ति जनता दल के उम्मीदवार के रूप में महुआ सीट से नामांकन दाखिल किया था। वहीं, तेज प्रताप ने अपने हलफनामे में अपनी निजी और वित्तीय स्थिति का ब्योरा दिया है, जिसमें उन्होंने बताया है कि उनके पास कुल 2.88 करोड़ की संपत्ति है, जिसमें 91.65 लाख की चल संपत्ति और 1.96 करोड़ की अचल संपत्ति शामिल है।

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साभार : इंडिया टीवी

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लेखक वर्ष 2011 से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं। अब तक वे इतिहास से जुड़ी चार पुस्तकों का लेखन कर चुके हैं—‘भारत : 1857 से 1957 इतिहास पर एक दृष्टि’, ‘भारत : 1885 से 1950 इतिहास पर एक दृष्टि’, ‘गाँधी जी की राजनीतिक यात्रा के कुछ पन्ने’ और ‘1857 का स्वतंत्रता समर – कारण से परिणाम तक’। पत्रकारिता के क्षेत्र में वे विशेष रूप से राजनीति, अर्थव्यवस्था, सामाजिक विषयों और आध्यात्म से जुड़े समाचारों एवं विषयों पर लेखन करते रहे हैं। वर्षों के पत्रकारिता अनुभव और विभिन्न विषयों पर निरंतर लेखन के माध्यम से उन्होंने समसामयिक घटनाओं के साथ-साथ ऐतिहासिक, सामाजिक और आध्यात्मिक विषयों को भी पाठकों तक पहुँचाने का प्रयास किया है।