नई दिल्ली. सुप्रीम कोर्ट ने सोमवार को सभी राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों से कहा है कि वे आठ हफ्तों के भीतर यह बताएं कि छात्रों में मानसिक स्वास्थ्य समस्याओं और आत्महत्या के मामलों से निपटने के लिए अदालत द्वारा तय की गई दिशानिर्देशों को लागू करने की स्थिति क्या है। न्यायमूर्ति विक्रम नाथ और संदीप मेहता की पीठ ने केंद्र सरकार को भी आठ हफ्तों के भीतर अनुपालन हलफनामा (compliance affidavit) दाखिल करने का निर्देश दिया है, जिसमें इन दिशानिर्देशों के क्रियान्वयन के लिए उठाए गए कदमों का विवरण देना होगा।
सुप्रीम कोर्ट ने छात्रों में बढ़ती आत्महत्या को रोकने के लिए राज्यों से उठाए गए कदमों की रिपोर्ट मांगी
लेखक वर्ष 2011 से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं। अब तक वे इतिहास से जुड़ी चार पुस्तकों का लेखन कर चुके हैं—‘भारत : 1857 से 1957 इतिहास पर एक दृष्टि’, ‘भारत : 1885 से 1950 इतिहास पर एक दृष्टि’, ‘गाँधी जी की राजनीतिक यात्रा के कुछ पन्ने’ और ‘1857 का स्वतंत्रता समर – कारण से परिणाम तक’।
पत्रकारिता के क्षेत्र में वे विशेष रूप से राजनीति, अर्थव्यवस्था, सामाजिक विषयों और आध्यात्म से जुड़े समाचारों एवं विषयों पर लेखन करते रहे हैं।
वर्षों के पत्रकारिता अनुभव और विभिन्न विषयों पर निरंतर लेखन के माध्यम से उन्होंने समसामयिक घटनाओं के साथ-साथ ऐतिहासिक, सामाजिक और आध्यात्मिक विषयों को भी पाठकों तक पहुँचाने का प्रयास किया है।
