अयोध्या । बुधवार, 2 सितंबर 2026
अयोध्या स्थित श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट ने मंदिर प्रबंधन और दैनिक प्रशासनिक व्यवस्था को अधिक पेशेवर व संस्थागत बनाने के उद्देश्य से एक ऐतिहासिक और बड़ा फैसला लिया है। ट्रस्ट ने भारतीय वायुसेना के पूर्व अधिकारी रिटायर्ड एयर मार्शल जितेंद्र मिश्रा को अपना पहला पूर्णकालिक मुख्य कार्यकारी अधिकारी (CEO) नियुक्त किया है। यह महत्वपूर्ण निर्णय अयोध्या में आयोजित ट्रस्ट की उच्चस्तरीय बैठक में लिया गया।
इस प्रशासनिक बदलाव के साथ-साथ ट्रस्ट के बोर्ड का विस्तार करते हुए तीन नए प्रमुख सदस्यों को ट्रस्टी के रूप में शामिल किया गया है।
ट्रस्ट में तीन नए ट्रस्टी नियुक्त, पहली बार महिला प्रतिनिधित्व
ट्रस्ट के कार्यों को नई दिशा देने और प्रशासनिक दायरे को मजबूत करने के लिए तीन नए ट्रस्टियों का चयन किया गया है:
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महेश भगचंदका — दिल्ली
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मदन मोहन पांडेय — अयोध्या के वरिष्ठ अधिवक्ता
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डॉ. निर्मला यादव — शिकोहाबाद की सेवानिवृत्त प्राचार्य
ऐतिहासिक उपलब्धि: डॉ. निर्मला यादव के मनोनयन के साथ श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट में पहली बार किसी महिला ट्रस्टी को स्थान मिला है।
कौन हैं एयर मार्शल (रिटायर्ड) जितेंद्र मिश्रा?
श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के पहले सीईओ बने जितेंद्र मिश्रा सैन्य प्रशासन और रणनीतिक प्रबंधन का लंबा अनुभव रखते हैं:
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सैन्य करियर: उन्होंने भारतीय वायुसेना (IAF) में लगभग 40 वर्षों तक अपनी सेवाएं दीं और अप्रैल 2026 में सेवानिवृत्त हुए।
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महत्वपूर्ण पद: वे वायुसेना की Western Air Command के Air Officer Commanding-in-Chief (AOC-in-C) के पद पर कार्यरत रह चुके हैं।
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ऑपरेशनल अनुभव: उन्होंने ‘ऑपरेशन सिंदूर’ के दौरान पश्चिमी वायु अभियानों का कुशल नेतृत्व संभाला था।
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राष्ट्रीय सम्मान: उत्कृष्ट और अदम्य सेवाओं के लिए उन्हें भारत सरकार द्वारा सर्वोत्तम युद्ध सेवा मेडल से सम्मानित किया जा चुका है।
पारदर्शी और कड़ी चयन प्रक्रिया (5,585 आवेदनों में से चयन)
CEO पद के चयन के लिए ट्रस्ट ने एक विस्तृत और पारदर्शी प्रक्रिया अपनाई:
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प्राप्त आवेदन: कुल 5,585 उम्मीदवारों ने आवेदन प्रस्तुत किए थे।
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शॉर्टलिस्टिंग: प्राथमिक जांच के बाद 1,580 उम्मीदवार योग्य पाए गए।
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इंटरव्यू चरण: योग्य उम्मीदवारों में से 108 का ऑनलाइन साक्षात्कार लिया गया।
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अंतिम राउंड: 16 शीर्ष उम्मीदवारों के साथ अयोध्या में आमने-सामने (Personal Interview) वार्ता की गई।
अंत में तीन विशेषज्ञों का एक पैनल तैयार कर ट्रस्ट की बैठक में प्रस्तुत किया गया, जिसमें से एयर मार्शल जितेंद्र मिश्रा के नाम पर अंतिम मुहर लगी।
CEO के रूप में मुख्य दायित्व एवं चुनौतियाँ
राम मंदिर परिसर में श्रद्धालुओं की लगातार बढ़ती संख्या और भविष्य की परियोजनाओं को ध्यान में रखते हुए CEO के निम्नलिखित प्रमुख दायित्व तय किए गए हैं:
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मंदिर की दैनिक प्रशासनिक और वित्तीय प्रक्रियाओं को सुव्यवस्थित करना।
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विशाल स्टाफ और विभिन्न कार्यपालक संस्थाओं का कुशल प्रबंधन।
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अयोध्या आने वाले करोड़ों तीर्थयात्रियों के लिए सुलभ सुविधाओं और दर्शन व्यवस्था का समन्वय।
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परिसर के भविष्य के विकास कार्यों और बुनियादी ढांचा परियोजनाओं को समयबद्ध तरीके से पूरा करना।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQ)
Q1: श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के पहले CEO कौन बने हैं?
उत्तर: भारतीय वायुसेना के सेवानिवृत्त एयर मार्शल जितेंद्र मिश्रा को ट्रस्ट का पहला पूर्णकालिक CEO नियुक्त किया गया है।
Q2: राम मंदिर ट्रस्ट में पहली महिला ट्रस्टी कौन बनी हैं?
उत्तर: शिकोहाबाद की सेवानिवृत्त प्राचार्य डॉ. निर्मला यादव ट्रस्ट की पहली महिला ट्रस्टी बनी हैं।
Q3: CEO पद के चयन के लिए कुल कितने आवेदन प्राप्त हुए थे?
उत्तर: इस पद के लिए देश भर से कुल 5,585 आवेदन प्राप्त हुए थे।
अस्वीकरण (Disclaimer)
यह लेख श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट की आधिकारिक बैठक एवं प्राप्त समाचार रिपोर्टों के आधार पर तैयार किया गया है। इसमें दी गई नियुक्तियों और प्रशासनिक निर्णयों से संबंधित विवरण सार्वजनिक की गई जानकारियों पर आधारित हैं। किसी भी प्रशासनिक बदलाव या नीतिगत अपडेट की अंतिम पुष्टि हेतु ट्रस्ट की आधिकारिक विज्ञप्ति को ही प्रमाण माना जाए।
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