गुरुवार, सितंबर 03 2026 | 06:49:04 AM
Breaking News
Home / व्यापार / Uber Layoffs 2026: उबर का बड़ा फैसला, 3,300 कर्मचारियों की छंटनी; Robotaxi और AI पर बढ़ेगा दांव

Uber Layoffs 2026: उबर का बड़ा फैसला, 3,300 कर्मचारियों की छंटनी; Robotaxi और AI पर बढ़ेगा दांव

Follow us on:

सैन फ्रांसिस्को | गुरुवार, 3 सितंबर 2026
अमेरिकी राइड-हेलिंग और डिलीवरी दिग्गज Uber Technologies ने अपने वैश्विक संगठनात्मक ढांचे को सुव्यवस्थित करने के उद्देश्य से कार्यबल (Workforce) में 10 प्रतिशत की बड़ी कटौती का ऐलान किया है। इस वैश्विक पुनर्गठन (Restructuring) से कंपनी के लगभग 3,300 कर्मचारी सीधे तौर पर प्रभावित होंगे। कोरोना महामारी (मई 2020) के बाद से Uber द्वारा उठाया गया यह अब तक का सबसे बड़ा ‘Workforce Reduction’ कदम माना जा रहा है।

Management Layers कम करना मुख्य लक्ष्य

Uber के मुख्य कार्यकारी अधिकारी (CEO) Dara Khosrowshahi के अनुसार, पिछले पांच वर्षों में कंपनी के कारोबार में तेजी से विस्तार हुआ है। हालांकि, इस वृद्धि के साथ-साथ कंपनी का अंदरूनी संगठनात्मक ढांचा बेहद जटिल हो गया था।
कंपनी का प्राथमिक लक्ष्य अतिरिक्त मैनेजमेंट लेयर्स, बिखरी हुई छोटी टीमों और ओवरलैपिंग जिम्मेदारियों (overlapping responsibilities) को खत्म कर परिचालन को तेज और सुगम बनाना है।
  • 20% मैनेजर पद समाप्त: पुनर्गठन रणनीति के तहत मैनेजरों की कुल संख्या में करीब 20 प्रतिशत की कटौती होगी।
  • Micro-teams पर नकेल: केवल 1 या 2 कर्मचारियों वाली “माइक्रो-टीम्स” की संख्या को लगभग 50% तक घटाने का निर्णय लिया गया है।

Robotaxi और Future Technology में बढ़ेगा निवेश

Uber इस छंटनी को कंपनी के वित्तीय संकट के बजाय एक रणनीतिक बदलाव (Strategic Shift) के रूप में पेश कर रही है। पुनर्गठन से होने वाली लागत बचत का उपयोग सीधे तौर पर भविष्य के ग्रोथ वर्टिकल्स में किया जाएगा:
  1. Autonomous Vehicles (AVs) & Robotaxi: स्वचालन (Automation) और चालक रहित टैक्सियों के क्षेत्र में गूगल की Waymo और इलोन मस्क की Tesla से मिल रही कड़ी चुनौती का मुकाबला करने के लिए भारी पूंजी निवेश की योजना है।
  2. Next-Gen Ridesharing & Delivery: मुख्य डिलीवरी और राइड-शेयरिंग नेटवर्क में AI-संचालित लॉजिस्टिक्स को एकीकृत करना।

Remote Work पर भी कसेगा शिकंजा

कार्यबल में कटौती के साथ-साथ Uber अपनी ‘Work-Location Strategy’ में भी बड़ा फेरबदल कर रही है:
  • केवल 1% Remote Staff: भविष्य में Uber के केवल 1% कर्मचारी ही पूरी तरह से “Remote Work” की सुविधा का लाभ उठा सकेंगे।
  • Office Return Mandatory: अधिकांश रिमोट कर्मचारियों को ऑफिस लौटने के निर्देश दिए गए हैं।
  • Hybrid Model: हफ्ते में कम से कम 3 दिन दफ्तर से काम करने की हाइब्रिड पॉलिसी को सख्ती से लागू रखा जाएगा।

भारत में Uber India पर पड़ सकता है असर

इस वैश्विक फेरबदल की आंच भारतीय बाजार तक भी पहुँचती दिख रही है। सूत्रों के मुताबिक, Uber India के लगभग 200 से 250 कर्मचारियों की नौकरियां प्रभावित होने की संभावना जताई गई है। अगर ऐसा होता है, तो यह कुछ ही महीनों के भीतर भारतीय कार्यालयों में छंटनी की दूसरी बड़ी लहर होगी।

2020 की महामारी के बाद सबसे बड़ी छंटनी

यह कदम मई 2020 के बाद Uber का सबसे बड़ा जॉब कट है, जब महामारी के दौरान राइड्स की मांग घटने पर 6,700 लोगों को निकाला गया था। हालांकि, 2020 की छंटनी का कारण “व्यापारिक मंदी” था, जबकि 2026 की यह छंटनी “तकनीकी स्वचालन और फ्लैट ऑर्गनाइजेशन” का नतीजा है।

निष्कर्ष

Uber का यह कदम केवल लागत कम करने (Cost Cutting) की कवायद नहीं है, बल्कि पारंपरिक राइड-हेलिंग मॉडल से निकलकर Autonomous Mobility की ओर बढ़ने का एक बड़ा टेक-शिफ्ट है। रोबोटैक्सी और रोबोटिक्स पर दांव लगाकर उबर भविष्य के मोबिलिटी मार्केट में खुद को शीर्ष पर बनाए रखना चाहती है।

Frequently Asked Questions (FAQs)

Q1. Uber कितने कर्मचारियों की छंटनी कर रहा है?
Ans: Uber अपने वैश्विक कार्यबल के लगभग 10% हिस्से यानी 3,300 कर्मचारियों की छंटनी कर रहा है।
Q2. क्या इस छंटनी का असर भारत में Uber India के कर्मचारियों पर पड़ेगा?
Ans: हाँ, Uber India के लगभग 200 से 250 कर्मचारियों की नौकरियों पर इस वैश्विक पुनर्गठन का असर पड़ने का अनुमान है।
Q3. छंटनी से बचने वाले बजट का इस्तेमाल Uber कहाँ करेगा?
Ans: कंपनी इस बजट का इस्तेमाल Autonomous Vehicles (AVs), Robotaxi टेक्नोलॉजी, AI-ड्रिवेन लॉजिस्टिक्स और डिलीवरी बिजनेस को आगे बढ़ाने में करेगी।
Q4. Uber की नई Remote Work Policy क्या है?
Ans: अब केवल 1% कर्मचारी ही फुल-रिमोट काम कर पाएंगे। बाकी कर्मचारियों को हफ्ते में कम से कम 3 दिन ऑफिस आना अनिवार्य होगा।
अस्वीकरण (Disclaimer): यह लेख उपलब्ध वैश्विक समाचारों, विश्लेषणात्मक रिपोर्टों और आधिकारिक बयानों के आधार पर केवल सूचनात्मक और शैक्षणिक उद्देश्यों के लिए तैयार किया गया है। किसी भी वित्तीय या करियर संबंधी निर्णय से पहले आधिकारिक कॉर्पोरेट घोषणाओं का अवलोकन करें।
मित्रों,
मातृभूमि समाचार का उद्देश्य मीडिया जगत का ऐसा उपकरण बनाना है, जिसके माध्यम से हम व्यवसायिक मीडिया जगत और पत्रकारिता के सिद्धांतों में समन्वय स्थापित कर सकें। इस उद्देश्य की पूर्ति के लिए हमें आपका सहयोग चाहिए है। कृपया इस हेतु हमें दान देकर सहयोग प्रदान करने की कृपा करें। हमें दान करने के लिए निम्न लिंक पर क्लिक करें -- Click Here


* 1 माह के लिए Rs 1000.00 / 1 वर्ष के लिए Rs 10,000.00

Contact us

Check Also

हॉर्मुज संकट के बीच एलएनजी की सुरक्षा: भारत और जापान के लिए अपनाई गई अनोखी ‘शिप-टू-शिप’ ट्रांसफर रणनीति

नई दिल्ली । बुधवार, 2 सितंबर 2026 दोस्तों, आज के समय में ऊर्जा सुरक्षा किसी …