चंडीगढ़. पंजाब पुलिस और केंद्रीय जांच एजेंसियों को संगठित अपराध के खिलाफ एक बड़ी सफलता हाथ लगी है। खूंखार जग्गू भगवानपुरिया गिरोह के मुख्य गुर्गे और मोस्ट वांटेड गैंगस्टर अमृतपाल सिंह उर्फ ‘अमृत दलम’ को पूर्वी यूरोपीय देश मोल्दोवा की सीमा पर हिरासत में ले लिया गया है।
ऑपरेशन की मुख्य बातें:
अमृत दलम पिछले काफी समय से पंजाब पुलिस की रडार पर था और हत्या, फिरौती, और गैंगवार जैसे कई गंभीर मामलों में वांछित था। उसे पकड़ने के लिए पंजाब पुलिस ने केंद्रीय एजेंसियों के समन्वय से इंटरपोल (Interpol) के जरिए रेड कॉर्नर नोटिस जारी करवाया था।
-
गिरफ्तारी का स्थान: मोल्दोवा सीमा (पूर्वी यूरोप)।
-
पहचान का आधार: इंटरपोल द्वारा जारी रेड नोटिस।
-
अपराधिक पृष्ठभूमि: जग्गू भगवानपुरिया गैंग का सक्रिय सदस्य; रंगदारी और हत्या के दर्जनों मामले।
DGP गौरव यादव का बयान
पंजाब के पुलिस महानिदेशक (DGP) गौरव यादव ने इस ऑपरेशन की पुष्टि करते हुए कहा कि यह अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपराधियों को पकड़ने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। उन्होंने बताया कि अमृत दलम विदेश में बैठकर पंजाब में अपना नेटवर्क चला रहा था। पुलिस अब विदेश मंत्रालय के साथ मिलकर उसे भारत प्रत्यर्पित (Extradite) करने की कानूनी प्रक्रिया शुरू कर चुकी है।
OFTEC की रडार पर 60 से ज्यादा गैंगस्टर
पंजाब पुलिस की ओवरसीज फ्यूजिटिव ट्रैकिंग सेल (OFTEC) वर्तमान में विदेशों में छिपे करीब 61 गैंगस्टरों की सूची पर काम कर रही है। अमृत दलम की गिरफ्तारी उन सभी के लिए एक कड़ा संदेश है जो विदेश में शरण लेकर भारत में अपराध की साजिश रचते हैं।
आगे क्या होगा?
अब कानूनी और कूटनीतिक औपचारिकताएं पूरी की जा रही हैं। बहुत जल्द एक विशेष टीम उसे लेने के लिए रवाना हो सकती है। भारत आने के बाद उससे पूछताछ में कई अनसुलझे मामलों और गिरोह के अन्य सहयोगियों के बारे में बड़े खुलासे होने की उम्मीद है।
Matribhumisamachar


