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मुरारी लाल चेस्ट हॉस्पिटल में फार्मासिस्ट की गुंडागर्दी, महिला स्टाफ के सामने दी गाली; CMO ने लिया कड़ा एक्शन

Saransh Kanaujia
Saransh Kanaujia - Editor
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कानपुर. उत्तर प्रदेश के कानपुर जिले से स्वास्थ्य विभाग को शर्मसार करने वाला एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। शहर के प्रतिष्ठित मुरारी लाल चेस्ट हॉस्पिटल (Murari Lal Chest Hospital) के स्टाफ रूम में दो वरिष्ठ कर्मचारियों के बीच हुई तीखी नोकझोंक और गाली-गलौज ने अस्पताल प्रशासन की व्यवस्थाओं पर सवाल खड़े कर दिए हैं। मामले का संज्ञान लेते हुए कानपुर के मुख्य चिकित्सा अधिकारी (CMO) डॉ. हरिदत्त नेमि ने आरोपी फार्मासिस्ट के खिलाफ कड़ा एक्शन लिया है।

क्या है पूरा मामला? (Viral Video Details)

वायरल वीडियो करीब 5-6 दिन पुराना बताया जा रहा है। वीडियो में देखा जा सकता है कि अस्पताल के सहायक अनुसंधान अधिकारी (ARO) अपनी कुर्सी पर बैठे हुए हैं। तभी सफेद शर्ट पहने फार्मासिस्ट सुधीर वर्मा कमरे में दाखिल होते हैं और सीधे विवाद शुरू कर देते हैं।

विवाद इतना बढ़ गया कि फार्मासिस्ट ने मर्यादा की सारी सीमाएं लांघ दीं। वीडियो में सुधीर वर्मा को यह कहते सुना जा सकता है:

“बाहर आओ तो तुम्हारी मर्दगिरी निकाल देता हूं, यहां चार महिलाओं के बीच छिपकर बैठे हो।”

हैरानी की बात यह है कि जिस समय यह हंगामा हो रहा था, वहां स्टाफ नर्स और अन्य महिला कर्मचारी भी मौजूद थीं, जो इस अभद्र व्यवहार से असहज नजर आईं। बाद में अन्य सहकर्मियों ने बीच-बचाव कर फार्मासिस्ट को कमरे से बाहर निकाला।

प्रशासनिक एक्शन: फार्मासिस्ट सुधीर वर्मा पद से हटाए गए

वीडियो के सार्वजनिक होते ही स्वास्थ्य विभाग में हड़कंप मच गया। कानपुर के CMO डॉ. हरिदत्त नेमि ने मामले की गंभीरता को देखते हुए तत्काल निम्नलिखित कदम उठाए हैं:

  1. पद से हटाया गया: आरोपी फार्मासिस्ट सुधीर वर्मा को उनके पद से तत्काल प्रभाव से हटा दिया गया है।

  2. विभागीय जांच के आदेश: पूरे मामले की निष्पक्ष जांच के लिए एक टीम गठित की गई है।

  3. कठोर कार्रवाई की चेतावनी: शासन को भेजी जाने वाली रिपोर्ट के आधार पर फार्मासिस्ट पर निलंबन या अन्य अनुशासनात्मक कार्रवाई की जा सकती है।

अस्पताल में सुरक्षा और अनुशासन पर सवाल

कानपुर का यह चेस्ट अस्पताल टीबी और सांस की बीमारियों के इलाज के लिए जाना जाता है। ऐसे संवेदनशील स्थान पर जहां मरीज जीवन-मौत की जंग लड़ रहे हों, वहां कर्मचारियों का ऐसा ‘सड़क छाप’ व्यवहार विभाग की छवि को नुकसान पहुंचा रहा है। स्थानीय लोगों और मरीजों के तीमारदारों ने भी इस घटना पर रोष व्यक्त किया है।

घटना का विवरण मुख्य जानकारी
अस्पताल का नाम मुरारी लाल चेस्ट हॉस्पिटल, कानपुर
मुख्य आरोपी फार्मासिस्ट सुधीर वर्मा
पीड़ित/विपक्षी एआरओ (ARO)
कार्रवाई करने वाले अधिकारी डॉ. हरिदत्त नेमि (CMO, कानपुर)
वर्तमान स्थिति फार्मासिस्ट हटाए गए, जांच जारी

 

matribhumisamachar.com/

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लेखक वर्ष 2011 से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं। अब तक वे इतिहास से जुड़ी चार पुस्तकों का लेखन कर चुके हैं—‘भारत : 1857 से 1957 इतिहास पर एक दृष्टि’, ‘भारत : 1885 से 1950 इतिहास पर एक दृष्टि’, ‘गाँधी जी की राजनीतिक यात्रा के कुछ पन्ने’ और ‘1857 का स्वतंत्रता समर – कारण से परिणाम तक’। पत्रकारिता के क्षेत्र में वे विशेष रूप से राजनीति, अर्थव्यवस्था, सामाजिक विषयों और आध्यात्म से जुड़े समाचारों एवं विषयों पर लेखन करते रहे हैं। वर्षों के पत्रकारिता अनुभव और विभिन्न विषयों पर निरंतर लेखन के माध्यम से उन्होंने समसामयिक घटनाओं के साथ-साथ ऐतिहासिक, सामाजिक और आध्यात्मिक विषयों को भी पाठकों तक पहुँचाने का प्रयास किया है।