हैदराबाद ।
तेलंगाना विधानसभा का मानसून सत्र सोमवार (7 सितंबर 2026) को हंगामेदार मोड़ के साथ शुरू हुआ। सत्तारूढ़ कांग्रेस पार्टी के 1,000 दिन का कार्यकाल पूरा होने के विरोध में मुख्य विपक्षी दल भारत राष्ट्र समिति (BRS) ने सड़क से लेकर विधानसभा परिसर तक आक्रामक रुख अपनाया। BRS के कार्यकारी अध्यक्ष के.टी. रामा राव (KTR), पूर्व मंत्री टी. हरीश राव सहित कई विधायकों को विधानसभा परिसर के बाहर पुलिस ने हिरासत में ले लिया।
क्या है पूरा मामला? (हाई-वोल्टेज ड्रामा)
BRS विधायक और एमएलसी कांग्रेस सरकार की कथित विफलताओं और चुनावी वादे पूरे न करने के खिलाफ विरोध जताने के लिए काले रंग की टी-शर्ट पहनकर पहुंचे थे। टी-शर्ट पर कांग्रेस के “420 वादों की विफलता” और “1,000 दिन की नाकामी” से जुड़े नारे लिखे थे।
विधानसभा के मुख्य द्वार पर पुलिस और सुरक्षा कर्मियों ने नेताओं को आपत्तिजनक नारों वाली टी-शर्ट पहनकर परिसर में जाने से रोक दिया। इसके बाद BRS नेताओं और पुलिस के बीच धक्का-मुक्की हुई। विरोध में टी. हरीश राव ने अपनी टी-शर्ट उतार दी और सदन में जनता के मुद्दे उठाने की मांग की। स्थिति बिगड़ते ही पुलिस ने KTR, हरीश राव और अन्य विधायकों को वैन में बैठाकर हिरासत में ले लिया।
BRS और KTR का रुख
मीडिया से बातचीत में KTR ने कहा कि कांग्रेस सरकार ने 100 दिनों के भीतर चुनावी वादे लागू करने का बॉन्ड पेपर पर वादा किया था। हालांकि, 1,000 दिन बीत जाने के बाद भी किसानों, ऑटो चालकों, आंगनवाड़ी कर्मियों और युवाओं से जुड़ा एक भी बड़ा वादा पूरा नहीं हुआ। BRS प्रमुख के. चंद्रशेखर राव (KCR) ने सदन में सरकार को पूरी मजबूती से घेरने का निर्देश दिया है।
महिला विधायकों के गंभीर आरोप
प्रदर्शन के दौरान BRS विधायक वी. सुनीता लक्ष्मा रेड्डी ने पुलिस पर बल प्रयोग करने और धक्का-मुक्की का आरोप लगाया। वहीं पुलिस प्रशासन का कहना था कि आपत्ति केवल काले कपड़ों से नहीं, बल्कि परिसर के भीतर विवादित और आपत्तिजनक नारों से जुड़ी सामग्री ले जाने से थी।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQ)
प्रश्न 1: 7 सितंबर 2026 को तेलंगाना विधानसभा के बाहर क्या हुआ?
उत्तर: कांग्रेस सरकार के 1,000 दिन पूरे होने पर BRS नेताओं ने काले टी-शर्ट पहनकर प्रदर्शन किया। परिसर में प्रवेश से रोके जाने के बाद पुलिस ने BRS के कार्यकारी अध्यक्ष KTR और हरीश राव को हिरासत में ले लिया।
प्रश्न 2: BRS किस बात का विरोध कर रही है?
उत्तर: BRS का आरोप है कि कांग्रेस ने सत्ता में आने से पहले जो चुनावी वादे (गारंटियां) किए थे, वे 1,000 दिन बीत जाने के बाद भी पूरे नहीं किए गए हैं।
डिस्क्लेमर (Disclaimer)
यह लेख 7 सितंबर 2026 को हैदराबाद में तेलंगाना विधानसभा मानसून सत्र के दौरान हुए घटनाक्रम और मीडिया रिपोर्टों पर आधारित है। इसका उद्देश्य केवल सूचना प्रदान करना है।

