गुरुवार, अगस्त 13 2026 | 01:35:25 PM
Breaking News
Home / राष्ट्रीय / एनआई कोर्ट ने दिल्ली बम ब्लास्ट के आरोपी आमिर और जसीर को 14 दिन की न्यायिक हिरासत में भेजा

एनआई कोर्ट ने दिल्ली बम ब्लास्ट के आरोपी आमिर और जसीर को 14 दिन की न्यायिक हिरासत में भेजा

Follow us on:

नई दिल्ली. दिल्ली के लाल किला के पास हुए कार बम विस्फोट के मामले में स्पेशल एनआईए कोर्ट ने दो मुख्य आरोपियों को अब 14 दिनों की न्यायिक हिरासत में भेज दिया है। आमिर राशिद अली और जसीर बिलाल वानी उर्फ दानिश को एनआईए की कस्टडी अवधि समाप्त होने के बाद पटियाला हाउस कोर्ट में पेश किया गया, जहां जज ने यह फैसला सुनाया।

एक और आरोपी नसीर मल्ला को सात दिन का एनआईए रिमांड
दिल्ली धमाका मामले में एनआईए ने नसीर मल्ला को गिरफ्तार किया। आरोपी को पटियाला हाउस कोर्ट में मंगलवार को पेश किया गया, जहां से उसे सात दिन की रिमांड पर भेजा गया।  आरोपी नसीर मल्ला को गिरफ्तार करने के बाद दिल्ली स्थित पटियाला हाउस कोर्ट में पेश किया गया। कोर्ट में हुई सुनवाई के बाद आरोपी को सात दिनों की एनआईए रिमांड में भेजा गया। अब सात दिनों तक जांच एजेंसी एनआईए मुख्यालय में आरोपी से पूछताछ होगी। आरोपी नासिर मल्ला से जुड़े कई अन्य आरोपियों के बारे में पूछताछ हो सकती है।

दिल्ली धमाके को हुआ एक महीना
राजधानी में 10 नवंबर को लाल किले के पास हुए बम ब्लास्ट को एक महीना हो गया, लेकिन इस आतंकी साजिश के मुख्य मुकदमे की शुरुआत अब तक अदालत में नहीं हो सकी है। धमाके में 15 लोगों की मौत हुई और 20 से अधिक लोग घायल हुए थे । शुरुआत में मामले की जांच दिल्ली पुलिस के स्पेशल सेल के पास थी, लेकिन 18 नवंबर को गृह मंत्रालय ने इसे राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) को सौंप दी।

अब तक सात को एनआईए ने पकड़ा
एनआईए ने अब तक सात प्रमुख आरोपियों को गिरफ्तार किया है। इसमें कथित मास्टरमाइंड और विस्फोटक जुटाने वाले लोग शामिल हैं। सभी आरोपी फिलहाल एनआईए की हिरासत में हैं। हालांकि, पटियाला हाउस कोर्ट में अब तक केवल रिमांड बढ़ाने और आरोपियों की जमानत याचिकाओं पर ही सुनवाई हो रही है। मुख्य मामले का आरोपपत्र चार्जशीट दाखिल करने की प्रक्रिया अभी शुरू भी नहीं हुई है। ऐसे में अंतरराष्ट्रीय लिंक और तकनीकी साक्ष्यों की वजह से जांच में अतिरिक्त समय लग रहा है।

पीड़ित परिवार में बढ़ रहा असंतोष
वकीलों ने कहा कि चार्जशीट दाखिल होने में अभी समय लगेगा, इससे पीड़ित परिवारों में निराशा और असंतोष बढ़ रहा है। कानून कहता है कि चार्जशीट दाखिल करने की 90 दिन की समय-सीमा आमतौर पर पूरी की जाती है, इसलिए अभी कम से कम दो महीने और लग सकते हैं। इस देरी से मृतकों के परिजनों में निराशा है।

पीड़ित परिवार के सदस्यों ने कहा कि हमारे बच्चे की लाश भी ठीक से नहीं मिली थी। एक महीना बीत गया, लेकिन न्याय की कोई उम्मीद नजर नहीं आ रही। आरोपी जेल में आराम से हैं, जबकि हम सड़कों पर भटक रहे हैं। एनआईए के अनुसार, यह एक सफेदपोश आतंकी मॉड्यूल की साजिश थी, जिसमें कश्मीर और फरीदाबाद के डॉक्टरों व धार्मिक व्यक्तियों का नेटवर्क शामिल था। ब्लास्ट में इस्तेमाल वाहन (हुंडई आई20) को अमोनियम नाइट्रेट से लादा गया था और पुलवामा निवासी मुख्य संदिग्ध डॉ. उमर उन-नबी खुद को उड़ा लेने वाला आत्मघाती हमलावर था। जांच में विदेशी हैंडलर्स के लिंक भी सामने आए हैं।

साभार : अमर उजाला

‘गांधी जी की राजनीतिक यात्रा के कुछ पन्ने’ पुस्तक के बारे में जानने के लिए लिंक पर क्लिक करें :

https://matribhumisamachar.com/2025/12/10/86283/

आप इस ई-बुक को पढ़ने के लिए निम्न लिंक पर भी क्लिक कर सकते हैं:

https://www.amazon.in/dp/B0FTMKHGV6

यह भी पढ़ें : 1857 का स्वातंत्र्य समर : कारण से परिणाम तक

मित्रों,
मातृभूमि समाचार का उद्देश्य मीडिया जगत का ऐसा उपकरण बनाना है, जिसके माध्यम से हम व्यवसायिक मीडिया जगत और पत्रकारिता के सिद्धांतों में समन्वय स्थापित कर सकें। इस उद्देश्य की पूर्ति के लिए हमें आपका सहयोग चाहिए है। कृपया इस हेतु हमें दान देकर सहयोग प्रदान करने की कृपा करें। हमें दान करने के लिए निम्न लिंक पर क्लिक करें -- Click Here


* 1 माह के लिए Rs 1000.00 / 1 वर्ष के लिए Rs 10,000.00

Contact us

Check Also

एक मेडिकल छात्रा की क्लोज़-अप तस्वीर, जो हाथ में NEET-PG प्रवेश पत्र और पेन पकड़े हुए है। पृष्ठभूमि में सुप्रीम कोर्ट की इमारत और एक सांकेतिक नक्शा धुंधला (blurred) दिखाई दे रहा है, जिस पर 'डोमिसाइल' (Domicile) और 'राज्य कोटा' (State Quota) के टेक्स्ट ओवरले हैं।

NEET-PG State Quota Counselling 2026: Domicile, MBBS राज्य और आरक्षण नियमों का पूरा सच

नई दिल्ली । बुधवार, 12 अगस्त 2026 NEET-PG 2026 की परीक्षा राष्ट्रीय स्तर पर आयोजित …